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ढेला का कहर : भूमि कटाव से पांच पक्के मकान नदी में समाए
Thu, 17 Aug 2023 01:27 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Thu, 17 Aug 2023 01:27 AM IST
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काशीपुर ढेला नदी का निरिक्षण करते एसडीएम व तहसीलदार। संवाद
काशीपुर। ढेला बस्ती में नदी का कटाव जारी है। पिछले 72 घंटे में पांच मकान ढेला नदी में समा चुके हैं। जबकि तीन मकानों व शिव मंदिर की दीवारों में दरार आ गई है। प्रशासन ने शिव मंदिर के आसपास पिचिंग करा दी है। ढेला नदी के आसपास रहने वाले के डरे-सहमे रात-रातभर जाग कर दिन गुजार रहे हैं।
ढेला नदी में आई बाढ़ इस साल ढेला बस्ती व मधुवन नगर के लिए मुसीबत बनकर आई है। प्रशासन के मुताबिक रविवार की देर रात से बुधवार की दोपहर तक जहीन अहमद, तोकीरन, मुस्तरी, मो. शफीक और लज्जावती के मकान गिर चुके हैं। हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई है।
इन मकानों में रखा खाने-पीने का सामान बर्तन, कपड़े सभी मकान के मलबे में दब कर खराब हो गए हैं। समाजसेवी रहीस परवाना, पूर्व पार्षद अब्दुल कादिर ने लोगों से मिलकर सभी पांच परिवारों को खाने-पीने की व्यवस्था कर रहे है। पीड़ित लोग आसपास में अपने मिलने वालों के यहां रह रहे हैं। मधुवन नगर स्थित नागेश्वर शिव मंदिर भी नदी के कटाव से खतरे में है। मंदिर की दीवारों में दरारें आ गई हैं और बुनियाद खोखली हो गई थी। प्रशासन ने कटाव से मंदिर की दीवारें बचाने के लिए पिचिंग करा दी है
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उधर ढेला बस्ती में नाजमा व चंदा के मकानों की दीवारों में दरारें आ गई हैं, जिससे इनका गिरने का खतरा बना हुआ है। ढेला बस्ती के नदी किनारे के अधिकांश मकान खतरे की जद में हैं। जिससे लोग डरे सहमे हुए हैं। तहसीलदार युसूफ अली ने बताया कि अभी तक चार परिवारों को तत्काल राहत सहायता पांच-पांच हजार रुपये दे दिए गए हैं। पूर्व पार्षद अब्दुल कादिर ने बताया कि अभी तक पीड़ितों की खोज खबर लेने विधायक व सांसद या कोई जनप्रतिनिधि मौके पर नहीं पहुंचा है। केवल एसडीएम व तहसीलदार ही आए हैं।
प्रशासन ने बाढ़ ग्रस्त मालवा फार्म का किया निरीक्षण
काशीपुर। प्रशासन ने बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र का निरीक्षण कर बहला नदी के टूटे छोर की शीघ्र अस्थायी रूप से मरम्मत कराने के संबंधित विभाग को आवश्यक निर्देश दिए हैं। 14 अगस्त को मालवा फार्म निवासी रानी देवी, शिवानी नेगी, रेखा जोशी, रूकसाना, लक्ष्मी, प्रवीण ने एसडीएम को ज्ञापन सौंप कर कहा था कि मालवा फार्म में करीब आठ साल से निवास कर रहे हैं। क्षेत्र के पास से गुजर रही बहला नदी कहर बरपाया है। उन्होंने बाढ़ से हुए नुकसान की क्षतिपूर्ति दिलाने की मांग की थी। बुधवार को एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने सहायक नगर आयुक्त विवेक राय, एसएनए यशवीर सिंह राठी, पार्षद अनिल कुमार, पटवारी और सिंचाई विभाग कर्मियों के साथ मालवा फार्म में बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र एवं बहला नदी का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रभावितों को बारिश के बाद टूटी नदी की मरम्मत कराने का आश्वासन दिया। एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने बताया कि झाला के पास टूटी बहला नदी से पानी आ रहा है। अस्थायी व्यवस्था कराई जा रही है। संवाद उधर, मेयर ऊषा चौधरी, एसएनए वाईएस राठी ने ओम विहार कॉलोनी का जायजा लेकर बहला नदी के बाढ़ प्रभावितों का दर्द सुना।
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ढेला नदी में आई बाढ़ इस साल ढेला बस्ती व मधुवन नगर के लिए मुसीबत बनकर आई है। प्रशासन के मुताबिक रविवार की देर रात से बुधवार की दोपहर तक जहीन अहमद, तोकीरन, मुस्तरी, मो. शफीक और लज्जावती के मकान गिर चुके हैं। हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई है।
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इन मकानों में रखा खाने-पीने का सामान बर्तन, कपड़े सभी मकान के मलबे में दब कर खराब हो गए हैं। समाजसेवी रहीस परवाना, पूर्व पार्षद अब्दुल कादिर ने लोगों से मिलकर सभी पांच परिवारों को खाने-पीने की व्यवस्था कर रहे है। पीड़ित लोग आसपास में अपने मिलने वालों के यहां रह रहे हैं। मधुवन नगर स्थित नागेश्वर शिव मंदिर भी नदी के कटाव से खतरे में है। मंदिर की दीवारों में दरारें आ गई हैं और बुनियाद खोखली हो गई थी। प्रशासन ने कटाव से मंदिर की दीवारें बचाने के लिए पिचिंग करा दी है
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उधर ढेला बस्ती में नाजमा व चंदा के मकानों की दीवारों में दरारें आ गई हैं, जिससे इनका गिरने का खतरा बना हुआ है। ढेला बस्ती के नदी किनारे के अधिकांश मकान खतरे की जद में हैं। जिससे लोग डरे सहमे हुए हैं। तहसीलदार युसूफ अली ने बताया कि अभी तक चार परिवारों को तत्काल राहत सहायता पांच-पांच हजार रुपये दे दिए गए हैं। पूर्व पार्षद अब्दुल कादिर ने बताया कि अभी तक पीड़ितों की खोज खबर लेने विधायक व सांसद या कोई जनप्रतिनिधि मौके पर नहीं पहुंचा है। केवल एसडीएम व तहसीलदार ही आए हैं।
प्रशासन ने बाढ़ ग्रस्त मालवा फार्म का किया निरीक्षण
काशीपुर। प्रशासन ने बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र का निरीक्षण कर बहला नदी के टूटे छोर की शीघ्र अस्थायी रूप से मरम्मत कराने के संबंधित विभाग को आवश्यक निर्देश दिए हैं। 14 अगस्त को मालवा फार्म निवासी रानी देवी, शिवानी नेगी, रेखा जोशी, रूकसाना, लक्ष्मी, प्रवीण ने एसडीएम को ज्ञापन सौंप कर कहा था कि मालवा फार्म में करीब आठ साल से निवास कर रहे हैं। क्षेत्र के पास से गुजर रही बहला नदी कहर बरपाया है। उन्होंने बाढ़ से हुए नुकसान की क्षतिपूर्ति दिलाने की मांग की थी। बुधवार को एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने सहायक नगर आयुक्त विवेक राय, एसएनए यशवीर सिंह राठी, पार्षद अनिल कुमार, पटवारी और सिंचाई विभाग कर्मियों के साथ मालवा फार्म में बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र एवं बहला नदी का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रभावितों को बारिश के बाद टूटी नदी की मरम्मत कराने का आश्वासन दिया। एसडीएम अभय प्रताप सिंह ने बताया कि झाला के पास टूटी बहला नदी से पानी आ रहा है। अस्थायी व्यवस्था कराई जा रही है। संवाद उधर, मेयर ऊषा चौधरी, एसएनए वाईएस राठी ने ओम विहार कॉलोनी का जायजा लेकर बहला नदी के बाढ़ प्रभावितों का दर्द सुना।