बुलेट प्रूफ ट्रैक्टर हर वार से निपटने को तैयार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विधानसभा चुनाव में लोगों की सुरक्षा के लिए इस बार भारी पुलिस फोर्स और अर्द्धसैनिक बलों के साथ ही पंजाब में बने बख्तरबंद ट्रैक्टर का सहारा भी लिया गया है। आम तौर पर खेतों में काम करने वाले ट्रैक्टर को इस तरह मोडिफाई किया गया है कि यह डबल बुलेट प्रूफ होने के साथ ही बम के वार को भी झेल सकता है। करीब 20 वर्ष पहले पंजाब में उपजे आतंकवाद से लोहा लेने के लिए वहां के किसानों ने इसे तैयार किया था। इसके बाद इसने यूपी के आतंकवाद को भी धूल चटाई। अब यूएस नगर के विधानसभा चुनावों में सुरक्षा के मद्देनजर इसे लाया गया है।
एएसपी मंजूनाथ टीसी ने बताया कि यूपी में जब आतंकवाद का कहर बरपा तो केंद्र सरकार ने इसकी उपयोगिता को देखते हुए इसे यूपी सरकार को सौंपा। विधानसभा चुनावों में दंगे आदि से निपटने के लिए दो माह पहले से इसकी मेंटीनेंस की जा रही थी। बुलेट प्रूफ ट्रैक्टर के चालक गुरुमेल सिंह ने बताया कि दस टन वजनी इस ट्रैक्टर को गोलियों की मार से बचाने के लिए इसमें डबल बुलेट प्रूफ शीशे लगाए गए हैं। इसके साथ ही इसकी बॉडी में भीतर से टिन और बाहर से लोहे की आधा इंच मोटी चादर होने के कारण बमों का असर झेलने में भी यह कारगर है।
इसमें चालक के साथ ही पांच हथियार बंद जवानों के बैठने की व्यवस्था है जो बंकर की तरह इसका इस्तेमाल कर सकते हैं। अंदर लगी दो सीटों पर बैठे जवानों के लिए इसकी दीवारों पर बंदूक की नाल के साइज के सुराख बने हैं, जिसमें जवान बाहर खड़े दंगाइयों पर गोली चला सकते हैं और छत में टैंकनुमा चेंबर बना होने से एक जवान एलएमजी लेकर भी मोर्चा संभाल सकता है। इसके साथ ही यह रेतीले खेतों, दलदल, डेढ़ मीटर पानी में भी आसानी से चल सकता है। इसके लिए इसके टायरों पर लोहे के रिम चढ़ाए जाते हैं। इसका माइलेज दस किमी प्रति लीटर का है।