{"_id":"62796b10df814945857f8ad1","slug":"uttarakhand-is-the-land-of-dev-dhami-khatima-news-hld4620945122","type":"story","status":"publish","title_hn":"देवों की भूमि, संस्कृति का वाहक है उत्तराखंड : धामी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
देवों की भूमि, संस्कृति का वाहक है उत्तराखंड : धामी
विज्ञापन
खटीमा थारु विकास भवन में आयोजित महाराणा प्रताप जयंती समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का
- फोटो : KHATIMA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खटीमा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड शांत प्रदेश है। यह देवों की भूमि और संस्कृति का वाहक है। यहां के धर्म और संस्कृति को सुरक्षित रखने के लिए बाहरी अपराधियों पर सरकार लगाम कस रही है। सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है ताकि बाहरी अपराधी यहां न टिक सकें।
सीएम सोमवार शाम चार बजे थारु विकास भवन में महाराणा प्रताप जयंती समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने नानकमत्ता विधानसभा क्षेत्र और खटीमा पालिका क्षेत्र के लिए विकास की कई घोषणाएं कीं। इससे पहले सीएम धामी, नानकमत्ता के विधायक गोपाल सिंह राणा, पालिकाध्यक्ष सोनी राणा एवं राणा थारु परिषद के अध्यक्ष दान सिंह राणा ने महाराणा प्रताप की मूर्ति के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सीएम ने कहा कि वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप ने घास की रोटियां खाकर जीवन बिताया। कष्ट सहकर वनों में भूखे रहे, लेकिन समाज के लिए बेहतर काम किए। महाराणा प्रताप की वीरता को शत-शत नमन है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चुनाव के दौरान कुछ लोगों ने जमीनें छीनने समेत कई प्रकार की अफवाहें फैलाईं जबकि हमने मलिन बस्तियों के लिए एक्ट बनाया है ताकि उनका नियमितीकरण किया जा सके। नजूल की भूमि पर मालिकाना हक देने के लिए नजूल एक्ट लेकर आए।
विज्ञापन
नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा ने कहा कि महाराणा प्रताप के पद चिह्नों पर चलकर युवा समाज के विकास में काम करें। चंपावत से विधायक रहे कैलाश गहतोड़ी ने कहा कि धामी ने छह महीने उत्तराखंड में विकास की नई गाथा लिखी। शीघ्र ही शहीदों के सपनों का उत्तराखंड बनेगा।
इस दौरान विधायक राणा व पालिकाध्यक्ष सोनी राणा ने अपने-अपने क्षेत्र में विकास की कई योजनाओं को सीएम के समक्ष रखा। वहां परिषद के संरक्षक चेतराम राणा, गोपाल सिंह राणा चांदा, रमेश चंद्र राणा, मुलिया देवी, ओपी राणा, मिथलेश राणा, देव सिंह राणा, राजकुमार सिंह राणा, रविंद्र राणा, राकेश राणा, रामकिशन राणा, लीलावती, परवेश राणा, किसान आयोग के उपाध्यक्ष राजपाल सिंह, ज्ञानी करनैल सिंह, सुखदेव सिंह नामधारी, रमेश राणा, रोहित राणा आदि थे।
महाराणा प्रताप के नाम पर होगा महाविद्यालय और आईटीआई
- सीएम ने की कईं घोषणाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
खटीमा। सीएम ने नानकमत्ता महाविद्यालय और जनजाति आईटीआई का नाम महाराणा प्रताप के नाम पर रखने की घोषणा की।
उन्होंने कहा कि नानकमत्ता विधानसभा के खटीमा क्षेत्र में एकलव्य विद्यालय, उप जिला चिकित्सालय, रोडवेज बस स्टेशन का निर्माण हो रहा है। डैमपार बसे गांवों की मांगों पर भी काम करेंगे। थरुवाट के लोग अभी पीछे हैं। सरकारी नौकरियों में यहां से कम लोग आगे आते हैं। एकलव्य विद्यालय थारु समाज के बच्चों के भविष्य निर्माण में मील का पत्थर साबित होगा। बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाने के लिए एकलव्य विद्यालय के लिए जनजाति आदिवासी मंत्रालय जाकर इस प्रोजेक्ट को लेकर आया और 15 एकड़ सरकारी जमीन पर इसे बनवाया। इधर, नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा ने थारु विकास भवन में पानी की किल्लत दूर करने के लिए विधायक निधि से ओवरहेड टैंक का निर्माण कराने की घोषणा की।
-सीएम धामी ने ये घोषणाएं कीं :-
- जनजाति आईटीआई का नाम महाराणा प्रताप जनजाति आईटीआई किया जाएगा।
- नानकमत्ता में संचालित महाविद्यालय का नाम महाराणा प्रताप के नाम पर रखा जाएगा। यहां छात्रावास निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये देने की घोषणा की।
- राजकीय आश्रम पद्धति बालिका विद्यालय का उच्चीकरण होगा।
- एकलव्य आवासीय विद्यालय में महाराणा प्रताप की मूर्ति स्थापित की जाएगी।
- उत्तराखंड में पहला खेल विश्वविद्यालय बनाने की घोषणा की थी, उस पर काम चल रहा है। उसका नाम भी महाराणा प्रताप के नाम से रखा जाएगा।
- खटीमा के कंजाबाग तिराहा का नाम महाराणा प्रताप चौक रखा जाएगा। ताकि, युवा पीढ़ी महाराणा प्रताप को जानकर उनके पदचिन्हों पर चल सके।
- थारु विकास भवन में महाराणा प्रताप का स्टेच्यू बनाया जाएगा।
- नगर पालिका क्षेत्र में ट्रंचिंग ग्राउंड बनवाया जाएगा।
- राणा थारु परिषद को वार्षिक अनुदान दिया जाएगा।
- थारु जनजाति बच्चों के लिए उच्च शिक्षा को कोचिंग/संस्थान की स्थापना होगी।
- नगर पालिका की पुरानी तहसील स्थित भूमि पर कॉम्प्लैक्स/बाजार बनाएंगे।
- नगर पालिका कार्यालय बनाया जाएगा।
- पालिका सीमा विस्तार के बावजूद मिल रहे पुराने बजट को बढ़ाने का प्रावधान किया जाएगा।
- नगर पालिका परिषद के 10-12 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के प्रस्तावों को जल्द से जल्द पूरा करेंगे।
सीएम ने बचपन की यादें साझा कीं
खटीमा। मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार सार्वजनिक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे सीएम धामी ने अपने बचपन की यादें साझा कीं और खूब ठहाके मारकर हंसते दिखे। सीएम ने कहा कि शारदा मइया के साये तले जीवन बिताया है। जब भी स्कूल से घर आते तो शारदा मइया में गोते लगाते। उन्होंने थारु जनजाति के लोगों संग बिताए दिनों पर चर्चा की। कहा कि झोली भात खाते थे। भौजी की दाल मिलती थी। चकना भात आज भी याद है। उन्होंने थरुवाटी समाज के खानपान की प्रशंसा की और कहा कि एक दिन बिरिया मझोला गांव में राणा थारु परिषद के अध्यक्ष दान सिंह मम्मा के घर जाकर झोली भात जरूर खाएंगे। संवाद
विज्ञापन
सीएम सोमवार शाम चार बजे थारु विकास भवन में महाराणा प्रताप जयंती समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने नानकमत्ता विधानसभा क्षेत्र और खटीमा पालिका क्षेत्र के लिए विकास की कई घोषणाएं कीं। इससे पहले सीएम धामी, नानकमत्ता के विधायक गोपाल सिंह राणा, पालिकाध्यक्ष सोनी राणा एवं राणा थारु परिषद के अध्यक्ष दान सिंह राणा ने महाराणा प्रताप की मूर्ति के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सीएम ने कहा कि वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप ने घास की रोटियां खाकर जीवन बिताया। कष्ट सहकर वनों में भूखे रहे, लेकिन समाज के लिए बेहतर काम किए। महाराणा प्रताप की वीरता को शत-शत नमन है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि चुनाव के दौरान कुछ लोगों ने जमीनें छीनने समेत कई प्रकार की अफवाहें फैलाईं जबकि हमने मलिन बस्तियों के लिए एक्ट बनाया है ताकि उनका नियमितीकरण किया जा सके। नजूल की भूमि पर मालिकाना हक देने के लिए नजूल एक्ट लेकर आए।
विज्ञापन
नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा ने कहा कि महाराणा प्रताप के पद चिह्नों पर चलकर युवा समाज के विकास में काम करें। चंपावत से विधायक रहे कैलाश गहतोड़ी ने कहा कि धामी ने छह महीने उत्तराखंड में विकास की नई गाथा लिखी। शीघ्र ही शहीदों के सपनों का उत्तराखंड बनेगा।
इस दौरान विधायक राणा व पालिकाध्यक्ष सोनी राणा ने अपने-अपने क्षेत्र में विकास की कई योजनाओं को सीएम के समक्ष रखा। वहां परिषद के संरक्षक चेतराम राणा, गोपाल सिंह राणा चांदा, रमेश चंद्र राणा, मुलिया देवी, ओपी राणा, मिथलेश राणा, देव सिंह राणा, राजकुमार सिंह राणा, रविंद्र राणा, राकेश राणा, रामकिशन राणा, लीलावती, परवेश राणा, किसान आयोग के उपाध्यक्ष राजपाल सिंह, ज्ञानी करनैल सिंह, सुखदेव सिंह नामधारी, रमेश राणा, रोहित राणा आदि थे।
महाराणा प्रताप के नाम पर होगा महाविद्यालय और आईटीआई
- सीएम ने की कईं घोषणाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
खटीमा। सीएम ने नानकमत्ता महाविद्यालय और जनजाति आईटीआई का नाम महाराणा प्रताप के नाम पर रखने की घोषणा की।
उन्होंने कहा कि नानकमत्ता विधानसभा के खटीमा क्षेत्र में एकलव्य विद्यालय, उप जिला चिकित्सालय, रोडवेज बस स्टेशन का निर्माण हो रहा है। डैमपार बसे गांवों की मांगों पर भी काम करेंगे। थरुवाट के लोग अभी पीछे हैं। सरकारी नौकरियों में यहां से कम लोग आगे आते हैं। एकलव्य विद्यालय थारु समाज के बच्चों के भविष्य निर्माण में मील का पत्थर साबित होगा। बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाने के लिए एकलव्य विद्यालय के लिए जनजाति आदिवासी मंत्रालय जाकर इस प्रोजेक्ट को लेकर आया और 15 एकड़ सरकारी जमीन पर इसे बनवाया। इधर, नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा ने थारु विकास भवन में पानी की किल्लत दूर करने के लिए विधायक निधि से ओवरहेड टैंक का निर्माण कराने की घोषणा की।
-सीएम धामी ने ये घोषणाएं कीं :-
- जनजाति आईटीआई का नाम महाराणा प्रताप जनजाति आईटीआई किया जाएगा।
- नानकमत्ता में संचालित महाविद्यालय का नाम महाराणा प्रताप के नाम पर रखा जाएगा। यहां छात्रावास निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये देने की घोषणा की।
- राजकीय आश्रम पद्धति बालिका विद्यालय का उच्चीकरण होगा।
- एकलव्य आवासीय विद्यालय में महाराणा प्रताप की मूर्ति स्थापित की जाएगी।
- उत्तराखंड में पहला खेल विश्वविद्यालय बनाने की घोषणा की थी, उस पर काम चल रहा है। उसका नाम भी महाराणा प्रताप के नाम से रखा जाएगा।
- खटीमा के कंजाबाग तिराहा का नाम महाराणा प्रताप चौक रखा जाएगा। ताकि, युवा पीढ़ी महाराणा प्रताप को जानकर उनके पदचिन्हों पर चल सके।
- थारु विकास भवन में महाराणा प्रताप का स्टेच्यू बनाया जाएगा।
- नगर पालिका क्षेत्र में ट्रंचिंग ग्राउंड बनवाया जाएगा।
- राणा थारु परिषद को वार्षिक अनुदान दिया जाएगा।
- थारु जनजाति बच्चों के लिए उच्च शिक्षा को कोचिंग/संस्थान की स्थापना होगी।
- नगर पालिका की पुरानी तहसील स्थित भूमि पर कॉम्प्लैक्स/बाजार बनाएंगे।
- नगर पालिका कार्यालय बनाया जाएगा।
- पालिका सीमा विस्तार के बावजूद मिल रहे पुराने बजट को बढ़ाने का प्रावधान किया जाएगा।
- नगर पालिका परिषद के 10-12 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के प्रस्तावों को जल्द से जल्द पूरा करेंगे।
सीएम ने बचपन की यादें साझा कीं
खटीमा। मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार सार्वजनिक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे सीएम धामी ने अपने बचपन की यादें साझा कीं और खूब ठहाके मारकर हंसते दिखे। सीएम ने कहा कि शारदा मइया के साये तले जीवन बिताया है। जब भी स्कूल से घर आते तो शारदा मइया में गोते लगाते। उन्होंने थारु जनजाति के लोगों संग बिताए दिनों पर चर्चा की। कहा कि झोली भात खाते थे। भौजी की दाल मिलती थी। चकना भात आज भी याद है। उन्होंने थरुवाटी समाज के खानपान की प्रशंसा की और कहा कि एक दिन बिरिया मझोला गांव में राणा थारु परिषद के अध्यक्ष दान सिंह मम्मा के घर जाकर झोली भात जरूर खाएंगे। संवाद