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देव डोलियों का मिलन रहा आकर्षण का केंद्र
ब्यूरो/ अमर उजाला
Updated Sat, 16 Jan 2016 08:50 PM IST
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मकर संक्रांति स्नान के बाद शनिवार को बाड़ागड्डी क्षेत्र की देव डोलियों के साथ हजारों श्रद्धालु माघ मेले में शामिल हुए। चमाला की चौरी पर देव डोलियों का मिलन तथा ग्रामीणों का रांसो नृत्य आकर्षण का केंद्र रहा।
मकर संक्रांति स्नान के बाद जिला मुख्यालय के निकटवर्ती गांवों में प्रवास पर गई बाड़ागड्डी क्षेत्र की देव डोलियां शनिवार को ढोल-दमाऊ के साथ माघ मेले में लौटी।
बाड़ागड्डी क्षेत्र के आराध्य हरि महाराज के ढोल, खंडद्वारी देवी, हूणेश्वर महाराज एवं नागदेवता की डोली, शंकर देवता के त्रिशूल के साथ हजारों श्रद्धालु माघ मेले में शामिल हुए। मेला प्रांगण तथा काशी विश्वनाथ सहित विभिन्न मंदिरों से होते हुए देव डोलियां चमाला की चौरी पहुंची।
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यहां थात पर देवी-देवताओं की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान ग्रामीणों ने देव डोलियों के साथ रांसो नृत्य किया।
क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने बताया कि शनिवार को देव डोलियां कोटी गांव में प्रवास करेंगी और रविवार को एक बार फिर चमाला की चौरी पर मिलन के बाद देव डोलियां अपने मूल गांवों को लौट जाएंगी।
इस मौके पर क्षेत्र की हरि महाराज पश्वा उत्तम प्रसाद, शंभू प्रसाद, विजय सिंह, विक्रम सिंह, जिला पंचायत सदस्य अनीता गुसाईं, सीमा राणा, विजेंद्र गुसाईं, अमर सिंह, यशवंत पंवार, चंदन सिंह राणा, गोपाल सिंह, बीना राणा, शूरवीर गुसाईं, मुंशीलाल, बीना पंवार, अवतार सिंह, सुंदर सिंह, संतोष कुमार, शूरवीर बिष्ट, लीला मिश्रा, द्रोपदी गुसाईं, बालशेखर नौटियाल आदि मौजूद रहे।
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मकर संक्रांति स्नान के बाद जिला मुख्यालय के निकटवर्ती गांवों में प्रवास पर गई बाड़ागड्डी क्षेत्र की देव डोलियां शनिवार को ढोल-दमाऊ के साथ माघ मेले में लौटी।
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बाड़ागड्डी क्षेत्र के आराध्य हरि महाराज के ढोल, खंडद्वारी देवी, हूणेश्वर महाराज एवं नागदेवता की डोली, शंकर देवता के त्रिशूल के साथ हजारों श्रद्धालु माघ मेले में शामिल हुए। मेला प्रांगण तथा काशी विश्वनाथ सहित विभिन्न मंदिरों से होते हुए देव डोलियां चमाला की चौरी पहुंची।
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यहां थात पर देवी-देवताओं की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान ग्रामीणों ने देव डोलियों के साथ रांसो नृत्य किया।
क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने बताया कि शनिवार को देव डोलियां कोटी गांव में प्रवास करेंगी और रविवार को एक बार फिर चमाला की चौरी पर मिलन के बाद देव डोलियां अपने मूल गांवों को लौट जाएंगी।
इस मौके पर क्षेत्र की हरि महाराज पश्वा उत्तम प्रसाद, शंभू प्रसाद, विजय सिंह, विक्रम सिंह, जिला पंचायत सदस्य अनीता गुसाईं, सीमा राणा, विजेंद्र गुसाईं, अमर सिंह, यशवंत पंवार, चंदन सिंह राणा, गोपाल सिंह, बीना राणा, शूरवीर गुसाईं, मुंशीलाल, बीना पंवार, अवतार सिंह, सुंदर सिंह, संतोष कुमार, शूरवीर बिष्ट, लीला मिश्रा, द्रोपदी गुसाईं, बालशेखर नौटियाल आदि मौजूद रहे।