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ब्रिटिश सिख प्रॉपर्टी कारोबारी ने पाकिस्तान में गुरुद्वाराों के लिये ट्रस्ट की योजना बनाई
Fri, 14 Jun 2019 12:25 AM IST
Avdhesh Kumar
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Fri, 14 Jun 2019 12:25 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
ब्रिटेन में एक सिख प्रॉपर्टी कारोबारी पाकिस्तान में धार्मिक पर्यटन और करतारपुर गलियारे के जरिये परियोजनाओं के संरक्षण के लिये पाकिस्तान में गुरुद्वारों का नया ट्रस्ट तैयार करने की योजना बना रहा है।
लंदन स्थित बी एंड एस प्रॉपर्टी के संस्थापक पीटर विर्दी ने कहा कि उन्हें अपने विर्दी फाउंडेशन और दुनियाभर के कारोबारियों से ट्रस्ट के लिये करीब 50 करोड़ पाउंड जुटा लेने की उम्मीद है। ट्रस्ट का नाम गुरु नानक के नाम पर रखा जाएगा।
विर्दी ने कहा कि सेवा करने का यह मौका पाकर मैं खुद को खुशनसीब मानूंगा। योजना पर काम चल रहा है और आने वाले हफ्तों और महीनों में भारत और पाकिस्तान की सरकारों के साथ एक प्रतिनिधिमंडल मुलाकात करेगा जिससे योजनाओं को आगे ले जाया जा सके।
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यह पूछे जाने पर कि क्या भारत-पाकिस्तान के बीच सियासी तनाव इसमें बाधा साबित हो सकता है, उन्होंने कहा, “यह पूरी तरह धार्मिक पहल है और इसका सियासत से कुछ लेना-देना नहीं। यह अहम है कि हम धर्म को राजनीति से न जोड़ें। सिखों के कई प्रमुख धार्मिक स्थल पाकिस्तान में हैं और यह जरूरी है कि उनके संरक्षण के लिये हम साथ आएं।”
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लंदन स्थित बी एंड एस प्रॉपर्टी के संस्थापक पीटर विर्दी ने कहा कि उन्हें अपने विर्दी फाउंडेशन और दुनियाभर के कारोबारियों से ट्रस्ट के लिये करीब 50 करोड़ पाउंड जुटा लेने की उम्मीद है। ट्रस्ट का नाम गुरु नानक के नाम पर रखा जाएगा।
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विर्दी ने कहा कि सेवा करने का यह मौका पाकर मैं खुद को खुशनसीब मानूंगा। योजना पर काम चल रहा है और आने वाले हफ्तों और महीनों में भारत और पाकिस्तान की सरकारों के साथ एक प्रतिनिधिमंडल मुलाकात करेगा जिससे योजनाओं को आगे ले जाया जा सके।
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यह पूछे जाने पर कि क्या भारत-पाकिस्तान के बीच सियासी तनाव इसमें बाधा साबित हो सकता है, उन्होंने कहा, “यह पूरी तरह धार्मिक पहल है और इसका सियासत से कुछ लेना-देना नहीं। यह अहम है कि हम धर्म को राजनीति से न जोड़ें। सिखों के कई प्रमुख धार्मिक स्थल पाकिस्तान में हैं और यह जरूरी है कि उनके संरक्षण के लिये हम साथ आएं।”