फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Earthquake of magnitude 7 on the Richter scale hits Myanmar says National Center for Seismology

Earthquake: म्यांमार में दो घंटे में चार बार कांपी धरती; बैंकॉक तक महसूस हुए झटके, पीएम मोदी बोले- मदद करेंगे

Fri, 28 Mar 2025 12:12 PM IST
अभिषेक दीक्षित वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: अभिषेक दीक्षित Updated Fri, 28 Mar 2025 12:12 PM IST
सार

म्यांमार में दो घंटे में चार बार भूकंप आया। इनमें दो झटके तो 12 मिनट के अंदर ही महसूस किए गए। रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 7.2, 7.0, 4.9 और 4.4 मापी गई है। इस तीव्रता के भूकंप अक्सर भारी तबाही मचाते हैं। बैंकॉक में एक निर्माणाधीन ऊंची इमारत भराभरा कर धराशायी हो गई है। भूकंप के झटके भारत, चीन और बांग्लादेश तक महसूस किए गए।

विज्ञापन
Earthquake of magnitude 7 on the Richter scale hits Myanmar says National Center for Seismology
बैंकॉक में भूकंप के बाद का दृश्य - फोटो : PTI

विस्तार

म्यांमार के एक के बाद एक भूकंप के चार तेज झटके महसूस किए गए हैं। शुक्रवार को लगे भूकंप के ये झटके इतने तेज थे कि लोग दहशत में आ गए और अपने घरों-दफ्तरों से बाहर निकल आए। झटके थाईलैंड तक महसूस किए गए। पहला भूकंप सुबह 11 बजकर 50 मिनट पर आया, इसकी तीव्रता 7.2 मापी गई। इसके बाद दूसरा झटका दोपहर 12 बजकर दो मिनट पर आया, इसकी तीव्रता 7 मापी गई। फिर तीसरा झटका एक बजकर सात मिनट पर आया, जिसकी तीव्रता 4.9 मापी गई। लोग खुद को संभाल पाते  कि दोपहर दो बजकर 48 मिनट पर चौथा भूकंप आया।

विज्ञापन


विज्ञापन


भीषण भूकंप के बाद म्यांमार और थाईलैंड में आपातकाल की घोषणा कर दी गई है। बैंकॉक में इसका सबसे ज्यादा असर देखने को मिला। बैंकॉक में स्टॉक एक्सचेंज ने कारोबार स्थगित कर दिया है। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक, रिक्टर पैमाने पर भूकंप की तीव्रता 7.2 और 7.0 रही। पहले दोनों ही भूकंप का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर गहराई में था, जबकि तीसरा जमीन से 22.5 किलोमीटर गहराई में आया।
विज्ञापन
विज्ञापन


पहला झटका सुबह 11.50 बजे आया
Image

12 मिनट बाद दूसरा झटका महसूस हुआ 
Image

तीसरा झटका एक घंटे बाद आया
Image 

चौथा झटका चार तीव्रता का आया
Image

भूकंप में कई इमारतों को नुकसान पहुंचा
कुछ समाचार एजेंसियों ने रिपोर्ट किया है कि शुक्रवार को म्यांमार में 7.7 और 6.4 तीव्रता के दो लगातार भूकंप आए। दावा किया जा रहा है कि म्यांमार के मांडले में इरावदी नदी पर बना सुप्रसिद्ध अवा ब्रिज गिर गया है। भूकंप में कई इमारतों को भी नुकसान पहुंचा है। भूकंप इतना तेज था कि करीब 900 किलोमीटर दूर बैंकॉक में भी इसके झटके महसूस किए गए।

बैंकॉक में निर्माणाधीन इमारत ढह गई: पुलिस
बैंकॉक पुलिस का कहना है कि दोपहर में थाई राजधानी में आए 7.7 तीव्रता के भूकंप में निर्माणाधीन ऊंची इमारत ढह गई। अब तक दो की मौत का बात सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, बैंकॉक के लोकप्रिय चतुचक मार्केट के पास घटना हुई। इस बारे में तत्काल कोई जानकारी नहीं है कि ढहने के समय साइट पर कितने श्रमिक थे?

दहशत में बैंकॉक की जनता
बैंकॉक में रहने वाली एक महिला भूकंप के झटकों से आतंकित दिखी। महिला ने कहा कि हर कोई डरा हुआ है, बच्चे भूखे हैं...घरों के बाहर बैठे हैं...स्थिति बहुत खराब है। प्रधानमंत्री ने आपातकाल की घोषणा की है। इस महिला ने सभी लोगों से बैंकॉक के लिए प्रार्थना करने की अपील भी की।



भारत हर संभव सहायता के लिए तैयार: पीएम मोदी
म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत की ओर से हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया। पीएम मोदी ने 'एक्स' पर लिखा कि म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप के बाद की स्थिति से चिंतित हूं। सभी की सुरक्षा और खुशहाली के लिए प्रार्थना करता हूं। भारत हर संभव सहायता देने के लिए तैयार है। हमने अपने अधिकारियों से तैयार रहने को कहा है। साथ ही विदेश मंत्रालय से म्यांमार और थाईलैंड की सरकारों के साथ संपर्क में रहने को कहा है।

यह भी पढ़ें
'हम सो रहे थे, अचानक धरती कांपने लगी', बंगाल-बिहार समेत कई राज्यों में महसूस हुए भूकंप के झटके 
पड़ोसी देश में कांपी धरती, भूकंप के झटकों से सहमे लोग; रिक्टर स्केल पर 5.5 रही तीव्रता


कोलकाता, इंफाल, मेघालय के पूर्वी गारो हिल्स में हल्के झटके लगे
बैंकॉक में 7.7 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आने के बाद शुक्रवार को कोलकाता, इंफाल और मेघालय के पूर्वी गारो हिल्स जिले में भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए। भूकंप का केंद्र मध्य म्यांमार में था, जो मोनीवा शहर से लगभग 50 किलोमीटर पूर्व में है। कोलकाता और उसके आस-पास के इलाकों से भूकंप के झटके महसूस किए गए। मणिपुर के उखरुल जिले में दोपहर 1:07 बजे भूकंप आया, जिसकी तीव्रता 2.5 दर्ज की गई। मेघालय के पूर्वी गारो हिल्स जिले में भी हल्की तीव्रता का भूकंप आया।

बांग्लादेश में भी भूकंप महसूस किया गया
बांग्लादेश में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए। ढाका और चटगांव सहित बांग्लादेश के कई इलाकों में 7.3 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया। हालांकि, अभी तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। बांग्लादेश मौसम विभाग के मुताबिक, दोपहर 12:25 बजे भूकंप आया, जिसका केंद्र बांग्लादेश सीमा के पास म्यांमार के मांडले में था। ढाका से भूकंप के केंद्र की दूरी 597 किलोमीटर बताई गई।

Earthquake of magnitude 7 on the Richter scale hits Myanmar says National Center for Seismology
भूकंप के झटके - फोटो : अमर उजाला
भूकंप के दौरान क्या करें?
भूकंप के दौरान जितना संभव हो उतना सुरक्षित रहें। इस बात के प्रति सतर्क रहें कि कौन-से भूकंप वास्तव में इसकी पूर्व-चेतावनी देने वाले भूकंप के झटके होते हैं और बाद में बड़ा भूकंप भी आ सकता है। धीरे-धीरे कुछ कदमों तक सीमित हलचल करें जिससे पास में किसी सुरक्षित स्थान पर पहुंच सकें और भूकंप के झटकों के रुकने पर घर में तब तक रहें जब तक कि आपको यह सुनिश्चित हो जाएं कि बाहर निकलना सुरक्षित है।

यदि आप घर के अंदर हों

  • आप यदि घर के अंदर हों तो जमीन पर झुक जाएं, किसी मजबूत मेज अथवा फर्नीचर के किसी हिस्से के नीचे शरण लें या तब तक मजबूती से पकड़कर बैठे रहें जब तक कि भूकंप के झटके न रुक जाएं। यदि आपके पास कोई मेज या डेस्क न हो तो अपने चेहरे तथा सिर को अपने बाजुओं से ढक लें और बिल्डिंग के किसी कोने में झुक कर बैठ जाएं।
  • किसी आंतरिक दरवाजे के लेंटर, किसी कमरे के कोने में, किसी मेज या यहां तक कि किसी पलंग के नीचे रुककर अपने आपको बचाएं।
  • सीसे, खिड़कियों, दरवाजों तथा दीवारों से दूर रहें या ऐसी कोई चीज जो गिर सकती हो (जैसे लाइटिंग फिक्सचर्स या फर्नीचर), से दूर रहें।

यदि आप घर के बाहर हों
  • यदि आप घर के बाहर हों तो जहां हों वहां से आप न हिलें। इसके साथ ही बिल्डिंग, पेड़ों, स्ट्रीट लाइटों तथा बिजली/टेलीफोन आदि की तारों आदि से दूर रहें।
  • यदि आप किसी खुली जगह पर हों तो वहां तब तक रुके रहें जब तक कि भूकंप के झटके न रुक जाएं। सबसे बड़ा खतरा बिल्डिंग के बाहर, निकास द्वारों तथा इसकी बाहरी दीवारों के पास होता है। भूकंप से संबंधित अधिकांश दुर्घटनाएं दीवारों के गिरने, टूटकर गिरने वाले कांच तथा गिरने वाली वस्तुओं के कारण होती हैं।  
यदि किसी चलते वाहन में हों
  • जितनी जल्दी संभव हो सुरक्षा के साथ गाड़ी रोकें तथा गाड़ी में रुके रहें। बिल्डिंग, पेड़ों, ओवरपास, बिजली/टेलीफोन आदि की तारों के पास या नीचे रुकने से बचें।
  • सावधानी से भूकंप के रुकने के बाद आगे बढ़ें अथवा सड़कों, पुलों, रैम्प से बचें जो भूकंप द्वारा क्षतिग्रस्त हुए हो सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed