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छात्रों को दी लोक संस्कृति व पांडव नृत्य की जानकारी
Updated Tue, 11 Sep 2018 10:12 PM IST
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उत्तरकाशी। संगीत नाटक अकादमी नई दिल्ली के सौजन्य से विभिन्न सांस्कृतिक दलों द्वारा राजकीय इंटर कालेज गंगोरी में दो दिवसीय लोक संस्कृति एवं पांडव नृत्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में लोकरंग, महिला विकास समिति, महिला किसान विकास समिति गंगोरी व नवयुवक मंगल दल संग्राली के सदस्यों ने छात्र-छात्राओं को पारंपरिक लोक कलाओं के बारे में जानकारी दी।
वयोवृद्ध रंगकर्मी चंद्रमोहन भट्ट ने सभी को पहाड़ की संस्कृति एवं लोक कलाओं के बारे में विस्तार से बताया। पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर कंडार देवता की स्तुति, रासौं तांदी, स्वांग आदि लोक नृत्यों की प्रस्तुति की गई। ढोल वादक हुकम दास व गुड्डू ने पंडौं छाड़ी आदि लोकगीतों की प्रस्तुति दी। इस दौरान रंगकर्मियों ने बच्चों को लोक नृत्यों में प्रयोग होने वाले वाद्य यंत्रों, वस्त्रों, पूजन सामग्री, मुखौटों आदि के बारे में जानकारी दी। कार्यशाला के समापन पर विद्यालय के प्रधानाचार्य राजपाल पंवार ने कहा कि आधुनिकता की दौड़ के बीच पहाड़ की परंपराएं व लोक कलाएं विलुप्त होती जा रही हैं, जिसके संरक्षण के लिए इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन कर पुरखों की विरासत युवा पीढ़ी को सौंपनी चाहिए। इस मौके पर ओम बधानी, जगेंद्र शाह, ओम प्रकाश सेमवाल, पवन सेमवाल, सर्वेश्वर नौटियाल, सुरेंद्र पुरी, अरविंद रावत, राजेंद्र सेमवाल, संदीप सेमवाल आदि मौजूद रहे।
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वयोवृद्ध रंगकर्मी चंद्रमोहन भट्ट ने सभी को पहाड़ की संस्कृति एवं लोक कलाओं के बारे में विस्तार से बताया। पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर कंडार देवता की स्तुति, रासौं तांदी, स्वांग आदि लोक नृत्यों की प्रस्तुति की गई। ढोल वादक हुकम दास व गुड्डू ने पंडौं छाड़ी आदि लोकगीतों की प्रस्तुति दी। इस दौरान रंगकर्मियों ने बच्चों को लोक नृत्यों में प्रयोग होने वाले वाद्य यंत्रों, वस्त्रों, पूजन सामग्री, मुखौटों आदि के बारे में जानकारी दी। कार्यशाला के समापन पर विद्यालय के प्रधानाचार्य राजपाल पंवार ने कहा कि आधुनिकता की दौड़ के बीच पहाड़ की परंपराएं व लोक कलाएं विलुप्त होती जा रही हैं, जिसके संरक्षण के लिए इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन कर पुरखों की विरासत युवा पीढ़ी को सौंपनी चाहिए। इस मौके पर ओम बधानी, जगेंद्र शाह, ओम प्रकाश सेमवाल, पवन सेमवाल, सर्वेश्वर नौटियाल, सुरेंद्र पुरी, अरविंद रावत, राजेंद्र सेमवाल, संदीप सेमवाल आदि मौजूद रहे।
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