China: 'हिंद महासागर में गुटबाजी से बचें क्षेत्र के सभी देश', चीन द्वारा आयोजित सम्मेलन में बोला मालदीव
China: चीन की मेजबानी में आयोजित दूसरे हिंद महासागर क्षेत्रीय मंच सम्मेलन में मालदीव के उपराष्ट्रपति हुसैन मोहम्मद लतीफ ने कहा कि उनका देश मजबूत संबंधन बनाने, विशेषज्ञता साझा करने और समृद्ध हिंद महासागर की दिशा में मिलकर काम करने को तैयार है।
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हिंद महासागर में सहयोग में क्षेत्र के सभी देशों को शामिल किया जाना चाहिए और समुद्री समुदायों में विकास के लिए गुटबाजी से बचना चाहिए। यह बात शुक्रवार को मालदीव के उपराष्ट्रपति हुसैन मोहम्मद लतीफ ने चीन के युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग में आयोजित एक सम्मेलन में कही।
चीन की मेजबानी में आयोजित दूसरे हिंद महासागर क्षेत्रीय मंच सम्मेलन में लतीफ ने कहा कि उनका देश मजबूत संबंधन बनाने, विशेषज्ञता साझा करने और समृद्ध हिंद महासागर की दिशा में मिलकर काम करने को तैयार है। उन्होंने कहा कि मालदीव के 2011 में सबसे कम विकसित देशों की सूची से बाहर होने के बाद उसने क्षेत्र में शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व और समृद्धि में योगदान देने के लिए हिंद महासागर और उससे परे अपनी साझेदारी को मजबूत करने की मांग की है।
उन्होंने आगे कहा कि हिंद महासागर में सहयोग बिना किसी भेदभाव के समावेशी होना चाहिए और इसमें क्षेत्र के सभी देशों को शामिल किया जाना चाहिए। मालदीव की राजधानी माले में राष्ट्रपति कार्यालय द्वारा जारी अपने भाषण में उन्होंने कहा, 'समावेशिता गुटबाजी को कम करेगी और इस क्षेत्र में हमारे समुद्री समुदायों के विकास और सहयोग में योगदान देगी, जो ऐतिहासिक रूप से शांतिपूर्ण रहा है।' लतीफ मालदीव के नए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू से पहले चीन का दौरा करने वाले पहले उच्च स्तरीय अधिकारी हैं।
चीन ने भारत से सटे रणनीतिक जल क्षेत्र में अपना प्रभाव मजबूत करने के प्रयास में जिबूती में एक सैन्य अड्डा स्थापित किया है और श्रीलंका के हंबनटोटा बंदरगाह को 99 साल के लिए लीज पर अपने कब्जे में ले लिया है। हालांकि, लतीफ ने अपने देश में बीजिंग की परियोजनाओं की प्रशंसा करते हुए कहा कि चीन ने हाल के दशकों में मालदीव की प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा, 'हम अपने संबंधों में एक मजबूत आधार, जन-केंद्रित दृष्टिकोण के लिए एक साझा प्रतिबद्धता साझा करते हैं, जिसका उद्देश्य हमारे राष्ट्रों में सामाजिक विकास, शांति और समृद्धि को आगे बढ़ाना है।'