फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Hezbollah confirms Hashem Saffieddine death possible successor of Hassan Nasrallah

Hezbollah: हिजबुल्ला ने भी नसरल्ला के उत्तराधिकारी सफीद्दीन की मौत की पुष्टि की, कहा- इस्राइली हमले में गई जान

Thu, 24 Oct 2024 04:26 AM IST
दीपक कुमार शर्मा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बेरूत
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बेरूत Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Thu, 24 Oct 2024 04:26 AM IST
सार

इस्राइली सेना के बाद अब हिजबुल्ला ने भी हसन नसरल्ला के संभावित उत्तराधिकारी हाशेम सफीद्दीन की मौत की पुष्टि की है। सफीद्दीन चार अक्तूबर को बेरूत पर हुए इस्राइली हवाई हमले में मारा गया था। उसके साथ हिजबुल्ला की खुफिया डिवीजन के प्रमुख हुसैन अली हजीमा की भी मौत हो गई थी। 

विज्ञापन
Hezbollah confirms Hashem Saffieddine death possible successor of Hassan Nasrallah
हाशेम सफीद्दीन - फोटो : एएनआई/रॉयटर्स

विस्तार

हिजबुल्ला ने भी समूह के कार्यकारी परिषद के प्रमुख हाशेम सफीद्दीन की मौत की पुष्टि की है। हिजबुल्ला ने एक बयान में कहा कि इस महीने की शुरुआत में बेरूत पर इस्राइली हवाई हमले में सफीद्दीन की मौत हो गई। हालांकि, हिजबुल्ला ने हमले की तारीख का उल्लेख नहीं किया। हिजबुल्ला का यह बयान इस्राइली रक्षा बलों की घोषणा के बाद आया है। इससे पहले, आईडीएफ ने कहा कि चार अक्तूबर को किए गए उनके हमले में हसन नसरल्ला का संभावित उत्तराधिकारी और हिजबुल्ला का नया चीफ बनने का दावेदार हाशेम सफीद्दीन मारा गया है। इस्राइली सेना ने बताया कि सफीद्दीन के साथ ही हिजबुल्ला की खुफिया डिवीजन का प्रमुख हुसैन अली हजीमा भी हमले में ढेर हो गया।

विज्ञापन


हिजबुल्ला ने बयान जारी कर कहा, 'महामहिम सैय्यद हाशेम सफीद्दीन ने अपना अधिकांश जीवन हिजबुल्ला, इस्लामी प्रतिरोध और उसके समाज की सेवा में समर्पित किया है।'
विज्ञापन


हिजबुल्ला के खुफिया मुख्यालय पर हुए हमले में मारा गया सफीद्दीन
इस्राइली सेना ने हाशेम की मौत की पुष्टि करते हुए बुधवार को एक बयान में बताया कि बीते चार अक्तूबर को बेरूत स्थित हिजबुल्ला के भूमिगत खुफिया मुख्यालय को निशाना बनाकर हमला किया गया था। यह मुख्यालय बेरूत के दाहियेह इलाके में स्थित है, जो हिजबुल्ला का गढ़ माना जाता है। आईडीएफ ने कहा कि हमले के वक्त हिजबुल्ला के खुफिया मुख्यालय में 25 से ज्यादा खुफिया विभाग के लोग भी मौजूद थे, जिनमें शीर्ष कमांडर भी शामिल थे। हमले के वक्त हाशेम सफीद्दीन भी खुफिया मुख्यालय में मौजूद था।
विज्ञापन
विज्ञापन


हाशेम सफीद्दीन, हिजबुल्ला प्रमुख रहे हसन नसरल्ला का चचेरा भाई था। हाशेम सफीद्दीन बेहद धार्मिक स्वभाव का व्यक्ति था और उसे भी हसन नसरल्ला की तरह ही ईरान का करीबी बताया जाता था। हिजबुल्ला की कार्यकारी परिषद का प्रमुख होने के साथ ही वह हिजबुल्ला की जिहाद काउंसिल का भी प्रमुख था, ये जिहाद काउंसिल ही हिजबुल्ला के सैन्य संचालन के लिए जिम्मेदार है। 

कौन था हिजबुल्ला का नया प्रमुख हाशेम सफीद्दीन?
जानकारी के मुताबिक, हाशेम सफीद्दीन हिजबुल्ला के कार्यकारी परिषद के प्रमुख के रूप में समूह के राजनीतिक मामलों की देखरेख करता था और जिहाद परिषद में भी शामिल होता था। जो हिजबुल्ला के सैन्य अभियानों का निर्देशन करती है। हसन नसरल्लाह का चचेरा भाई सफीद्दीन काली पगड़ी पहनकर मौलवी का दर्जा साझा करता था, जो पैगंबर मुहम्मद के वंशज होने का संकेत देता है।

अमेरिका ने 2017 में घोषित किया था आतंकी
हाशेम सफीद्दीन को अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने साल 2017 में आतंकी घोषित किया था। सफीद्दीन को उसके आक्रामक बयानों के लिए जाना जाता था। एक समाचार एजेंसी के अनुसार, एक अंतिम संस्कार में, हाशेम सफीद्दीन ने इस्राइल के खिलाफ एक बड़ी धमकी दी, कि दुश्मन को रोने के लिए तैयार रहना चाहिए।

सफीद्दीन के सार्वजनिक बयान अक्सर हिजबुल्ला की उग्रवादी विचारधारा और फलस्तीनी कारणों के साथ एकजुटता को दर्शाते थे। बेरूत में हिजबुल्ला के गढ़ दहियाह में हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान, उसने फलस्तीनी लड़ाकों के प्रति समर्थन दिखाते हुए जोर दिया, हमारा इतिहास, हमारी बंदूकें और हमारे रॉकेट आपके साथ हैं।

अमेरिकी नीति के खिलाफ भी मुखर रहा है सफीद्दीन
विशेषज्ञों का कहना है कि नसरल्ला हिजबुल्ला की कई परिषदों में नेतृत्व की भूमिकाओं के लिए सफीद्दीन को तैयार कर रहा था, जिनमें से कुछ सार्वजनिक रूप से कम दिखाई देते हैं। हाशेम सफीद्दीन अमेरिकी नीति के खिलाफ भी मुखर रहा है, विशेष रूप से ट्रंप प्रशासन के तहत अमेरिकी कार्रवाइयों की आलोचना की।


2017 में, सफीद्दीन ने कहा था कि इस तरह के दबाव हिजबुल्ला को कमजोर नहीं करेंगे बल्कि इसके संकल्प को मजबूत करेंगे। हिजबुल्ला के सामने अभूतपूर्व सैन्य चुनौतियों का सामना करने के साथ, नेतृत्व परिवर्तन महत्वपूर्ण होगा। ऐसी स्थिति में जब संगठन नसरल्ला की मौत के बाद हालात से जूझ रहा है, सफीद्दीन का उदय नसरल्ला की विरासत को जारी रखने या रणनीति में संभावित बदलाव का संकेत दे सकता था। हिजबुल्ला के भविष्य की दिशा को आकार देने में सफीद्दीन की भूमिका महत्वपूर्ण होती। 

संबंधित वीडियो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed