अब उत्तराखंड में लगे राष्ट्रपति शासन पर बोले शंकराचार्य
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शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने उत्तराखंड में लगे राष्ट्रपति शासन के मामले में भ्रष्टाचार वाले वाक्य पर कहा कि जब सरपंच से लेकर विधायक करोड़ों रुपये खर्च कर चुनाव जीतकर आएगा तो भ्रष्टाचार स्वयं ही पनपेगा।
उन्होंने इसके लिए निर्वाचन आयोग को जिम्मेदार ठहराया। कहा कि निर्वाचन आयोग सख्ती करे तो भ्रष्टाचार कम हो सकता है। उन्होंने नासिक के त्र्यंबकेश्वर मंदिर में महिलाओं को जाने से रोकने के निर्णय को सही बताया। उन्होंने कहा कि मंदिरों में कौन जाएगा और कौन नहीं यह तय करना शंकराचार्य और पुजारियों का काम है कोर्ट का नहीं। उन्होंने महिलाओं को इस चक्कर में न पड़ने की सलाह दी।
कनखल स्थित मठ में पत्रकारों से वार्ता करते हुए शंकराचार्य ने लोकतंत्र में धन खर्च करने को गलत बताया। उन्होंने लालू प्रसाद यादव के द्वारा दिए बयान कि दलितों को मंदिरों में पूजा कार्य सौंप दिया जाए, इस पर शंकराचार्य ने बताया कि लालू उनके शिष्य है।
कहा कि जब लालू ने अपने गांव में दुर्गा देवी की मूर्ति स्थापित कराई तो उन्हें बुलाया था। कुछ लोग जो कहते है वह करते नहीं है। उन्होंने नेहरू परिवार के पूर्वजों के मुस्लिम होने को सिरे से नकारा। कहा कि जिस समय मोतीलाल नेहरू बीमार चल रहे थे तो महात्मा गांधी उनसे मिले थे, तो वह गायत्री मंत्रों का जाप कर रहे थे।
राम मंदिर में किन्नरों का भी सहयोग लेंगे
राम मंदिर निर्माण पर किन्नर साध्वी शैली के दिए गए बयान पर शंकराचार्य बोले कि राम मंदिर बनाने के वादे पर भाजपा सहित घटक दल बैकफुट पर है तो ऐसे ही बयान आएंगे ही। राम मंदिर विश्व के समस्त हिंदुओं की मांग है। इसलिए किसी एक पक्ष के द्वारा राम मंदिर बनाने की बात और निर्माण के बाद उनका एकाधिकार हो जाएगा।
इसलिए राम मंदिर में सभी का सहयोग होना चाहिए। कहा कि किन्नर भी हमारे समाज का अंग है, उनका भी सहयोग लिया जाएगा। मालूम हो कि इंदौर में किन्नर साध्वी शैली ने कहा था कि अगर सरकार से राम मंदिर नहीं बनता तो वो ये मुद्दा हम किन्नरों को दे दें। हम राम मंदिर बना देंगे।
पंचदेव उपासना में शामिल होंगे शंकराचार्य
चातुर्मास में चलने वाली पंचदेव उपासना में शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती शामिल होंगे। गुरू पूर्णिमा से शुरू होने वाले चातुर्मास में हरिद्वार में पंचदेव उपासना की तैयारी करनी शुरू कर दी है। इसके लिए चेतन ज्योति के महंत ऋषिश्वरानंद ने बताया कि गंगा किनारे पंचदेव उपासना कराकर उत्तराखंड की सुख समृद्धि की कामना करेंगे।