‘क्राइम हैज नो जेंडर’ अभियान: 21 देशों की महिला अपराधियों को पकड़ेगी पुलिस
महाद्वीप की खतरनाक वांछित महिला अपराधियों को पकड़ने के लिए यूरोप पुलिस एजेंसी यूरोपोल ने ‘क्राइम हैज नो जेंडर’ (अपराधियों का कोई लिंग नहीं होता) अभियान चलाया है। एजेंसी ने अपनी अधिकारिक वेबसाइट पर 18 महिला अपराधियों की तस्वीर साझा की है। वेबसाइट पर दावा किया गया है कि 21 देशों की पुलिस इन महिलाओं की तलाश में है। इनमें से ज्यादातर के नाम हत्या, मानव तस्करी और ड्रग्स तस्करी के जैसे अपराधों में दर्ज हैं।
यूरोपोल ने तस्वीरें साझा करते हुए कहा है कि इन अपराधियों को पकड़ने के लिए हमें आम नागरिकों के सहयोग की जरूरत है। लोगों को आमतौर पर ऐसा लगता है कि महिलाएं इतने बड़े अपराध नहीं कर सकती और वे उन अपराधियों को आम लोगों की तरह देखते हैं। जिन महिलाओं की यहां तस्वीरें हैं वे असल में पुरुष अपराधियों से भी ज्यादा बड़े अपराधों को अंजाम दे चुकी हैं।
ज्यादातर महिलाएं हैं मानव-ड्रग्स तस्करी से संबंधित
जिन 18 महिलाओं की तस्वीर वेबसाइट पर साझा की गई है उनमें से अधिकतर मानव तस्करी और ड्रग्स तस्करी में संलिप्त हैं। फ्रांस को नाइजीरियाई नागरिक जेसिका एदोसोमवान की तलाश जसिका पर आरोप है कि वह 60 महिलाओं को लीबिया से फ्रांस लाई थी और वहां देह व्यापार चलाती थी। इसके अलावा हंगरी को नशे का व्यापार और बच्चों की तस्करी करने वाली इल्दिको दुदास की तलाश है।