फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   America: Academics said on the death of Indian students, need to be cautious, no pattern found till now

America: भारतीय छात्रों की मौत पर बोले शिक्षाविद्, सतर्क रहने की जरूरत, अब तक नहीं मिला कोई पैटर्न

Tue, 16 Apr 2024 08:25 AM IST
मेघा झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: मेघा झा Updated Tue, 16 Apr 2024 08:25 AM IST
सार

भारतीय मूल के छात्रों और भारत के लगभग 11 विद्यार्थियों की मौत की खबर के बाद उनके अभिभावक के माथे पर चिंता की रेखाएं खिंची हुई हैं। हाल ही में एक भारतीय-अमेरिकी शिक्षाविद् ने कहा कि अमेरिका भारत के विद्यार्थियों को अच्छा वातावरण दे रहा है।

विज्ञापन
America: Academics said on the death of Indian students, need to be cautious, no pattern found till now
विदेशी शिक्षा - फोटो : विदेशी शिक्षा आईस्टोक

विस्तार


विज्ञापन

भारतीय मूल के छात्रों और भारत के लगभग 11 विद्यार्थियों की मौत की खबर के बाद उनके अभिभावक के माथे पर चिंता की रेखाएं खिंची हुई हैं। हाल ही में एक भारतीय-अमेरिकी शिक्षाविद् ने अभिभावकों की चिंता शांत करते हुए कहा कि अमेरिका भारत के विद्यार्थियों को अच्छा वातावरण दे रहा है। उन्होंने कहा कि अब तक हुई घटनाएं चिंताजनक हैं लेकिन इन मौतों का कोई विशेष पैटर्न नहीं है। 

वर्जीनिया में जार्ज मेसन यूनिविर्सिटी में स्कूल ऑफ कंप्यूटिंग के डिवीजनल डीन गुरदीप सिंह ने इस बात पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह बेहद दुखद है कि इन घटनाओं में लगातार वृद्धि हो रही है। एक माता-पिता के तौर पर चिंतित होना वाजिब है। लेकिन इन घटनाओं का अब तक कोई भी एक साथ पैटर्न नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि चिंता की बात तब होती जब ये घटनाएं किसी विशेष विश्वविद्यालय में लगातार होती। वे बताते हैं कि भारतीय राजनयिक मिशनों ने सक्रिय होकर भारतीय विद्यार्थियों से मिलना शुरू कर दिया है। छात्र संघों से बातचीत शुरू भी कर दी है। हर किसी को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
विज्ञापन


संवेदनशील इलाकों पर सतर्क रहना आवश्यक
गुरदीप सिंह ने कहा कि उन इलाकों पर सतर्क रहने की आवश्यक है। हर शहर में कुछ ऐसे संवेदनशील इलाके होते हैं जहां अपराध दर अन्य इलाकों की तुलना में अधिक होते हैं। अमेरिका में अधिकांश परिसर विश्वविद्यालय है, जो कि सुरक्षित भी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


तीन गुना बढ़ी है अमेरिका में भारतीय छात्रों की संख्या
इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल एजुकेशन की ओपन डोर्स रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका में भारतीय छात्रों की संख्या सत्र 2014-2015 में 1,32,888 थी। यह संख्या वर्ष 2024 में बढ़कर 3,53,803 हो गई है। जो कि लगभग तीन गुना बढ़ी है।

11 मौत के कारणों की जांच की मांग
गैर-लाभकारी संस्था हिंदूएक्शन के कार्यकारी निदेशक उत्सव चक्रवर्ती ने इस साल 11 भारतीय छात्रों की मौत पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि “पिछले कुछ महीनों में, हमारे पास पहले ही 11 मामले आ चुके हैं। वे कहते हैं कि एफबीआई का ध्यान इस ओर जाना चाहिए। वे जांच करें कि क्या कारण है? इन मौतों के बीच आपस में कोई संबंध तो नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि एक समुदाय के रूप में हम वास्तव में चिंतित हैं। इन मौतों की अधिक विस्तृत जांच की आवश्यकता है। मुझे लगता है कि अमेरिकी हिंदू होने के नाते हम उम्मीद करते हैं कि कोई पैटर्न सामने न आए।


तीन सप्ताह में 7 छात्रों की हुई है मौत
कास्ट गेट की एक डेटा एनालिटिक्स टीम ने एक बयान में कहा कि छात्रों की बढ़ती मौतों की चिंताजनक है। महज तीन सप्ताह में 15 जनवरी से 5 फरवरी तक, भारतीय मूल के सात छात्रों ने रहस्यमय परिस्थितियों में दुखद रूप से अपनी जान गंवा दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed