Operation Midnight Hammer: 'फोर्डो के अंदर मक्खन की तरह घुसे बंकर बस्टर बम', ईरान में अमेरिकी हमलों पर ट्रंप
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बताया कि कैसे अमेरिका के बंकर बस्टर बम ईरान के फोर्डो परमाणु ठिकाने में मक्खन की तरह धंस गए। उन्होंने कहा कि ईरान फोर्डो के प्रवेश द्वार को बंद करने की कोशिश कर रहा थे, लेकिन अमेरिका के बंकर बस्टर बम उसमें से ऐसे गुजरे, जैसे बिल्कुल मक्खन हो।
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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बताया कि अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर कैसे हमला किया। उन्होंने बताया कि अमेरिका के बी-2 स्टील्थ फाइटर जेट से गिराए गए बंकर बस्टर बम ईरान के फोर्डो परमाणु स्थल में बिल्कुल मक्खन की तरह घुस गए।
एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि ईरान फोर्डो के प्रवेश द्वार को बंद करने की कोशिश कर रहा था, जहां बम के जाने की सबसे अधिक संभवाना थी। लेकिन अमेरिका के बंकर बस्टर बम उसमें से ऐसे गुजरे, जैसे वह बिल्कुल मक्खन हो।
ईरान का परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह से नष्ट हुआ
ट्रंप ने बताया कि 22 जून को अमेरिका ने ईरान के तीन परमाणु ठिकानों- फोर्डो, नतांज और इस्फहान पर ऑपरेशन मिडनाइट हैमर के तहत हमला किया। उन्होंने एक बार फिर दावा किया कि अमेरिकी हमलों से ईरान का परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह से नष्ट हो गया।
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बंकर बस्टर बमों ने फोर्डो को चट्टान के ढेर में बदला
फोर्डो को ईरान का सबसे गोपनीय और मजबूत परमाणु केंद्र माना जाता था। यह एक पहाड़ के नीचे बनाया गया था ताकि दुश्मनों के हमले से बचाया जा सके। लेकिन ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के बंकर बस्टर बमों ने इस ठिकाने को चट्टानों के ढेर में बदल दिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि हमले से पहले साइट से अत्यधिक समृद्ध यूरेनियम को नहीं हटाया गया था, यह दावा इस्राइली अधिकारियों ने न्यूयॉर्क टाइम्स से किया था। ट्रंप ने कहा, 'यह बहुत मुश्किल काम था। बहुत खतरनाक था। लेकिन हमने चुपचाप किया ताकि उन्हें पता न चले कि हम आ रहे हैं।'
ईरान-इस्राइल में बढ़ते संघर्ष के बीच चलाया ऑपरेशन मिडनाइट हैमर
ऑपरेशन मिडनाइट हैमर तब चलाया गया, जब ईरान और इस्राइल के बीच संघर्ष लगातार बढ़ रहा था। दोनों देश 13 जून से एक-दूसरे पर लगातार हमले कर रहे थे। अमेरिका ने दावा किया कि उसने तेहरान को यूरेनियम संवर्धन बंद करने के लिए अल्टीमेटम दिया था। लेकिन ईरान ने ऐसा नहीं किया, जिसके चलते अमेरिका ने हमले किए। इसके लिए अमेरिका ने खतरनाक बमों और मिसाइलों का इस्तेमाल किया, जैसे कि GBU-57 बंकर बस्टर और टॉमहॉक क्रूज मिसाइलें।
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ट्रंप ने दावा किया हमलों से दशकों पीछे चला गया ईरान का परमाणु कार्यक्रम
ट्रंप ने हमले के एक दिन बाद कहा कि अमेरिकी हमले से ईरान का परमाणु कार्यक्रम दशकों पीछे चला गया है। लेकिन संयुक्त राष्ट्र परमाणु निगरानी के प्रमख राफेल ग्रॉसी ने कहा कि ईरान शायद कुछ ही महीनों में फिर से यूरेनियम बनाना शुरू कर सकता है।
कनाडा के साथ अमेरिका की व्यापार वार्ता पर भी बात की
डोनाल्ड ट्रंप ने एक कार्यक्रम में कनाडा के साथ अमेरिकी व्यापार वार्ता पर भी बात की। उन्होंने कहा कि कनाडा के साथ अमेरिका की व्यापार वार्ता तब तक रोक दी जाएगी, जब तक कि वे कुछ करों को कम नहीं कर देते। इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि टिकटॉक के लिए एक खरीदारों का समूह तैयार हो गया है। उन्होंने कहा कि अगले दो सप्ताह में इन खरीदारों के नाम बता दिए जाएंगे। उन्होंने बस इतना कहा कि ये 'बहुत अमीर लोग' हैं।
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