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किसानों का कर्जा माफ करने की मांग
Updated Wed, 09 Aug 2017 09:55 PM IST
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नई टिहरी। किसानों का कर्जा माफ करने, 60 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके किसानों को प्रति माह पांच हजार पेंशन देने और वन अधिकार कानून को कड़ाई से लागू करने की मांग को लेकर किसान सभा ने कलेक्ट्रेट में धरना दिया।
किसान सभा के सचिव भगवान सिंह राणा के नेतृत्व में कार्यकर्ता बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे और धरना दिया। सचिव राणा ने कहा कि देश में विकास की जो नीति अपनाई जा रही है, उसके कारण कारपोरेट सेक्टर किसानों का सबसे अधिक शोषण कर रहा है। जिससे कृषि से लाभ नहीं मिल रहा है और किसान आत्महत्या करने को मजबूर है। उन्होंने सात सूत्री मांगपत्र प्रधानमंत्री को प्रेषित किया। केंद्र सरकार से मनरेगा को पूर्ण तौर पर कृषि से जोड़कर लागू करने, मनरेगा के सभी मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी लागू करने, भूमि अधिग्रहण विधेयक को औपचारिक तौर पर संसद से वापस लेने की मांग की गई। धरना देने वालों में गुलाब सिंह कठैत, जवाहर लाल, विजय सिंह, मंगल सिंह, पिंकी रमोला, गीता रमोला, प्यारे लाल, धर्म देई, मकानी देवी, सीमा रमोला, दर्शनी व बिछना देवी आदि शामिल थे।
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किसान सभा के सचिव भगवान सिंह राणा के नेतृत्व में कार्यकर्ता बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे और धरना दिया। सचिव राणा ने कहा कि देश में विकास की जो नीति अपनाई जा रही है, उसके कारण कारपोरेट सेक्टर किसानों का सबसे अधिक शोषण कर रहा है। जिससे कृषि से लाभ नहीं मिल रहा है और किसान आत्महत्या करने को मजबूर है। उन्होंने सात सूत्री मांगपत्र प्रधानमंत्री को प्रेषित किया। केंद्र सरकार से मनरेगा को पूर्ण तौर पर कृषि से जोड़कर लागू करने, मनरेगा के सभी मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी लागू करने, भूमि अधिग्रहण विधेयक को औपचारिक तौर पर संसद से वापस लेने की मांग की गई। धरना देने वालों में गुलाब सिंह कठैत, जवाहर लाल, विजय सिंह, मंगल सिंह, पिंकी रमोला, गीता रमोला, प्यारे लाल, धर्म देई, मकानी देवी, सीमा रमोला, दर्शनी व बिछना देवी आदि शामिल थे।
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