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Udham Singh Nagar News: काशीपुर में तेजी से कटाव कर रही बहला और कोसी
Mon, 14 Aug 2023 11:54 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Mon, 14 Aug 2023 11:54 PM IST
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मालधन बैराज का निरीक्षण करते एसडीएम व तहसीलदार। प्रशासन
काशीपुर। पर्वतीय क्षेत्रों में भारी बारिश होने से बहला और कोसी नदी का जलस्तर बढ़ने से किनारे बसे लोगों की सांस फिर अटकी हुई हैं। बहला नदी का जल स्तर बढ़ने पर पानी लोगों के घरों में घुसने लगा है। इससे उन्हें फिर से बाढ़ की चिंता सताने लगी है। क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने प्रभावितों से घर खाली कर किराए पर कमरा लेने के लिए कहा है। प्रभावितों का कहना है कि वह लोग डेढ़ महीने से काम पर नहीं गए हैं। घर का सारा सामान खत्म हो गया है। बड़ी मुश्किल से तो वह गुजारा कर रहे हैं। ऐसे में किराया पर कमरा कहां से लें। मालवा फार्म के प्रभावितों ने बताया कि आबादी की ओर से फिर से पानी बढ़ने लगा है। तहसीलदार युसूफ अली ने बताया कि बहला नदी के उफान से हेमपुर इस्माइल और मालवा फार्म में बाढ़ की स्थिति बन रही है। एचटी लाइन के एक टॉवर को खतरा उत्पन्न हो गया है। ढेला नदी मानपुर में ट्रंचिंग ग्राउंड, बैंतवाला, ढेला बस्ती में तेजी से भू कटाव कर रही है। लोगों की मांग पर सिंचाई विभाग को जेसीबी लगाकर नदी का मार्ग परिवर्तन करने के निर्देश दिए गए हैं।
ढेला से नागेश्वर शिव मंदिर को खतरा
काशीपुर। रविवार शाम से ढेला नदी में एक मकान गिरने के बाद से ही ढेला नदी रौद्र रूप में आने लगा है। अब ढेला नदी से नागेश्वर शिव मंदिर को भी खतरा है। नदी ढेला बस्ती में आठ पक्के मकानों की बुनियाद के करीब बहने लगी है। एसडीएम अभय प्रताप सिंह व तहसीलदार यूसूफ अली ने मंदिर व खतरे की जद में आए मकानों का निरीक्षण किया। तहसीलदार ने बताया कि कटाव रोकने के लिए पिचिंग करने के लिए पत्थर मंगाए जा रहे हैं। एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने बताया कि ढेला नदी के कटाव वाले क्षेत्र पर प्रशासन की नजर है। एक टीम घटनास्थल पर ही तैनात है। ढेला बस्ती मकानों को खतरा देख लोग रातभर दहशत के चलते सोए नहीं। लोग अपने-अपने घरों के बाहर टहलते रहे।
लेवड़ा नदी के फिर उफनाने से कई स्थानों पर हुआ जलभराव
बाजपुर। रविवार देर रात 11 बजे लेवड़ा नदी उफना गई। नदी के जलस्तर बढ़ने के साथ ही हल्द्वानी स्टेट हाईवे जलमग्न हो गया। नैनीताल सहित अन्य स्थानों पर जाने वाले पर्यटकों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ा। कई वाहनों को ट्रैक्टर से खींचकर निकाला गया। पुलिस प्रशासन ने बेरिया दौलत तिराहे पर बेरियर लगाकर लेवड़ा नदी पुल की तरफ जाने से वाहनों को रोक दिया। बाहर से आने वाले वाहनों को वाया बन्नाखेड़ा, बिराहा फार्म मार्ग से होकर निकाला गया। लेवड़ा नदी में आई बाढ़ से राजीवनगर, इंदिरा कॉलोनी, चकरपुर, बांगेनगर, एसडीएम कोर्ट के सामने सहित कई स्थानों पर जलभराव हो गया। दो दिन पहले ही लेवड़ा नदी की बाढ़ से सड़क पर जमी कीचड़ और गंदगी लोगों ने साफ की थी। सोमवार को फिर जलभराव हो गया। एसडीएम आरसी तिवारी, तहसीलदार अक्षय कुमार भट्ट ने जलभराव क्षेत्र का भ्रमण किया। बाढ़ ग्रस्त परिवारों को भोजन के पैकेट बांटे।
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ढेला से नागेश्वर शिव मंदिर को खतरा
काशीपुर। रविवार शाम से ढेला नदी में एक मकान गिरने के बाद से ही ढेला नदी रौद्र रूप में आने लगा है। अब ढेला नदी से नागेश्वर शिव मंदिर को भी खतरा है। नदी ढेला बस्ती में आठ पक्के मकानों की बुनियाद के करीब बहने लगी है। एसडीएम अभय प्रताप सिंह व तहसीलदार यूसूफ अली ने मंदिर व खतरे की जद में आए मकानों का निरीक्षण किया। तहसीलदार ने बताया कि कटाव रोकने के लिए पिचिंग करने के लिए पत्थर मंगाए जा रहे हैं। एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने बताया कि ढेला नदी के कटाव वाले क्षेत्र पर प्रशासन की नजर है। एक टीम घटनास्थल पर ही तैनात है। ढेला बस्ती मकानों को खतरा देख लोग रातभर दहशत के चलते सोए नहीं। लोग अपने-अपने घरों के बाहर टहलते रहे।
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लेवड़ा नदी के फिर उफनाने से कई स्थानों पर हुआ जलभराव
बाजपुर। रविवार देर रात 11 बजे लेवड़ा नदी उफना गई। नदी के जलस्तर बढ़ने के साथ ही हल्द्वानी स्टेट हाईवे जलमग्न हो गया। नैनीताल सहित अन्य स्थानों पर जाने वाले पर्यटकों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ा। कई वाहनों को ट्रैक्टर से खींचकर निकाला गया। पुलिस प्रशासन ने बेरिया दौलत तिराहे पर बेरियर लगाकर लेवड़ा नदी पुल की तरफ जाने से वाहनों को रोक दिया। बाहर से आने वाले वाहनों को वाया बन्नाखेड़ा, बिराहा फार्म मार्ग से होकर निकाला गया। लेवड़ा नदी में आई बाढ़ से राजीवनगर, इंदिरा कॉलोनी, चकरपुर, बांगेनगर, एसडीएम कोर्ट के सामने सहित कई स्थानों पर जलभराव हो गया। दो दिन पहले ही लेवड़ा नदी की बाढ़ से सड़क पर जमी कीचड़ और गंदगी लोगों ने साफ की थी। सोमवार को फिर जलभराव हो गया। एसडीएम आरसी तिवारी, तहसीलदार अक्षय कुमार भट्ट ने जलभराव क्षेत्र का भ्रमण किया। बाढ़ ग्रस्त परिवारों को भोजन के पैकेट बांटे।
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