{"_id":"633c71f62c0a19230c143d4e","slug":"incrochment-in-kashipur-road-kashipur-news-hld477966482","type":"story","status":"publish","title_hn":"तहबाजारी रसीद की आड़ में सड़कों पर डेरा जमाए हैं दुकानदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तहबाजारी रसीद की आड़ में सड़कों पर डेरा जमाए हैं दुकानदार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
काशीपुर। त्योहारी सीजन में कई लोग सड़कों को घेरकर व्यवसाय कर रहे हैं। इससे सड़कें बाधित होने से जाम की स्थिति बन रही है लेकिन नगर निगम प्रशासन का कहना है कि निगम ने किसी भी व्यक्ति को सड़क पर कारोबार करने के लिए अधिकृत नहीं किया है। संबंधित विभाग या पुलिस को सड़क खाली कराने के लिए अतिक्रमणकारियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।
क्षेत्र में कई प्रमुख सड़कों के पास निजी भूमि पर साप्ताहिक बाजार लग रहे हैं। इन बाजारों की आड़ में व्यापारी सड़कों पर कब्जा कर वहां अपनी दुकानें लगा रहे हैं। इससे सड़क संकरी हो रहीं हैं। सड़कों पर जाम लगने से इसका आवागमन पर बुरा असर पड़ता है। सड़क किनारे दुकानें लगाने वाले व्यापारियों से निगम के कर्मचारी तहबाजारी भी वसूलते हैं। तहबाजारी रसीद दिखा कर व्यापारी वहां से हटाने वाले कर्मियों को रसीद दिखाकर धौंस दिखा रहे हैं।
इन शिकायतों का संज्ञान लेते हुए नगरायुक्त विवेक राय का कहना है कि निगम ने किसी भी व्यापारी को सड़क पर दुकान लगाने की अनुमति नहीं दी है। सड़कों पर दुकान लगाने वाले व्यापारियों से तहबाजारी शुल्क वसूलने का यह मतलब कतई नहीं है कि निगम ने उन्हें सड़कों पर कारोबार करने की अनुमति दी है। निगम क्षेत्र में व्यवसाय करने पर तहबाजारी वसूली जाती है। अपनी जगहों से अतिक्रमण हटाने का दायित्व संबंधित विभाग का है। ऐसे में लोनिवि या पुलिस को सड़कों से अतिक्रमण हटाकर यातायात व्यवस्था सुधारनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्षेत्र में कई प्रमुख सड़कों के पास निजी भूमि पर साप्ताहिक बाजार लग रहे हैं। इन बाजारों की आड़ में व्यापारी सड़कों पर कब्जा कर वहां अपनी दुकानें लगा रहे हैं। इससे सड़क संकरी हो रहीं हैं। सड़कों पर जाम लगने से इसका आवागमन पर बुरा असर पड़ता है। सड़क किनारे दुकानें लगाने वाले व्यापारियों से निगम के कर्मचारी तहबाजारी भी वसूलते हैं। तहबाजारी रसीद दिखा कर व्यापारी वहां से हटाने वाले कर्मियों को रसीद दिखाकर धौंस दिखा रहे हैं।
विज्ञापन
इन शिकायतों का संज्ञान लेते हुए नगरायुक्त विवेक राय का कहना है कि निगम ने किसी भी व्यापारी को सड़क पर दुकान लगाने की अनुमति नहीं दी है। सड़कों पर दुकान लगाने वाले व्यापारियों से तहबाजारी शुल्क वसूलने का यह मतलब कतई नहीं है कि निगम ने उन्हें सड़कों पर कारोबार करने की अनुमति दी है। निगम क्षेत्र में व्यवसाय करने पर तहबाजारी वसूली जाती है। अपनी जगहों से अतिक्रमण हटाने का दायित्व संबंधित विभाग का है। ऐसे में लोनिवि या पुलिस को सड़कों से अतिक्रमण हटाकर यातायात व्यवस्था सुधारनी चाहिए।
विज्ञापन