{"_id":"57f3e7f74f1c1bcd4e26f8b3","slug":"certificates-delayed-in-becoming-fierce-people","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रमाण पत्र बनने में देरी से भड़के लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रमाण पत्र बनने में देरी से भड़के लोग
अमर उजाला ब्यूरो काशीपुर
Updated Tue, 04 Oct 2016 11:03 PM IST
विज्ञापन
काशीपुर में तहसीलदार का घेराव करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तहसील में आय, जाति और स्थायी प्रमाण पत्र बनाने में देरी से भड़के लोगों ने तहसीलदार का घेराव किया। उन्होंने कर्मियों पर बेवजह आवेदन पत्र लटकाने का आरोप मढ़ा। तहसीलदार ने जांच के बाद प्रमाण पत्र बनाने की बात कही।
मंगलवार को कई लोगों ने तहसीलदार संजय कुमार के समक्ष प्रमाण पत्र नहीं बनने पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि आवेदन जमा हुए 1 महीने से अधिक का समय हो चुका है, लेकिन अभी तक प्रमाण पत्र नहीं बन सके हैं। इसके चलते बच्चों के दाखिले और छात्रवृत्ति के आवेदन नहीं भरे जा सके हैं। वे प्रमाण पत्रों के लिए रोजाना तहसील के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन निराशा हाथ लग रही है।
उन्होंने एक पटवारी पर बेवजह काम को लटकाने का आरोप भी लगाया। तहसीलदार संजय ने कहा कि उन लोगों के प्रमाण पत्रों के आवेदन खारिज किए जा रहे हैं, जिन्होंने जरुरी दस्तावेज नहीं लगाए हैं। सीमा से लगे यूपी के गांवों के लोग भी यहां गलत दस्तावेज लगाकर प्रमाण पत्र बनाने की जुगत में लगे हैं। छह महीने में करीब 150 आवेदन निरस्त किए जा चुके हैं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि लगातार शिकायतें मिलने पर पटवारी विनोद कुमार को हटाने के लिए एसडीएम को पत्र लिखा गया है। जिन लोगों ने आवेदन पत्र के साथ जरुरी दस्तावेज लगाए हैं, उनके प्रमाण पत्र बन रहे हैं। अगर कोई कर्मचारी बेवजह परेशान कर रहा है तो उसकी शिकायत सीधे उनसे करें। इस मौके पर अकबर अली, शायरा, अरमान अली, गुड्डू, साहिल, साजिद, महबूब मौजूद रहे।
विज्ञापन
मंगलवार को कई लोगों ने तहसीलदार संजय कुमार के समक्ष प्रमाण पत्र नहीं बनने पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि आवेदन जमा हुए 1 महीने से अधिक का समय हो चुका है, लेकिन अभी तक प्रमाण पत्र नहीं बन सके हैं। इसके चलते बच्चों के दाखिले और छात्रवृत्ति के आवेदन नहीं भरे जा सके हैं। वे प्रमाण पत्रों के लिए रोजाना तहसील के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन निराशा हाथ लग रही है।
विज्ञापन
उन्होंने एक पटवारी पर बेवजह काम को लटकाने का आरोप भी लगाया। तहसीलदार संजय ने कहा कि उन लोगों के प्रमाण पत्रों के आवेदन खारिज किए जा रहे हैं, जिन्होंने जरुरी दस्तावेज नहीं लगाए हैं। सीमा से लगे यूपी के गांवों के लोग भी यहां गलत दस्तावेज लगाकर प्रमाण पत्र बनाने की जुगत में लगे हैं। छह महीने में करीब 150 आवेदन निरस्त किए जा चुके हैं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि लगातार शिकायतें मिलने पर पटवारी विनोद कुमार को हटाने के लिए एसडीएम को पत्र लिखा गया है। जिन लोगों ने आवेदन पत्र के साथ जरुरी दस्तावेज लगाए हैं, उनके प्रमाण पत्र बन रहे हैं। अगर कोई कर्मचारी बेवजह परेशान कर रहा है तो उसकी शिकायत सीधे उनसे करें। इस मौके पर अकबर अली, शायरा, अरमान अली, गुड्डू, साहिल, साजिद, महबूब मौजूद रहे।