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Hong Kong: हांगकांग में समलैंगिक जोड़ों को विरासत और आवास का मिला अधिकार; शीर्ष अदालत ने दिया ऐतिहासिक फैसला

Thu, 28 Nov 2024 12:00 AM IST
शुभम कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, विक्टोरिया
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, विक्टोरिया Published by: शुभम कुमार Updated Thu, 28 Nov 2024 12:00 AM IST
सार

हांगकांग की शीर्ष अदालत ने बुधवार को संलैंगिक विवाहित जोड़ो के अधिकार मामले में एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया। जिसके तहत अदालत ने समलैंगिक जोड़ों को विरासत और आवास के आधिकार को बरकरार रखा।  

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Historic decision of Hong Kong's Supreme Court, homosexual couples get right to inheritance and housing
हांगकांग में समलैंगिक जोड़ों को आवास का मिला अधिकार - फोटो : ani

विस्तार

हांगकांग के शीर्ष अदालत ने बुधवार को एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए समलैंगिक जोड़ों को विरासत और आवासों के अधिकार को बरकरार रखते हुए फैसला सुनाया। हांगकांग शीर्ष अदालत का ये फैसला समलैंगिक अधिकारों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम के तौर पर है। भलेही हांगकांग समलैंगिक विवाह को कानूनी तौर पर मान्यता नहीं देता लेकिन अदालत के इस फैसले ने विदेशों में शादी करने वाले दो जोड़ों के पुराने मामले का खत्म किया। 
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न्यायाधीशों ने सरकार की नीति को बताया भेदभावपूर्ण
इस मामले में सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायाधीश एंड्रयू चेउंग ने कहा कि हांगकांग की आवास नीतियों में समलैंगिक विवाहित जोड़ों को बाहर रखना उचित नहीं है और कल्याण लाभों को बिना भेदभाव के वितरित किया जाना चाहिए। इसके साथ ही न्यायाधीश जोसेफ फॉक और रॉबर्टो रिबेरो ने भी सरकार की नीति को भेदभावपूर्ण बताते हुए उसे सही ठहराने में असफल पाया।
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यहां ये हुई शुरू हुई हक की लड़ाई
अब कुछ समय पीछे चले तो एक मामला था निक इनफिंगर का, जिन्होंने कनाडा में शादी की थी और हांगकांग में सरकारी आवास के लिए आवेदन किया था, लेकिन उनका आवेदन खारिज कर दिया गया था। जानकारी के अनुसार उन्होंने 2018 में हांगकांग की हाउसिंग अथॉरिटी के खिलाफ मुकदमा दायर किया और जीत हासिल की, लेकिन सरकार ने उस फैसले के खिलाफ अपील की।
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इसी तरह एक और मामला था एडगर एनजी का, जिन्होंने हांगकांग सरकार की नीति को जानते हुए कि उनके शादीशुदा पति को सरकारी आवास का हक नहीं है उन्होंने चुनौती दी। हलांकि  2020 में एनजी की मृत्यु हो गई और निचली अदालत ने उनके पक्ष में फैसला सुनाया। 

निक इनफिंगर ने जताई खुशी
न्यायाधीश जोसेफ फॉक और रॉबर्टो रिबेरो ने कहा कि सरकार उत्तराधिकार कानूनों में भेदभाव को सही ठहराने में नाकाम रही है और इसे गैरकानूनी और असंवैधानिक करार दिया। निक इनफिंगर ने हांगकांग की शीर्ष अदालत के फैसले पर अपनी खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि आज का निर्णय समलैंगिक जोड़ों के एक-दूसरे से प्यार करने और साथ रहने के अधिकार को मंजूरी देता है, जो बहुत महत्वपूर्ण है।

जेरोम याउ ने की हांगकांग सरकार से अपील
हांगकांग मैरिज इक्वालिटी नामक वकालत समूह के सह-संस्थापक जेरोम याउ ने कहा कि इस फैसले ने सरकार को स्पष्ट संदेश दिया है कि उसे समलैंगिक विवाहित जोड़ों को वैवाहिक लाभ देने से मना नहीं करना चाहिए। याउ ने यह भी कहा कि यह समय आ गया है कि सरकार यह समझे कि लोगों के यौन अभिविन्यास के आधार पर उनके साथ अलग व्यवहार करना गलत है।

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