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अपने ही जाल में फंसा पाकिस्तान: नए साल में भी बढ़े आतंकी हमले, 2016 के बाद जनवरी में सबसे ज्यादा दहशतगर्द ढेर
Mon, 03 Feb 2025 03:00 PM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद
Published by: श्वेता महतो
Updated Mon, 03 Feb 2025 03:00 PM IST
सार
रिपोर्ट में सुरक्षा बलों द्वारा आतंकवाद विरोधी अभियान पर प्रकाश डाला गया, जिसके कारण जनवरी में कम से कम 185 आतंकवादियों का सफाया हो गया। साल 2016 के बाद से एक महीने में मारे गए आतंकवादियों की सबसे अधिक संख्या दिसंबर 2024 में दर्ज की गई थी।
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आतंकवादी (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : PTI
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विस्तार
पाकिस्तान में इस साल जनवरी में आतंकवादी हमलों में तेजी से वृद्धि हुई है, जो कि पिछले महीने की तुलना में 42 फीसदी अधिक है। पाकिस्तान इंस्टीट्यूट फॉर कॉन्फ्लिक्ट एंड सेक्यूरिटी स्टडीज (पीआईसीएसएस) के डाटा के अनुसार, देशभर में 74 आतंकवादी हमले दर्ज किए गए हैं, जिसमें 91 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में 35 सुरक्षाकर्मी, 20 नागरिक और 36 आतंकी भी शामिल हैं। वहीं 117 लोग घायल भी हुए हैं, जिसमें 53 सुरक्षाकर्मी, 54 नागरिक और 10 आतंकी शामिल हैं।
जनवरी में 185 आतंकवादियों का सफाया
रिपोर्ट में सुरक्षा बलों द्वारा आतंकवाद विरोधी अभियान पर प्रकाश डाला गया, जिसके कारण जनवरी में कम से कम 185 आतंकवादियों का सफाया हो गया। साल 2016 के बाद से एक महीने में मारे गए आतंकवादियों की सबसे अधिक संख्या दिसंबर 2024 में दर्ज की गई थी, जहां 190 आतंकियों को मार गिराया गया था। जनवरी में आतंकी हमलों और सुरक्षा अभियानों में 245 मौतें हुईं, जिसमें 185 आतंकी, 40 सुरक्षाकर्मी और 20 नागरिक हैं। आतंकी हमलों में खैबर पख्तूनख्वा सबसे अधिक प्रभावित प्रांत रहा। इसके बाद बलूचिस्तान का नंबर है। खैबर पख्तूनख्वा में 27 हमले हुए, जिसमें 11 सुरक्षाकर्मियों, छह नागरिक और दो आतंकवादियों समेत 19 की मौतें हुईं।
खैबर पख्तूनख्वा-बलूचिस्तान में सबसे ज्यादा हमले हुए
खैबर पख्तूनख्वा के आदिवासी क्षेत्रों में 19 हमले किए गए, जिसमें 13 सुरक्षा कर्मियों, आठ नागरिक और 25 आतंकवादियों समेत 46 मौतें हुईं। बलूचिस्तान में भी 24 हमले हुए। इन हमलों में 20 की जान चली गई। पंजाब में दो आतंकी हमले हुए, जिसमें एक सुरक्षाकर्मी का जवान घायल हो गया। सिंध और इस्लामाबाद में एक-एक हमले हुए।
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इस महीने दो आत्मघाती बम विस्फोट भी हुए। प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान ने इस विस्फोट की जिम्मेदारी ली। इस साल अपहरण की घटनाओं में भी तेजी से वृद्धि हुई है। सुरक्षा बलों ने खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में अभियान तेज कर आदिवासी जिलों में 67 और इसके पास के इलाकों में 71 और बलूचिस्तान में 47 आतंकवादियों को मार गिराया।
आतंकवादियों ने पुलिस कॉन्स्टेबल की गोली मारकर हत्या की
पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा में सोमवार को पोलियो रोधी टीम की सुरक्षा के लिए तैनात एक पुलिस कॉन्स्टेबल की आतंकवादियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। यह घटना देश भर में जारी पोलिया रोधी अभियान के पहले दिन घटी। कॉन्स्टेबल अब्दुर रजिक अफगानिस्तान की सीमा से लगे खैबर जिले के जमरूद तहसील में पोलियो टीका लगाने वालों की एक टीम में शामिल होने जा रहे थे, तभी आतंकवादियों ने उन पर गोलियां चला दीं। बता दें कि पाकिस्तान और अफगानिस्तान ही ऐसे देश हैं जहां पोलियो का प्रकोप अभी भी बरकरार है।
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जनवरी में 185 आतंकवादियों का सफाया
रिपोर्ट में सुरक्षा बलों द्वारा आतंकवाद विरोधी अभियान पर प्रकाश डाला गया, जिसके कारण जनवरी में कम से कम 185 आतंकवादियों का सफाया हो गया। साल 2016 के बाद से एक महीने में मारे गए आतंकवादियों की सबसे अधिक संख्या दिसंबर 2024 में दर्ज की गई थी, जहां 190 आतंकियों को मार गिराया गया था। जनवरी में आतंकी हमलों और सुरक्षा अभियानों में 245 मौतें हुईं, जिसमें 185 आतंकी, 40 सुरक्षाकर्मी और 20 नागरिक हैं। आतंकी हमलों में खैबर पख्तूनख्वा सबसे अधिक प्रभावित प्रांत रहा। इसके बाद बलूचिस्तान का नंबर है। खैबर पख्तूनख्वा में 27 हमले हुए, जिसमें 11 सुरक्षाकर्मियों, छह नागरिक और दो आतंकवादियों समेत 19 की मौतें हुईं।
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खैबर पख्तूनख्वा-बलूचिस्तान में सबसे ज्यादा हमले हुए
खैबर पख्तूनख्वा के आदिवासी क्षेत्रों में 19 हमले किए गए, जिसमें 13 सुरक्षा कर्मियों, आठ नागरिक और 25 आतंकवादियों समेत 46 मौतें हुईं। बलूचिस्तान में भी 24 हमले हुए। इन हमलों में 20 की जान चली गई। पंजाब में दो आतंकी हमले हुए, जिसमें एक सुरक्षाकर्मी का जवान घायल हो गया। सिंध और इस्लामाबाद में एक-एक हमले हुए।
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इस महीने दो आत्मघाती बम विस्फोट भी हुए। प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान ने इस विस्फोट की जिम्मेदारी ली। इस साल अपहरण की घटनाओं में भी तेजी से वृद्धि हुई है। सुरक्षा बलों ने खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में अभियान तेज कर आदिवासी जिलों में 67 और इसके पास के इलाकों में 71 और बलूचिस्तान में 47 आतंकवादियों को मार गिराया।
आतंकवादियों ने पुलिस कॉन्स्टेबल की गोली मारकर हत्या की
पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा में सोमवार को पोलियो रोधी टीम की सुरक्षा के लिए तैनात एक पुलिस कॉन्स्टेबल की आतंकवादियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। यह घटना देश भर में जारी पोलिया रोधी अभियान के पहले दिन घटी। कॉन्स्टेबल अब्दुर रजिक अफगानिस्तान की सीमा से लगे खैबर जिले के जमरूद तहसील में पोलियो टीका लगाने वालों की एक टीम में शामिल होने जा रहे थे, तभी आतंकवादियों ने उन पर गोलियां चला दीं। बता दें कि पाकिस्तान और अफगानिस्तान ही ऐसे देश हैं जहां पोलियो का प्रकोप अभी भी बरकरार है।