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नगर पालिका की दुकानों में जाने को तैयार नहीं दुकानदार
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नगर पालिका बाड़ाहाट (उत्तरकाशी) की ज्ञानसू में बनकर तैयार दुकानों में दुकानदार जाने को तैयार नहीं है। पालिका प्रशासन ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर मोटर मैकेनिक, वेल्डिंग और कबाड़ी की दुकान चलाने वालों को शिफ्ट करने के लिए दुकानों का निर्माण कराया है, लेकिन नोटिस के बावजूद अब तक एक भी दुकानदार दुकानों में शिफ्ट नहीं हो पाया है।
जिला मुख्यालय के ज्ञानसू वार्ड नंबर सात में सिंचाई कार्यालय के समीप लंबे विवाद के बाद पालिका की दुकानों का निर्माण पूरा हुआ है। यहां भूमि विवाद के चलते पालिका और जल विद्युत निगम आमने सामने आ गए थे। बाद में पालिका को निगम के विरोध के चलते यहां अस्थायी निर्माण करना पड़ा। वर्तमान समय में यहां पालिका की करीब 18 से अधिक दुकानें बनकर पूरी तरह तैयार हो चुकी है। जिसमें पालिका प्रशासन की योजना के मुताबिक गंगोत्री हाईवे पर ट्रैफिक जाम कम करने के लिए मोटर मैकेनिक, वेल्डिंग और कबाड़ी की दुकानों को शिफ्ट किया जाना है। इसके लिए पालिका प्रशासन बाकायदा दुकानों का चिह्नीकरण पूरा होने की भी बात कह रहा है, लेकिन एक से दो बार नोटिस देने के बावजूद एक भी दुकानदार ने पालिका की नवनिर्मित दुकानों में दिलचस्पी नहीं दिखाई है। ईओ सुशील कुमार कुरील का कहना है कि एक से दो बार दुकानदारों को नोटिस दिया गया है, लेकिन कोई शिफ्ट नहीं हुआ है। दुकानदार शिफ्ट नहीं होते तो जिला प्रशासन को सूचित किया जाएगा।
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जिला मुख्यालय के ज्ञानसू वार्ड नंबर सात में सिंचाई कार्यालय के समीप लंबे विवाद के बाद पालिका की दुकानों का निर्माण पूरा हुआ है। यहां भूमि विवाद के चलते पालिका और जल विद्युत निगम आमने सामने आ गए थे। बाद में पालिका को निगम के विरोध के चलते यहां अस्थायी निर्माण करना पड़ा। वर्तमान समय में यहां पालिका की करीब 18 से अधिक दुकानें बनकर पूरी तरह तैयार हो चुकी है। जिसमें पालिका प्रशासन की योजना के मुताबिक गंगोत्री हाईवे पर ट्रैफिक जाम कम करने के लिए मोटर मैकेनिक, वेल्डिंग और कबाड़ी की दुकानों को शिफ्ट किया जाना है। इसके लिए पालिका प्रशासन बाकायदा दुकानों का चिह्नीकरण पूरा होने की भी बात कह रहा है, लेकिन एक से दो बार नोटिस देने के बावजूद एक भी दुकानदार ने पालिका की नवनिर्मित दुकानों में दिलचस्पी नहीं दिखाई है। ईओ सुशील कुमार कुरील का कहना है कि एक से दो बार दुकानदारों को नोटिस दिया गया है, लेकिन कोई शिफ्ट नहीं हुआ है। दुकानदार शिफ्ट नहीं होते तो जिला प्रशासन को सूचित किया जाएगा।
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