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Pakistan: सैन्य अधिकारी को भ्रष्टाचार रोधी निगरानी संस्था का प्रमुख किया नियुक्त, रह चुके है कॉर्प्स कमांडर
Sat, 04 Mar 2023 11:41 PM IST
वीरेंद्र शर्मा
पीटीआई, इस्लामाबाद
पीटीआई, इस्लामाबाद
Published by: वीरेंद्र शर्मा
Updated Sat, 04 Mar 2023 11:41 PM IST
सार
पाकिस्तानी सेना के पूर्व कोर कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) नजीर अहमद बट को प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और नेशनल असेंबली में विपक्ष के नेता राजा रियाज के साथ शनिवार को विचार-विमर्श करने के बाद एनएबी का अध्यक्ष नियुक्त किया।
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पाकिस्तानी झंडा
- फोटो : pti
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विस्तार
कानून मंत्रालय द्वारा जारी एक अधिसूचना के अनुसार सेवानिवृत्त सैन्य अधिकारी को भ्रष्टाचार रोधी निगरानी संस्था का प्रमुख नियुक्त किया। एनएबी के पूर्व अध्यक्ष आफताब सुल्तान के इस्तीफा देने के बाद यह नियुक्ति की गई है। पाकिस्तानी सेना के पूर्व कोर कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) नजीर अहमद बट को प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और नेशनल असेंबली में विपक्ष के नेता राजा रियाज के साथ शनिवार को विचार-विमर्श करने के बाद एनएबी का अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) बट पेशावर कॉर्प्स कमांडर के रूप में काम कर चुके हैं। 11 कॉर्प्स कमांड से पहले वह इस्लामाबाद के राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय के अध्यक्ष थे। रिपोर्ट में कहा गया है कि रिटायर्ड जनरल बट ने मेजर जनरल के तौर पर दक्षिण वजीरिस्तान में एक डिवीजन की कमान भी संभाली थी।
नियुक्ति को बताया विवादस्पद
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेता फवाद चौधरी ने नए एनएबी प्रमुख की नियुक्ति को विवादास्पद बताया है। फवाद चौधरी ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर कहा कि लाहौर उच्च न्यायालय ने पीटीआई एमएनए के इस्तीफे की अधिसूचना को निलंबित कर दिया था, जिसके बाद पार्टी ने शाह महमूद कुरैशी को अपना विपक्षी नेता नियुक्त किया था। उन्होंने कहा कि परामर्श प्रक्रिया कानूनी रूप से नहीं की गई। उन्होंने ट्वीट किया, एनएबी के अध्यक्ष की नियुक्ति की प्रक्रिया विवादास्पद है, अदालत ने तहरीक-ए-इंसाफ सदस्यों के इस्तीफे की अधिसूचना को निलंबित कर दिया है और तहरीक-ए-इंसाफ ने शाह महमूद कुरैशी को विपक्ष के नेता के रूप में नामित किया है। कानूनी तौर पर परामर्श प्रक्रिया पूरी नहीं की गई।
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फरवरी में दिया था आफताब ने इस्तीफा
पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक, फरवरी में आफताब सुल्तान ने एनएबी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। सुल्तान ने अपने पद से इस्तीफा देने के लिए हस्तक्षेप और दबाव का हवाला दिया था।आफताब सुल्तान ने कहा कि उन्होंने कानून के अनुसार काम करने की कोशिश की और अपने पेशेवर करियर के दौरान अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि राजनीतिक प्रक्रिया और चुनाव की निरंतरता आवश्यक थी।
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मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) बट पेशावर कॉर्प्स कमांडर के रूप में काम कर चुके हैं। 11 कॉर्प्स कमांड से पहले वह इस्लामाबाद के राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय के अध्यक्ष थे। रिपोर्ट में कहा गया है कि रिटायर्ड जनरल बट ने मेजर जनरल के तौर पर दक्षिण वजीरिस्तान में एक डिवीजन की कमान भी संभाली थी।
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नियुक्ति को बताया विवादस्पद
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेता फवाद चौधरी ने नए एनएबी प्रमुख की नियुक्ति को विवादास्पद बताया है। फवाद चौधरी ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर कहा कि लाहौर उच्च न्यायालय ने पीटीआई एमएनए के इस्तीफे की अधिसूचना को निलंबित कर दिया था, जिसके बाद पार्टी ने शाह महमूद कुरैशी को अपना विपक्षी नेता नियुक्त किया था। उन्होंने कहा कि परामर्श प्रक्रिया कानूनी रूप से नहीं की गई। उन्होंने ट्वीट किया, एनएबी के अध्यक्ष की नियुक्ति की प्रक्रिया विवादास्पद है, अदालत ने तहरीक-ए-इंसाफ सदस्यों के इस्तीफे की अधिसूचना को निलंबित कर दिया है और तहरीक-ए-इंसाफ ने शाह महमूद कुरैशी को विपक्ष के नेता के रूप में नामित किया है। कानूनी तौर पर परामर्श प्रक्रिया पूरी नहीं की गई।
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फरवरी में दिया था आफताब ने इस्तीफा
पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक, फरवरी में आफताब सुल्तान ने एनएबी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। सुल्तान ने अपने पद से इस्तीफा देने के लिए हस्तक्षेप और दबाव का हवाला दिया था।आफताब सुल्तान ने कहा कि उन्होंने कानून के अनुसार काम करने की कोशिश की और अपने पेशेवर करियर के दौरान अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि राजनीतिक प्रक्रिया और चुनाव की निरंतरता आवश्यक थी।