{"_id":"59ee25014f1c1bf2538b8789","slug":"150877934218-new-tehri-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जयंती पर स्वामी रामतीर्थ को किया याद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जयंती पर स्वामी रामतीर्थ को किया याद
Updated Mon, 23 Oct 2017 10:51 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नई टिहरी। स्वामी रामतीर्थ की 144वीं जयंती सोमवार को युवा दिवस के रूप में मनाई गई। वक्ताओं ने स्वामी रामतीर्थ के जीवन से प्रेरणा लेकर युवाओं को दृढ़ इच्छा शक्ति रखने और स्वावलंबी बनने का आह्वान किया।
कोटी कालोनी स्थित गोलकोठी में स्वामी रामतीर्थ स्मारक के आसपास स्वामी रामतीर्थ आश्रम समिति टिहरी की पहल पर स्वच्छता अभियान चलाया गया। वक्ताओं ने कहा कि भारतीय समाज के जागरूक प्रहरी स्वामी रामतीर्थ ने संपूर्ण मानव जाति को देशप्रेम की भावना, समाजवादी विचारधारा, नारी उत्थान, बाल-विवाह, जनसंख्या की वृद्धि की रोकथाम आदि उदात्त भावनाओं से परिचय कराया। स्वामी रामतीर्थ आश्रम समिति के सचिव विनोद चमोली ने कहा कि प्रत्येक मानव वेदांत का आचरण कर स्वामी रामतीर्थ की भांति इस संसार को स्वर्ग बना सकता है।
सरस्वती विद्या मंदिर के प्रधानाचार्य नरेश सिंह सैनी ने कहा कि स्वामी रामतीर्थ के विश्व प्रेम और विश्व-बंधुत्व की उत्कृष्ट भावना ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय संत की कोटि में प्रतिष्ठित किया। शिशु मंदिर के प्रधानाचार्य जगत राम रतूड़ी ने कहा कि स्वामी रामतीर्थ की वास्तविक महत्ता का मूल्यांकन करना सूर्य को दीपक दिखाने के सिवा और कुछ नहीं है। इस मौके पर डॉ. प्रमोद उनियाल, सुंदर सिंह कलूड़ा, विनय कुमार, राकेश आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
कोटी कालोनी स्थित गोलकोठी में स्वामी रामतीर्थ स्मारक के आसपास स्वामी रामतीर्थ आश्रम समिति टिहरी की पहल पर स्वच्छता अभियान चलाया गया। वक्ताओं ने कहा कि भारतीय समाज के जागरूक प्रहरी स्वामी रामतीर्थ ने संपूर्ण मानव जाति को देशप्रेम की भावना, समाजवादी विचारधारा, नारी उत्थान, बाल-विवाह, जनसंख्या की वृद्धि की रोकथाम आदि उदात्त भावनाओं से परिचय कराया। स्वामी रामतीर्थ आश्रम समिति के सचिव विनोद चमोली ने कहा कि प्रत्येक मानव वेदांत का आचरण कर स्वामी रामतीर्थ की भांति इस संसार को स्वर्ग बना सकता है।
विज्ञापन
सरस्वती विद्या मंदिर के प्रधानाचार्य नरेश सिंह सैनी ने कहा कि स्वामी रामतीर्थ के विश्व प्रेम और विश्व-बंधुत्व की उत्कृष्ट भावना ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय संत की कोटि में प्रतिष्ठित किया। शिशु मंदिर के प्रधानाचार्य जगत राम रतूड़ी ने कहा कि स्वामी रामतीर्थ की वास्तविक महत्ता का मूल्यांकन करना सूर्य को दीपक दिखाने के सिवा और कुछ नहीं है। इस मौके पर डॉ. प्रमोद उनियाल, सुंदर सिंह कलूड़ा, विनय कुमार, राकेश आदि मौजूद थे।
विज्ञापन