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रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल का मिला जुला असर
अमर उजाला ब्यूरो रुद्रपुर
Updated Fri, 16 Sep 2016 11:53 PM IST
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काश्ाीपुर में ख्ाड़ी राेडवेज की बसे
- फोटो : अमर उजाला
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उत्तराखंड रोडवेज कर्मचारी यूनियन की तीन दिनी हड़ताल को लेकर रोडवेज डिपो में मिला जुला असर देखने को मिला। यूनियन के महामंत्री अशोक चौधरी के अनुसार परिवहन निगम में इस समय संविदा पर लगभग तीन हजार कर्मचारी जिसमें चालक एवं परिचालक भी शामिल हैं, अपनी सेवायें दे रहे हैं। जो पिछले कई सालों से नियमित करने की मांग कर रहे हैं। बावजूद इसके प्रबंधन की ओर से इस पर कोई फैसला नहीं लिया गया है।
अशोक चौधरी ने बताया कि संविदा कर्मियों को नियमित करने के लिए सरकार द्वारा एक समिति बनाई गई थी। इसमें संविदा कर्मियों को नियमित करने की बात कही गई थी।
उनके मुताबिक सरकार वेतन ले रहे कर्मियों को नियमित करना चाहती है लेकिन प्रबंधन के रुखे रवैये के चलते मामला ठंडे बस्ते में पड़ा हुआ है। इसको लेकर कर्मियों ने तीन दिन हड़ताल पर रहने का फैसला किया है।
इधर हड़ताल के चलते कई रोडवेज बसों का संचालन पूरे दिन बंद रहा। शहर से बाजपुर एवं काशीपुर जाने वाले यात्रियों को बसों के नहीं चलने से दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि शहर के रोडवेज डिपो से लंबे रूट की बसों का संचालन जारी रहा। दिल्ली एवं हरिद्वार जाने वाली बसें अपने तय समय के अनुसार ही रोडवेज से संचालित हुईं।
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यात्री अनीता जोशी ने कहा कि काशीपुर जाने के लिये सुबह नौ बजे से डिपो में खड़े हैं। लेकिन हड़ताल के चलते बच्चों को परेशानी हुई। वहीं बाकी बसों में अधिक भीड़ होने से उनमें सफर करना आसान नहीं है।
यात्री सुरेन्द्र ने बताया कि खास घरेलू कार्यक्रम के लिये बाजपुर जाना था। लेकिन बसों के वक्त पर नहीं आने के चलते आधा दिन बस अड्डे में ही बीत गया। रोडवेज कर्मियों की आए दिन हड़ताल होने के चलते यात्रियों को ही दिक्कत का सामना करना पड़ता है।
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अशोक चौधरी ने बताया कि संविदा कर्मियों को नियमित करने के लिए सरकार द्वारा एक समिति बनाई गई थी। इसमें संविदा कर्मियों को नियमित करने की बात कही गई थी।
उनके मुताबिक सरकार वेतन ले रहे कर्मियों को नियमित करना चाहती है लेकिन प्रबंधन के रुखे रवैये के चलते मामला ठंडे बस्ते में पड़ा हुआ है। इसको लेकर कर्मियों ने तीन दिन हड़ताल पर रहने का फैसला किया है।
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इधर हड़ताल के चलते कई रोडवेज बसों का संचालन पूरे दिन बंद रहा। शहर से बाजपुर एवं काशीपुर जाने वाले यात्रियों को बसों के नहीं चलने से दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि शहर के रोडवेज डिपो से लंबे रूट की बसों का संचालन जारी रहा। दिल्ली एवं हरिद्वार जाने वाली बसें अपने तय समय के अनुसार ही रोडवेज से संचालित हुईं।
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यात्री अनीता जोशी ने कहा कि काशीपुर जाने के लिये सुबह नौ बजे से डिपो में खड़े हैं। लेकिन हड़ताल के चलते बच्चों को परेशानी हुई। वहीं बाकी बसों में अधिक भीड़ होने से उनमें सफर करना आसान नहीं है।
यात्री सुरेन्द्र ने बताया कि खास घरेलू कार्यक्रम के लिये बाजपुर जाना था। लेकिन बसों के वक्त पर नहीं आने के चलते आधा दिन बस अड्डे में ही बीत गया। रोडवेज कर्मियों की आए दिन हड़ताल होने के चलते यात्रियों को ही दिक्कत का सामना करना पड़ता है।