{"_id":"5eb5072290036b0f162c9d67","slug":"donald-trump-said-to-newspapers-to-return-pulitzer-prize-2020-for-news-on-russian-interference","type":"story","status":"publish","title_hn":"ट्रंप बोले- फर्जी खबरों के लिए मिले पुलित्जर पुरस्कार को लौटा देना चाहिए, ये पत्रकार नहीं चोर हैं","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
ट्रंप बोले- फर्जी खबरों के लिए मिले पुलित्जर पुरस्कार को लौटा देना चाहिए, ये पत्रकार नहीं चोर हैं
Fri, 08 May 2020 12:45 PM IST
देव कश्यप
पीटीआई, वाशिंगटन
पीटीआई, वाशिंगटन
Published by: देव कश्यप
Updated Fri, 08 May 2020 12:45 PM IST
विज्ञापन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को कहा कि रूसी जांच की कवरेज के लिए पुलित्जर पुरस्कार जीतने वाले समाचार-पत्रों को पत्रकारिता के सर्वोच्च सम्मान को लौटा देना चाहिए।
विज्ञापन
ट्रंप ने व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में संवाददाताओं से कहा कि वे पत्रकार नहीं हैं। वे चोर हैं। वे सभी पत्रकार जिन्हें हम पुलित्जर पुरस्कार के साथ देखते हैं उन्हें पुरस्कार लौटाने के लिए मजबूर किया जाना चाहिए क्योंकि वे सभी गलत थे। आपने आज देखा, और दस्तावेज सामने आ रहे हैं जो कह रहे हैं कि रूस के साथ किसी तरह की मिलीभगत नहीं थी।
विज्ञापन
उन्होंने यह बात तब कही जब न्याय मंत्रालय ने कहा कि वह उनके पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जनरल (सेवानिवृत्त) माइकल फिन के अभियोजन को समाप्त कर रहा है। ट्रंप ने कहा कि पुलित्जर पुरस्कार लौटाए जाने चाहिए क्योंकि आपको पता है वे गलत काम के लिए दिए गए। सब फर्जी खबरें थी। उन पुलित्जर पुरस्कारों को तत्काल लौटाया जाना चाहिए और पुलित्जर समिति या जो कोई भी ये पुरस्कार देता है, उनके लिए शर्म की बात है । उन्हें पुलित्जर पुरस्कार उन खबरों के लिए मिले हैं जो गलत साबित हुई।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पुलित्जर पुरस्कार उन लोगों को मिलना चाहिए जिन्होंने सही खबर दी थी और मैं आपको उन नामों की भी लंबी सूची दे सकता हूं, और आपको पता होगा कि मैं किसकी बात कर रहा हूं। ट्रंप ने कहा कि फ्लिन बेकसूर व्यक्ति थे।
उन्होंने कहा कि वह एक भद्र पुरुष थे, उन्हें ओबामा प्रशासन ने निशाना बनाया और उन्हें निशाना इसलिए बनाया गया ताकि राष्ट्रपति को नीचे गिराने की कोशिश कर सकें और उन्होंने जो किया वह शर्म की बात है और मुझे लगता है कि इसकी बड़ी कीमत चुकानी होगी। हमारे देश के इतिहास में ऐसा कभी नहीं हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि पत्रकार निर्वाचित राष्ट्रपति के पीछे पड़े रहे।