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ईश्वर की कृपा हुई तो फिर सीएम बनूंगा : रावत
अमर उजाला ब्यूरो काशीपुर
Updated Thu, 23 Feb 2017 11:46 PM IST
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काशीपुर के गढ़ीनेगी में श्री हरिचैतन्यपुरी महाराज से आशीर्वाद लेते मुख्यमंत्री रावत
- फोटो : अमर उजाला
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मुख्यमंत्री हरीश रावत ने ग्राम गढ़ीनेगी स्थित श्री हरिकृपा आश्रम पहुंचकर शिव मंदिर में पूजा अर्चना की। उन्होंने श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज से आशीर्वाद लिया।
मुख्यमंत्री हरीश रावत बृहस्पतिवार को तय कार्यक्रम से ढाई घंटे देरी से गढ़ीनेगी स्थित आश्रम पहुंचे। आश्रम के गेट पर श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज, पूर्व सांसद केसी सिंह बाबा ने उनका स्वागत किया। मुुख्यमंत्री रावत की ओर से श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज को पगड़ी पहनाई गई। सीएम रावत ने श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। आश्रम में बने शिव मंदिर के कपाट बंद कर सीएम ने महाराज के साथ करीब आधे घंटे तक पूजा अर्चना की। श्रोताओं से खचाखच भरे पंडाल में मुख्यमंत्री और श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज का फूलमालाओं से स्वागत हुआ।
श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज ने कहा कि उनके लिए सभी राजनीतिक दलों और धर्मों के लोग समान है। उनके सभी अनुयायी हैं। समाज में तभी शांति होगी, जब लोगों के मन में शांति होगी। अच्छे कर्मों और ईश्वर को याद करने से ही शांति मिलती है। सीएम रावत ने कहा कि उनको ईश्वर पर पूरा विश्वास है। जब तक वे पूजा नहीं करते हैं, तब तक उनका मन अशांत रहता है। उन्हें जनता की सेवा करने का जो अवसर मिला, वह सब ईश्वर की कृपा से मिला है।
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ईश्वर की इच्छा होगी तो आगे भी मुख्यमंत्री के रुप में जनता की सेवा का अवसर मिलेगा। आश्रम में आने पर उनके मन को काफी सुकून मिला है। यहां सामाजिक सद्भाव देखने को मिला है। सभी धर्म के लोग प्रवचन सुनने पहुंचे हैं। सब का एक ही नारा है हरिबोल। इस मौके पर डॉ.शिव दयाल, आदेश चौहान, डॉ. युनूस चौधरी, नियम चंद्र शर्मा, गोपाल बिष्ट, पुष्कर दुर्गापाल, आनंद रावत, भगीरथ लाल सहित अनेक मौजूद रहे ।
काशीपुर। मुख्यमंत्री रावत के स्वागत के लिए एक स्कूल के बच्चों को साढ़े तीन घंटे तक लाइन में खड़े होकर इंतजार करना पड़ा। बृहस्पतिवार की सुबह 10 बजे से स्कूली बच्चे और महिलाएं हाथों में फूल लिए कतार में खड़े रहे। काफी देर खड़े होने के बाद वे थककर जमीन में बैठ गए। जैसे ही मुख्यमंत्री आए तो उनके साथ उमड़ी भीड़ की वजह से बच्चे ठीक ढंग से उनका स्वागत भी नहीं कर सके। बच्चों ने दूर से मुख्यमंत्री पर फूल बरसाए।
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मुख्यमंत्री हरीश रावत बृहस्पतिवार को तय कार्यक्रम से ढाई घंटे देरी से गढ़ीनेगी स्थित आश्रम पहुंचे। आश्रम के गेट पर श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज, पूर्व सांसद केसी सिंह बाबा ने उनका स्वागत किया। मुुख्यमंत्री रावत की ओर से श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज को पगड़ी पहनाई गई। सीएम रावत ने श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। आश्रम में बने शिव मंदिर के कपाट बंद कर सीएम ने महाराज के साथ करीब आधे घंटे तक पूजा अर्चना की। श्रोताओं से खचाखच भरे पंडाल में मुख्यमंत्री और श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज का फूलमालाओं से स्वागत हुआ।
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श्री हरि चैतन्यपुरी महाराज ने कहा कि उनके लिए सभी राजनीतिक दलों और धर्मों के लोग समान है। उनके सभी अनुयायी हैं। समाज में तभी शांति होगी, जब लोगों के मन में शांति होगी। अच्छे कर्मों और ईश्वर को याद करने से ही शांति मिलती है। सीएम रावत ने कहा कि उनको ईश्वर पर पूरा विश्वास है। जब तक वे पूजा नहीं करते हैं, तब तक उनका मन अशांत रहता है। उन्हें जनता की सेवा करने का जो अवसर मिला, वह सब ईश्वर की कृपा से मिला है।
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ईश्वर की इच्छा होगी तो आगे भी मुख्यमंत्री के रुप में जनता की सेवा का अवसर मिलेगा। आश्रम में आने पर उनके मन को काफी सुकून मिला है। यहां सामाजिक सद्भाव देखने को मिला है। सभी धर्म के लोग प्रवचन सुनने पहुंचे हैं। सब का एक ही नारा है हरिबोल। इस मौके पर डॉ.शिव दयाल, आदेश चौहान, डॉ. युनूस चौधरी, नियम चंद्र शर्मा, गोपाल बिष्ट, पुष्कर दुर्गापाल, आनंद रावत, भगीरथ लाल सहित अनेक मौजूद रहे ।
काशीपुर। मुख्यमंत्री रावत के स्वागत के लिए एक स्कूल के बच्चों को साढ़े तीन घंटे तक लाइन में खड़े होकर इंतजार करना पड़ा। बृहस्पतिवार की सुबह 10 बजे से स्कूली बच्चे और महिलाएं हाथों में फूल लिए कतार में खड़े रहे। काफी देर खड़े होने के बाद वे थककर जमीन में बैठ गए। जैसे ही मुख्यमंत्री आए तो उनके साथ उमड़ी भीड़ की वजह से बच्चे ठीक ढंग से उनका स्वागत भी नहीं कर सके। बच्चों ने दूर से मुख्यमंत्री पर फूल बरसाए।