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...होठों पे मुस्तफा के कुरआन बोलता है!
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सितारगंज में आयोजित जश्ने ईद मिलादुन्नबी कांफ्रेंस में कलाम पढ़ते शायरे इस्लाम।
- फोटो : SITARGANJ
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जश्ने ईद मिलादुन्नबी कान्फ्रेंस में पीलीभीत से आए कारी यूसुफ रजा ने पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की यौम-ए-पैदाइश पर तकरीर पेश की। उन्होंने बताया कि पैगंबर मोहम्मद साहब ने दुनिया में अमन और शांति का संदेश दिया। कान्फ्रेंस में ‘होंठों पे मुस्तफा के कुरआन बोलता है...’ नात पर लोग झूम उठे।
जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मौके पर बुधवार की रात गुलामाने रसूल कमेटी की ओर से कान्फ्रेंस का आयोजन किया गया। बरेली से आए मौलाना फाजिल रजा ने पैगंबर साहब की बताईं बातों पर रोशनी डाली। शायरे इस्लाम बरेली के मौलाना कासिम रजा ने नातो मनकबत पर सभी को झूमने पर मजबूर कर दिया। मुअज्जम रजा ने ‘दिल जानो जिगर तुम पर कुर्बान मेरे आका...’ नात पढ़ी। अन्य शायरों ने ‘दुनिया दिल के अंदर है न उकवा दिल के अंदर है, बहुत आराम है जब से मदीना दिल के अंदर है...’, ‘हाजियो आओ शहंशाह का रौजा देखो...’ और ‘सरकार आ रहे है, सरकार आ रहे हैं...’ नात पढ़ी।
जामा मस्जिद के खतीब मौलाना कासिम मिस्बाही ने तकरीर में बताया कि अल्लाह ने अपने हबीब को नूर बनाकर दुनिया में भेजा। मौलाना मोहम्मद अशरफ उल कादरी ने पैगंबर साहब के बताए रास्ते पर चलने की नसीहत दी। बृहस्पतिवार सुबह करीब तीन बजे सलातो सलाम व दुरुद फातिहा के साथ कान्फ्रेंस का समापन हुआ। वहां मो. आमिर, अनीस रजा, शहजाद, जुनैद अंसारी, मो. इमरान अंसारी आदि थे। बुधवार को नगर को भी आकर्षक ढंग से सजाया गया था।
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जश्ने ईद मिलादुन्नबी के मौके पर बुधवार की रात गुलामाने रसूल कमेटी की ओर से कान्फ्रेंस का आयोजन किया गया। बरेली से आए मौलाना फाजिल रजा ने पैगंबर साहब की बताईं बातों पर रोशनी डाली। शायरे इस्लाम बरेली के मौलाना कासिम रजा ने नातो मनकबत पर सभी को झूमने पर मजबूर कर दिया। मुअज्जम रजा ने ‘दिल जानो जिगर तुम पर कुर्बान मेरे आका...’ नात पढ़ी। अन्य शायरों ने ‘दुनिया दिल के अंदर है न उकवा दिल के अंदर है, बहुत आराम है जब से मदीना दिल के अंदर है...’, ‘हाजियो आओ शहंशाह का रौजा देखो...’ और ‘सरकार आ रहे है, सरकार आ रहे हैं...’ नात पढ़ी।
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जामा मस्जिद के खतीब मौलाना कासिम मिस्बाही ने तकरीर में बताया कि अल्लाह ने अपने हबीब को नूर बनाकर दुनिया में भेजा। मौलाना मोहम्मद अशरफ उल कादरी ने पैगंबर साहब के बताए रास्ते पर चलने की नसीहत दी। बृहस्पतिवार सुबह करीब तीन बजे सलातो सलाम व दुरुद फातिहा के साथ कान्फ्रेंस का समापन हुआ। वहां मो. आमिर, अनीस रजा, शहजाद, जुनैद अंसारी, मो. इमरान अंसारी आदि थे। बुधवार को नगर को भी आकर्षक ढंग से सजाया गया था।
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