US में भारतीय इंजीनियर की हत्याः हेट क्राइम के तौर पर FBI कर रही जांच
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमेरिका के कंसास शहर में पूर्व नौसैन्यकर्मी द्वारा दो भारतीय अप्रवासियों पर की गई गोलीबारी की घटना की जांच फेडरल ब्यूरो ऑफ इंवेस्टिगेशन (एफबीआई) घृणा अपराध के तौर पर कर रही है। इस गोलीबारी में भारतीय इंजीनियर श्रीनिवास कुचिभोटला की मौत हो गई थी और उनके साथी अलोक मदासानी घायल हो गए थे। अमेरिका की जांच एजेंसी एफबीआई ने मंगलवार को कहा कि श्वेत व्यक्ति ने दो भारतीयों पर गोलीबारी करने से पहले उनपर जातीय टिप्पणी की थी और उनके इमिग्रेशन स्टेटस पर सवाल उठाया था।
जांच एजेंसी ने बताया, 'संदिग्ध एडम डब्ल्यू प्यूरिंटन कंसास के बार में मौजूद था, जहां वह इंजीनियर श्रीनिवास कुचिभोटला और अलोक मदासानी से उलझने लगा, उसने दोनों भारतीयों से कहा कि उनका अमेरिका से कोई संबंध नहीं है।
प्यूरिंटन की हरकतों से परेशान होकर उसे बार से निकाल लिया दिया गया। प्यूरिंटन को जब बार से बाहर निकाला गया तो वह बाहर जाकर बैठ गया और थोड़ी देर बाद लौटकर उसने श्रीनिवास कुचिभोटला और अलोक मदासानी को गोली मार दी। दो भारतीयों को बचाने के प्रयास में इयान ग्रीलोट नाम का एक अमेरिकी शख्स भी घायल हो गया था।
प्यूरिंटन के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज
इस मामले में प्यूरिंटन के खिलाफ सोच-समझकर हत्या करने का मुकदमा दर्ज किया गया है। कंसान शहर की एफबीआई डिवीडन ने कहा कि संघीय एजेंसी गोलीबारी की घटना की जांच घृणा अपराध के तौर पर भी कर रही है।
अमेरिका में अप्रवासियों पर हमला कोई नई बात नहीं है। हालांकि कंसास की घटना में भारतीयों पर की गई गोलीबारी ने एक बार फिर अमेरिका में रह रहे अप्रवासियों की चिंता बढ़ा दी है। इस घटना को अमेरिका में बढ़ते श्वेत राष्ट्रवाद और नस्लीय अल्पसंख्यकों के साथ अप्रवासियों के प्रति नफरत में बढ़ोतरी के तौर पर देखा जा रहा है।