{"_id":"69728e784b1de26a3d05db22","slug":"mla-behads-son-turns-out-to-be-the-mastermind-plotting-his-own-attack-rudrapur-news-c-242-1-rdp1022-136135-2026-01-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Udham Singh Nagar News: विधायक बेहड़ का पुत्र ही निकला मास्टरमाइंड, खुद रची अपने ऊपर हमले की साजिश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Udham Singh Nagar News: विधायक बेहड़ का पुत्र ही निकला मास्टरमाइंड, खुद रची अपने ऊपर हमले की साजिश
विज्ञापन
विज्ञापन
रुद्रपुर। कांग्रेस के कद्दावर नेता और किच्छा विधायक तिलकराज बेहड़ के पुत्र सौरभ हुए हमले का पुलिस ने सनसनीखेज पर्दाफाश कर दिया है। सौरभ ही हमले का मास्टरमाइंड निकला। उसने पत्नी से हुए विवाद के बाद दोस्त के साथ मिलकर खुद अपने ऊपर हमला करवाया। हमले के लिए दोस्त ने तीन युवकों को 1500 रुपये दिए। पुलिस ने चार हमलावरों को गिरफ्तार कर लिया है, जिन्हें अदालत में पेश करने के बाद जमानत मिल गई।
बृहस्पतिवार को एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि 18 जनवरी को नगर निगम के पार्षद सौरभ बेहड़ पर आवास विकास क्षेत्र में जानलेवा हमला हुआ था। इसके बाद सौरभ को जिला अस्पताल और फिर निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया। पुलिस ने हमलावरों की तलाश शुरू कर दी थी।
उन्होंने बताया कि 21 जनवरी की देर शाम पुलिस ने सिडकुल रोड नई बस्ती के पास बिना नंबर बाइक पर आ रहे तीन युवकों वंश कुमार निवासी घासमंडी रुद्रपुर, बादशाह निवासी घासमंडी आदर्श कॉलाेनी और दीपक सिंह निवासी नारायण कॉलोनी ट्रांजिट कैंप को पकड़ा। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से 12 बोर और 315 बोर का तमंचा और एक चाकू बरामद हुआ।
विज्ञापन
दोस्त ने उठाया राज से पर्दा
पूछताछ में तीनों ने चौथे अभियुक्त इंद्रजीत नारंग के बारे में बताया। पुलिस ने इंद्रजीत को पकड़ा तो उसने पूरे घटनाक्रम का राज खोल दिया। उसका कहना है कि सौरभ बेहड़ ने उसे मिलने के लिए अपने घर बुलाया और बताया कि उसका पत्नी से विवाद हो गया है। इसके बाद वह खुद को पिटवाकर सहानुभूति लेना चाहता है। इसके बाद इंद्रजीत ने अपने साथ काम करने वाले युवकों को दो तमंचे और एक चाकू के साथ बिना नंबर की बाइक पर पूर्व प्लानिंग के साथ भेजा। आवास विकास पर शिव शक्ति पीजी पहुंचते ही तीनों युवकों ने सौरभ पर सोची समझी साजिश के साथ हमला किया और भाग गए। घटना के दौरान इंद्रजीत अपनी कार से पीछे चल रहा था।
........
सौरभ को मिला गनर हटाया
साजिशन हमले का पर्दाफाश होने के बाद सौरभ बेहड़ की किरकिरी हो रही है। एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने तत्काल प्रभाव से सौरभ की सुरक्षा में दिए गनर को हटा दिया है। बुधवार को उसे एहतियातन सुरक्षा की दृष्टि से गनर दिया गया था। ब्यूरो
-- -- -- -
बादशाह 12वीं का छात्र, वंश और दीपक कर रहे बीबीए की पढ़ाई
रुद्रपुर। सौरभ बेहड़ के ऊपर हमला करने वाला बादशाह 12वीं का कक्षा का छात्र है। जबकि वंश गुरुनानक डिग्री कॉलेज में बीबीए प्रथम वर्ष और दीपक गैडा बीबीए द्वितीय वर्ष का छात्र है। पुलिस के अनुसार वंश के पिता फाइनेंस का काम करते हैं। बादशाह के पिता प्रिंटिंग प्रेस में काम कर रहे हैं। वहीं दीपक के पिता परचून की दुकान चलाते हैं। सौरभ का दोस्त इंद्रजीत दो पिकअप का मालिक है।
-- -- --
काश सुखवंत मामले में भी दिखाई होती इतनी तत्परता
विधायक बेहड़ के बेटे सौरभ बेहड़ के हमले में पुलिस ने जितनी तत्परता दिखाई काश उतनी ही तत्परता किसान सुखवंत मामले में भी दिखाई होती। इस बात की चर्चा बृहस्पतिवार को कई लोग करते नजर आए। सुखवंत सिंह के साथ जमीन के नाम पर चार करोड़ की धोखाधड़ी हुई थी। न्याय के लिए वह थाने से लेकर उच्चाधिकारियों तक पहुंचा लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई। इस मामले में उसने पुलिस-प्रशासन के कई उच्चाधिकारियों को मेल भी किए थे। जब कहीं से न्याय नहीं मिला तो उसने गौलापार के एक होटल में खुद को गोली से उड़ा दिया। उसकी मौत के बाद सिस्टम जागा। अब एसआईटी और मजिस्ट्रेट जांच चल रही है।
बृहस्पतिवार को एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि 18 जनवरी को नगर निगम के पार्षद सौरभ बेहड़ पर आवास विकास क्षेत्र में जानलेवा हमला हुआ था। इसके बाद सौरभ को जिला अस्पताल और फिर निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया। पुलिस ने हमलावरों की तलाश शुरू कर दी थी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि 21 जनवरी की देर शाम पुलिस ने सिडकुल रोड नई बस्ती के पास बिना नंबर बाइक पर आ रहे तीन युवकों वंश कुमार निवासी घासमंडी रुद्रपुर, बादशाह निवासी घासमंडी आदर्श कॉलाेनी और दीपक सिंह निवासी नारायण कॉलोनी ट्रांजिट कैंप को पकड़ा। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से 12 बोर और 315 बोर का तमंचा और एक चाकू बरामद हुआ।
विज्ञापन
दोस्त ने उठाया राज से पर्दा
पूछताछ में तीनों ने चौथे अभियुक्त इंद्रजीत नारंग के बारे में बताया। पुलिस ने इंद्रजीत को पकड़ा तो उसने पूरे घटनाक्रम का राज खोल दिया। उसका कहना है कि सौरभ बेहड़ ने उसे मिलने के लिए अपने घर बुलाया और बताया कि उसका पत्नी से विवाद हो गया है। इसके बाद वह खुद को पिटवाकर सहानुभूति लेना चाहता है। इसके बाद इंद्रजीत ने अपने साथ काम करने वाले युवकों को दो तमंचे और एक चाकू के साथ बिना नंबर की बाइक पर पूर्व प्लानिंग के साथ भेजा। आवास विकास पर शिव शक्ति पीजी पहुंचते ही तीनों युवकों ने सौरभ पर सोची समझी साजिश के साथ हमला किया और भाग गए। घटना के दौरान इंद्रजीत अपनी कार से पीछे चल रहा था।
........
सौरभ को मिला गनर हटाया
साजिशन हमले का पर्दाफाश होने के बाद सौरभ बेहड़ की किरकिरी हो रही है। एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने तत्काल प्रभाव से सौरभ की सुरक्षा में दिए गनर को हटा दिया है। बुधवार को उसे एहतियातन सुरक्षा की दृष्टि से गनर दिया गया था। ब्यूरो
बादशाह 12वीं का छात्र, वंश और दीपक कर रहे बीबीए की पढ़ाई
रुद्रपुर। सौरभ बेहड़ के ऊपर हमला करने वाला बादशाह 12वीं का कक्षा का छात्र है। जबकि वंश गुरुनानक डिग्री कॉलेज में बीबीए प्रथम वर्ष और दीपक गैडा बीबीए द्वितीय वर्ष का छात्र है। पुलिस के अनुसार वंश के पिता फाइनेंस का काम करते हैं। बादशाह के पिता प्रिंटिंग प्रेस में काम कर रहे हैं। वहीं दीपक के पिता परचून की दुकान चलाते हैं। सौरभ का दोस्त इंद्रजीत दो पिकअप का मालिक है।
काश सुखवंत मामले में भी दिखाई होती इतनी तत्परता
विधायक बेहड़ के बेटे सौरभ बेहड़ के हमले में पुलिस ने जितनी तत्परता दिखाई काश उतनी ही तत्परता किसान सुखवंत मामले में भी दिखाई होती। इस बात की चर्चा बृहस्पतिवार को कई लोग करते नजर आए। सुखवंत सिंह के साथ जमीन के नाम पर चार करोड़ की धोखाधड़ी हुई थी। न्याय के लिए वह थाने से लेकर उच्चाधिकारियों तक पहुंचा लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई। इस मामले में उसने पुलिस-प्रशासन के कई उच्चाधिकारियों को मेल भी किए थे। जब कहीं से न्याय नहीं मिला तो उसने गौलापार के एक होटल में खुद को गोली से उड़ा दिया। उसकी मौत के बाद सिस्टम जागा। अब एसआईटी और मजिस्ट्रेट जांच चल रही है।