S Jaishankar: जयशंकर ने एंटनी ब्लिंकन समेत इन नेताओं से की मुलाकात, रणनीतिक साझेदारी समेत कई मुद्दों पर चर्चा
G7 विदेश मंत्रियों की बैठक में भाग लेने के लिए 24-26 नवंबर तक भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर इटली के दौरे पर थे। जहां उन्होंने अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन समेत कई देशों के विदेश मंत्री से मुलाकात की। जिसकी जानकारी उन्होंने अपने सोशल मीडिया के माध्यम से साझा की।
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विस्तार
एस जयशंकर ने मुलाकात की जानकारी देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट कर कहा कि अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन से मिलना हमेशा अच्छा लगता हैं। इस बार इटली के फिउग्गी में मुलाकात हुई, जिसमें दुनिया की स्थिति और भारत-अमेरिका साझेदारी पर चर्चा की, जो आगे बढ़ रही है।
Always good to meet @SecBlinken, this time in Fiuggi, Italy.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) November 26, 2024
Discussed the state of the world and India-US partnership, which continues to move forward.
🇮🇳 🇺🇸 pic.twitter.com/F1r7IfaFdI
भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने G7 विदेश मंत्रियों की बैठक के आउटरीच सत्र के दौरान मंगलवार को जापान के विदेश मंत्री ताकेशी इवाया से मुलाकात की। जिसके जानकारी देते हुए उन्होंने एक्स पर लिखा कि आज जापान के विदेश मंत्री ताकेशी इवाया से मिलकर प्रसन्नता हुई। जयशंकर ने आगे लिखा कि हमने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में हमारी रणनीतिक साझेदारी और सहयोग को आगे बढ़ाने पर विचारों का आदान-प्रदान किया।
Pleased to meet FM Takeshi Iwaya of Japan today.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) November 26, 2024
Exchanged views on advancing our strategic partnership and cooperation in Indo - Pacific.
🇮🇳 🇯🇵 pic.twitter.com/5dhIankWVd
बैठक के दौरान जयशंकर ने इटली के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री एंटोनियो तजानी से मुलाकात की। जिसको लेकर उन्होंने मंगलवा को अपने सोशल मीडिया पर लिखा कि आज इटली के उप प्रधानमंत्री एवं विदेश मंत्री एंटोनियो तजानी के साथ गर्मजोशी भरी मुलाकात हुई। उन्होंने आगे लिखा कि प्रौद्योगिकी, नवाचार, स्वच्छ ऊर्जा, उर्वरक, रेलवे और निवेश में अवसरों पर चर्चा की।
IMEC,और यूक्रेन पर विचारों का आदन-प्रदान- जयशंकर
भारतीय विदेश मंत्री ने आगे लिखा कि हमने IMEC, यूक्रेन और इंडो-पैसिफिक पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। उन्होंने कहा कि हाल ही में घोषित संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना हमारी गतिविधियों का मार्गदर्शन करती है। इसके साथ ही जयशंकर ने अगले साल एंटोनियो तजानी के भारत दौरा को लेकर कहा कि 2025 में भारत में उनका स्वागत करने के लिए तत्पर हूं।
दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्री से मुलाकात पर जताई खुशी
बैठक के दौरान दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्री चो ताए-युल से मुलाकात पर खुशी जताई। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि दक्षिण कोरिया के गणराज्य चो ताए-युल से मिलकर बहुत अच्छा लगा। उन्होंने आगे लिखा कि भारत-प्रशांत क्षेत्र में हमारी बढ़ती हुई अभिसारिता, जीवंत आर्थिक साझेदारी, मजबूत रक्षा संबंध और सक्रिय तकनीकी सहयोग की सराहना करता हूं।
Great to catch up with @FMChoTaeyul of the Republic of Korea.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) November 26, 2024
Appreciate our growing convergences on the Indo - Pacific, vibrant economic partnership, strong defence ties and active tech collaboration.
🇮🇳 🇰🇷 pic.twitter.com/Y7KqPPFH42
अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन और भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर की मुलाकात के बाद एक विज्ञप्ति जारी की। जिसमें लिखा कि विदेश मंत्री एंटनी जे. ब्लिंकन ने इटली के फिउग्गी में जी7 बैठक के दौरान भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर से मुलाकात की। विज्ञाप्ति में आगे कहा गया कि विदेश मंत्री ब्लिंकन और विदेश मंत्री जयशंकर ने द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने के लिए अमेरिका और भारत की स्थायी प्रतिबद्धता की पुष्टि की। विदेश मंत्री ने वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए भारत के साथ निकट समन्वय जारी रखने की अमेरिका की इच्छा को रेखांकित किया।
US State Department Spokesperson Matthew Miller issues a release following the meeting of Secretary of State Antony Blinken with India's EAM S Jaishankar.
— ANI (@ANI) November 26, 2024
Reads, "Secretary of State Antony J. Blinken met with Indian External Affairs Minister Subrahmanyam Jaishankar on the… pic.twitter.com/hzLGjAHVhs
भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर से मुलाकात के बाद अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने ट्वीट किया हम वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए अपने यूरो-अटलांटिक और इंडो-पैसिफिक सहयोगियों के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिसमें रूस के लिए पीआरसी और डीपीआरके का समर्थन भी शामिल है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि हम साथ मिलकर हम ताइवान जलडमरूमध्य, कोरियाई प्रायद्वीप और दक्षिण चीन सागर में एक स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफिक को बढ़ावा दे रहे हैं।
We are working with our Euro-Atlantic and Indo-Pacific allies to address global security challenges, including PRC and DPRK support for Russia. Together, we’re bolstering a free and open Indo-Pacific across the Taiwan Strait, on the Korean Peninsula, and in the South China Sea. pic.twitter.com/73zF6S0gWj
— Secretary Antony Blinken (@SecBlinken) November 26, 2024