फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Udham Singh Nagar News ›   A is transformed, what do ex-servicemen say?

शहीदों के नाम घोषित मार्ग गड्ढों में हो गए हैं तब्दील, क्या कहते हैं पूर्व सैनिक?

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Sat, 10 Aug 2019 12:22 AM IST
विज्ञापन
A is transformed, what do ex-servicemen say?
09केटीएम14पी-खटीमा में अतिक्रमण के चलते वन-वे बन चुका सुजिया महोलिया स्थित शहीद राजेंद्र चंद्र मार? - फोटो : KHATIMA
खटीमा। सरकार और प्रशासन सीमा पर लड़ते हुए शहीदों के लिए कितने संवेदनशील हैं इसकी एक बानगी शहीदों के सम्मान में घोषित मार्गों की दुर्दशा से लगाया जा सकता है। खटीमा क्षेत्र में शहीदों के नाम एवं सैनिक बहुल ग्राम के गड्ढों में तब्दील मार्ग से ग्रामीणों का चलना जान जोखिम में डालने से कम नहीं है।
विज्ञापन

सुजिया महोलिया का शहीद राजेंद्र चंद मार्ग लगभग दो किमी लंबा है। इस मार्ग के दोनों ओर बसे ग्राम में लगभग 70 प्रतिशत परिवार पूर्व एवं कार्यरत सैनिक हैं। पांच कुमाऊं के सेवानिवृत्त कै. गोपाल सिंह बताते हैं कि 1989 के बाद एक बार मरम्मत की खानापूर्ति हुई है।
विज्ञापन

थ्री कुमाऊं के सेवानिवृत्त नायक भीम चंद बताते हैं कि सैनिक बहुल ग्राम का एकमात्र मार्ग गड्ढों में समा चुका है। इस मार्ग में वाहन बमुश्किल पास ले पाते हैं। मार्ग के दोनों ओर पक्के आवास हैं। निकास के अभाव में पानी मार्ग में भर जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

असम राइफल्स के सेवानिवृत्त भगवान सिंह जौरा कहते हैं कि मार्ग का नामांतरण शहीद के नाम पर तो कर दिया लेकिन इसकी दयनीय स्थिति है। मार्ग में अवैध खनन वाले वाहनों के चलने से स्थिति और खराब बन चुकी है। बंगाल इंजीनियरिंग के सेवानिवृत्त सूबेदार और भाजपा के नानकमता विधानसभा के मंडल अध्यक्ष धन सिंह सामंत मार्ग को खटीमा एवं नानकमता विधानसभा क्षेत्र के बीच का बताते हैं।
वह अपने स्तर पर कई बार जीर्णोद्धार के लिए लिख चुके हैं। बंगाल इंजीनियरिंग के सूबेदार चंद्र सिंह बिष्ट बताते हैं कि मार्ग ग्राम तल से गहरा एवं संकरा होने से स्थिति और भी नाजुक बनने लगी है।

शहीद राजेंद्र चंद मार्ग हुआ जलमग्न
खटीमा। शहीद राजेंद्र चंद मार्ग के गड्ढों में तब्दील होने एवं उसमें भरने वाले पानी की निकासी के लिए लोनिवि की टीम ने नाली खोदी। लेकिन मार्ग के पानी के खेतों में भरने की वजह से कई लोगों ने निकास मार्ग पाट दिए, जिस कारण मार्ग जलमग्न हो गया है। दोनों ओर अतिक्रमण होने से मार्ग वन-वे बन चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed