फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Rudraprayag News ›   Vnagni are not enough resources to extinguish

वनाग्नि बुझाने के लिए नहीं हैं पर्याप्त संसाधन

Sun, 03 Apr 2016 08:42 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग Updated Sun, 03 Apr 2016 08:42 PM IST
विज्ञापन

विज्ञापन
वनाग्नि बुझाने के लिए वन कर्मियों के पास पर्याप्त संसाधन नहीं हैं। फायर रैक, पानी की बोतल व टार्च के भरोसे ही वन कर्मी जंगलों में लगी आग बुझा रहे हैं। सुरक्षात्मक उपकरण नहीं  होने से कई बार वन कर्मी झुलस भी हो जाते हैं। हालांकि विभागीय अधिकारियों का कहना है कि विभागीय स्तर पर पर्याप्त संसाधन हैं, लेकिन इनका वजन अधिक होने से उन्हें साथ ले जाना मुमकिन नहीं है।

हर वर्ष फायर सीजन के दौरान कई हेक्टेअर वन संपदा आग की चपेट में आने से नष्ट हो जाती है। हालांकि विभाग स्तर से आग बुझाने के लिए प्रयास किए जाते हैं, लेकिन उचित उपकरण नहीं होने से उनका प्रयास पूरा नहीं हो पाता है। फायर सीजन के दौरान वन कर्मियों को फायर रैक, फोलासकी, पानी की बोतल, हेलमेट टार्च, फायर प्रूफ जूते, फर्स्ट एड बॉक्स आदि देने का प्राविधान हैं। बावजूद इसके जिले में फायर सीजन के दौरान कर्मियों को फायर रैक, टार्च व पानी की बोतल ही मुहैया कराई जाती है। ऐसे में कर्मचारी  जंगल में ही हरे पत्तियों की टहनियों को मिलाकर झापा बनाकर आग बुझाने का काम करते हैं। कभी-कभार इसमें वन कर्मी झुलस भी जाते हैं।
विज्ञापन


प्रभागीय वनाधिकारी राजीव धीमान ने बताया कि फायर सीजन के दौरान वन कर्मियों को समुचित उपकरण व संसाधन उपलब्ध कराए जाते हैं। बताया कि पूरी टूल किट का वजन अधिक होने से सभी उपकरणों को साथ ले जाना मुमकिन नहीं है। ऐसे में जरूरी उपकरण ही वनाग्नि रोकने के लिए साथ ले जाए जाते हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी रेंज में कर्मियों के पास उपकरण नहीं है तो उन्हें उपकरण मुहैया कराए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed