फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   China summons Nvidia over backdoor security risks in H20 chips

Nvidia: चीन ने एनवीडिया को किया तलब, H20 चिप्स में बैकडोर सुरक्षा जोखिमों को लेकर उठाए सवाल

Thu, 31 Jul 2025 11:23 PM IST
दीपक कुमार शर्मा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Thu, 31 Jul 2025 11:23 PM IST
सार

चीन ने H20 चिप्स में बैकडोर सुरक्षा जोखिमों को लेकर एनवीडिया को तलब किया है। चीन का कहना है कि इन चिप्स को दूर से ट्रैक या बंद किया जा सकता है। हालांकि, एनवीडिया के प्रवक्ता ने कहा, 'साइबर सुरक्षा हमारे लिए महत्वपूर्ण है। एनवीडिया के चिप्स में ऐसे कोई बैकडोर नहीं हैं, जिनसे किसी को भी उन तक पहुंचने या उन्हें नियंत्रित करने का दूरस्थ तरीका मिल सके।' 

विज्ञापन
China summons Nvidia over backdoor security risks in H20 chips
एनवीडिया चिप - फोटो : adobestock

विस्तार

चीन के साइबर स्पेस नियामकों ने बृहस्पतिवार (स्थानीय समयानुसार) को अमेरिका की चिप बनाने वाली कंपनी एनवीडिया को तलब किया है। चीन ने एनवीडिया की H20 चिप्स को लेकर सुरक्षा की चिंता जताई है। चीन का कहना है कि इन चिप्स को दूर से ट्रैक या बंद किया जा सकता है। यह जानकारी चीन के साइबरस्पेस प्रशासन ने अपनी वेबसाइट पर दी है।

विज्ञापन


बैठक में, चीनी नियामकों ने एनवीडिया से चीन में बेचे जाने वाले अपने H20 चिप्स के 'बैकडोर सुरक्षा जोखिमों' पर स्पष्टीकरण देने और संबंधित सामग्री प्रस्तुत करने की मांग की है। इस पर एनवीडिया के प्रवक्ता ने कहा, 'साइबर सुरक्षा हमारे लिए महत्वपूर्ण है। एनवीडिया के चिप्स में ऐसे कोई बैकडोर नहीं हैं, जिनसे किसी को भी उन तक पहुंचने या उन्हें नियंत्रित करने का दूरस्थ तरीका मिल सके।'
विज्ञापन


अमेरिका ने चीन में H20 चिप्स बेचने की दी है अनुमति
यह घटना ऐसे समय में हुई है, जब अमेरिका ने एनवीडिया को चीन में फिर से H20 चिप्स बेचने की अनुमति दी है। करीब दो सप्ताह पहले ही अमेरिका ने इन चिप्स की बिक्री पर लगी रोक हटाई थी। एनवीडिया के CEO जेन्सेन हुआंग ने इस महीने की शुरुआत में बीजिंग में बड़ी घोषणा की थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: India-US Trade Deal: 'भारत का रूस से तेल खरीदना खटक रहा है', ट्रंप की नाराजगी पर बोले मंत्री मार्को रुबियो

अमेरिका और चीन के बीच टेक्नोलॉजी को लेकर बढ़ सकती है होड़
अब यह मामला अमेरिका और चीन के बीच टेक्नोलॉजी की होड़ को और बढ़ा सकता है। दोनों देश अब एक-दूसरे की कंपनियों को लेकर सतर्क हो गए हैं, खासकर राष्ट्रीय सुरक्षा और बाजार की पहुंच के मामलों में। अगर चीन की सुरक्षा चिंताएं बनी रहीं, तो H20 चिप्स की चीन में बिक्री रुक सकती है। चीन का कहना है कि उन्हें अमेरिकी AI विशेषज्ञों से जानकारी मिली है कि एनवीडिया ने ऐसी तकनीक बनाई है, जिससे चिप्स को ट्रैक और दूर से बंद किया जा सकता है।

चीनी अधिकारियों ने एनवीडिया को चीन के कानूनों के अनुसार, काम करने और चीन के यूजर्स की डेटा सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा है। चीन के बयान में यह भी कहा गया है कि अमेरिकी सांसद चाहते हैं कि विदेशों में बेची गई चिप्स में ट्रैकिंग तकनीक जरूरी की जाए। 


अमेरिकी सांसदों ने इस साल एक बिल किया था पेश
इस साल मई में दो अमेरिकी सांसदों ने एक बिल पेश किया था, जिसमें कहा गया था कि उन्नत चिप्स में सुरक्षा फीचर होना चाहिए ताकि तस्करी या गलत इस्तेमाल को रोका जा सके। हालांकि, यह कानून अभी पास नहीं हुआ है। बिल लाने वाले सांसदों में से एक, फोस्टर, जो खुद एक वैज्ञानिक हैं, ने कहा था कि हमारे पास ऐसी तकनीक है, जिससे हम यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि AI जैसी शक्तिशाली टेक्नोलॉजी गलत हाथों में ना जाए।

ये भी पढ़ें: US Tariffs: 'आगे क्या होगा, ये भारत पर निर्भर', अमेरिकी वित्त मंत्री बोले- वार्ता के रवैये से नाराज हैं ट्रंप

चीन में लाखों चिप्स बेचने की एनवीडिया को उम्मीद
अमेरिका अभी भी सबसे उन्नत चिप्स को चीन को बेचने पर रोक लगाए हुए है, क्योंकि दोनों देश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में आगे निकलने की कोशिश कर रहे हैं। H20 चिप्स को एनवीडिया ने इसलिए बनाया था ताकि वह अमेरिका के प्रतिबंधों का पालन करते हुए चीन को कुछ चिप्स बेच सके। अब जबकि रोक हटी है, एनवीडिया को उम्मीद है कि वह चीन में लाखों चिप्स बेच पाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed