Pakistan: कनाडा में पाकिस्तानी सेना पर लगाए गए गंभीर इल्जाम से शरीफ सरकार बिफरी
कनाडा की संसद में विपक्षी कंजरवेटिव पार्टी के सदस्य टॉम केमियेच ने कहा कि जनरल बाजवा पाकिस्तान में दो सरकारों को गिरा चुके हैं। साथ ही केमियेच ने आरोप लगाया कि जनरल बाजवा के कार्यकाल में सेना ने मानवाधिकारों का घोर हनन किया है। उन्होंने पाकिस्तान की सेना पर आतंकवादियों से रिश्ते रखने का इल्जाम भी लगाया...
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पाकिस्तान में सेना की राजनीतिक भूमिका को लेकर जारी विवाद में अब एक नया पहलू जुड़ गया है। सेनाध्यक्ष जनरल कमर जावेद बाजवा के बारे में कनाडा के एक सांसद की टिप्पणी से पाकिस्तान की सरकार और सेना के लिए असहज स्थिति बन गई है। सोमवार को पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट (पीडीएम) की सरकार ने इस मामले में कड़ी प्रतिक्रिया जताई। लेकिन पर्यवेक्षकों की राय में कनाडा के सांसद का बयान इस बात का संकेत है कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और उनके समर्थकों ने अप्रैल में हुए सत्ता परिवर्तन के बारे में जो कहानी बताई, वह दुनिया में दूर-दूर तक पहुंच गई है।
कनाडा की संसद में विपक्षी कंजरवेटिव पार्टी के सदस्य टॉम केमियेच ने कहा कि जनरल बाजवा पाकिस्तान में दो सरकारों को गिरा चुके हैं। साथ ही केमियेच ने आरोप लगाया कि जनरल बाजवा के कार्यकाल में सेना ने मानवाधिकारों का घोर हनन किया है। उन्होंने पाकिस्तान की सेना पर आतंकवादियों से रिश्ते रखने का इल्जाम भी लगाया। इस बयान को लेकर पाकिस्तान की संसद में गरमागरम चर्चा हुई। उस दौरान रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने जनरल बाजवा का पुरजोर बचाव किया।
केमियेच की टिप्पणियों पर ध्यान दे कनाडा सरकार
ख्वाजा आसिफ ने कहा- ‘कनाडा सरकार और प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो पाकिस्तान का सम्मान करते हैं। लेकिन अगर वहां की संसद में कोई सदस्य हमारी संस्थाओं और हमारे राज्य पर हमला करता है, तो यह उनकी जिम्मेदारी है कि वे उसका जवाब दें।’ आसिफ ने कहा कि कनाडा सरकार को खुद केमियेच की टिप्पणियों पर ध्यान देना चाहिए था।
आसिफ ने केमियेच की इस टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया जताई कि इमरान खान सरकार को सेना के हस्तक्षेप से हटाया गया। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) की पूर्व सरकार को संवैधानिक प्रक्रिया के तहत हटाया गया और उस प्रक्रिया पर न्यायपालिका ने भी अपनी मुहर लगाई थी। ख्वाजा आसिफ ने आरोप लगाया कि केमियेच ‘इस्लामोफोबिया’ फैलाने की घटनाओं से जुड़े रहे हैं।
शहबाज शरीफ के नेतृत्व वाली पीडीएम सरकार ने पाकिस्तान पर लग रहे ऐसे लांछनों के लिए इमरान खान को दोषी ठहराया है। आसिफ ने कहा कि ब्रिटेन और अमेरिका सहित दुनिया भर के देशों में ऐसी बातें इसलिए कही जा रही हैं, क्योंकि इमरान खान ने नफरत भरा दुष्प्रचार किया है। पूर्व प्रधानमंत्री अपने राजनीतिक मकसदों के लिए देश में ध्रुवीकरण बढ़ा रहे हैं और देश-विदेश में पाकिस्तानियों की संस्कृति को नष्ट कर रहे हैं।
कनाडा पर ‘इस्लामोफोबिया’ बढ़ाने का आरोप
अप्रैल में हुए सत्ता परिवर्तन को लेकर इमरान खान के समर्थकों ने लगातार सैन्य नेतृत्व पर निशाने साधे हैं। इसे लेकर सेना को कई बार सार्वजनिक रूप से सफाई देनी पड़ी है। हाल में सेना के जनसंपर्क विभाग ने यह भी कहा था कि सेना की छवि को धूमिल करने वालों के खिलाफ अब कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस बीच इमरान खान के आरोपों को कनाडा के एक सांसद ने सदन में दोहरा दिया है। इससे पाकिस्तान के लिए शर्मनाक स्थिति पैदा हुई है।
अब सेना और जनरल बाजवा के बचाव में उतरी पाकिस्तान सरकार की तरफ से कनाडा पर जवाबी हमला बोला गया है। ख्वाजा आसिफ ने कहा कि कनाडा में हाल के वर्षों में ‘इस्लामोफोबिया’ बढ़ा है। इस वजह से वहां मस्जिदों और मुस्लिम परिवारों को निशाना बनाया गया है। लेकिन विश्लेषकों का कहना है कि ऐसे जवाबी आरोपों से इस बात से ध्यान नहीं हटाया जा सकता कि पाकिस्तान की सेना की छवि हाल में दुनिया में और खराब हो गई है।