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बेकाबू ट्रक ने पिता-पुत्र को रौंदा, मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, ऊधमसिंह नगर
Updated Sun, 15 May 2016 11:30 PM IST
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ट्रक की चपेट में आकर चकनाचूर हुई बाइक
- फोटो : अमर उजाला
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एक बेकाबू ट्रक ने बाइक सवार पिता-पुत्र को रौंद दिया। हादसे में दोनों की घटनास्थल पर मौत हो गई, जबकि बाइक पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे के बाद चालक ट्रक छोड़कर फरार हो गया। परिवार में एक साथ दो मौतों से कोहराम मचा हुआ है।
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शनिवार रात करीब साढ़े 12 बजे ग्राम पैगा निवासी धर्मपाल (60) अपने पुत्र हरिओम (30)के साथ बाइक से अपनी लड़की की बीमार पुत्री को देखने काशीपुर के प्राइवेट अस्पताल आ रहा था। बाइक हरिओम चला रहा था। पिता-पुत्र टांडा तिराहा पर जसपुर की तरफ से तेजी से आ रहे ओवरलोड ट्रक की चपेट में आ गए।
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हादसे के बाद चालक ट्रक से कूदकर फरार हो गया। दोनों शव और बाइक ट्रक के नीचे बुरी तरह से फंस गए। सूचना पर टांडा उज्जैन चौकी प्रभारी प्रहलाद सिंह ने फंसे शवों और बाइक को बाहर निकलवाया। राहगीरों ने शवों की पहचान धर्मपाल और उसके पुत्र हरिओम निवासी पैगा के रुप में की।
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पुलिस ने शवों को मोर्चरी भिजवाने के बाद हादसे की सूचना परिवार को दी। रात मेें ही परिजन और परिचित पोस्टमार्टम हाउस में पहुंचे। दोनों मृतक खेतीबाड़ी का काम करते थे। रविवार को दोनों शवों के पोस्टमार्टम के बाद शवों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। चौकी प्रभारी प्रहलाद ने बताया कि ट्रक को कब्जे में ले लिया गया है। चालक फिलहाल फरार है।
एक परिवार : दो महिलाओं का सुहाग उजड़ा
सड़क हादसे में ग्राम पैगा निवासी धर्मपाल और उसके पुत्र हरिओम की दर्दनाक मौत ने परिवार को झकझोर कर रख दिया है। हादसे से ग्रामीणों में भी शोक की लहर है। एक ही रात में परिवार की दो महिलाओं का सुहाग भी उजड़ गया। मृतक धर्मपाल की पत्नी और मृतक हरिओम की पत्नी कविता का सिंदूर उजड़ गया। दोनों महिलाएं घटना के बाद से ही बदहवास हैं।
हरिओम के दो बच्चों पुत्र मनीष (9) और पुत्री अंशिका (4) के सिर से भी पिता का साया उठ गया। धर्मपाल के दो पुत्र गजराज उर्फ राजाराम, हरिओम के साथ ही दो विवाहित पुत्रियां हैं। एक विवाहित पुत्री की बीमार बेटी को देखने पिता-पुत्र अस्पताल जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही हादसे का शिकार हो गए। मृतक धर्मपाल के बड़े बेटे राजाराम ने बताया कि वह पिता और भाई से कुछ समय पहले ही भांजी को देखने अस्पताल गया था।
हेलमेट भी नहीं बचा सकी जान
टांडा तिराहे पर ट्रक और बाइक की भिड़ंत इतनी जबर्दस्त थी कि बाइक कई टुकड़ों में बंट गई। बाइक चला रहे हरिओम ने हेलमेट पहन रखा था। लेकिन हादसा होते ही उसके सिर से हेलमेट छिटककर दूर चला गया। हेलमेट होने के बावजूद भी उसकी जान नहीं बच पाई। दुर्घटना के बाद हेलमेट सुरक्षित था।