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Rudraprayag News: मरीन ड्राइव का सपना नहीं हो सका साकार, दो बार सर्वे कर प्रस्ताव भेजा, नहीं मिल पाई स्वीकृति
Thu, 13 Feb 2025 05:28 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्र प्रयाग
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्र प्रयाग
Updated Thu, 13 Feb 2025 05:28 PM IST
सार
लोनिवि के विशेषज्ञों की मदद से बेलणी पुल के नीचे से रैंतोली बाईपास तक अलकनंदा नदी किनारे 3 किमी लंबे और 6 फीट चौड़े मरीन ड्राइव (पैदल मार्ग) का सर्वे किया गया था। विशेषज्ञों ने मरीन ड्राइव का डिजायन भी तैयार किया था जिसमें चिह्नित स्थानों पर छोटे-छोटे पार्क और हट्स भी बनने थे।
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रुद्रप्रयाग जिला
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
बेलणी पुल से रैंतोली बाईपास तक अलकनंदा नदी किनारे प्रस्तावित तीन किमी लंबे और छह फीट चौड़े मरीन ड्राइव का सपना साकार नहीं हो पाया है। लोनिवि ने मरीन ड्राइव को लेकर दो बार सर्वे कर 1.25 करोड़ का प्रस्ताव शासन को भेजा मगर सात वर्ष बाद भी इसे स्वीकृति नहीं मिल पाई।
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2017-18 में जिला प्रशासन ने रुद्रप्रयाग में मरीन ड्राइव की योजना बनाई थी। तब लोनिवि के विशेषज्ञों की मदद से बेलणी पुल के नीचे से रैंतोली बाईपास तक अलकनंदा नदी किनारे 3 किमी लंबे और 6 फीट चौड़े मरीन ड्राइव (पैदल मार्ग) का सर्वे किया गया था। विशेषज्ञों ने मरीन ड्राइव का डिजायन भी तैयार किया था जिसमें चिह्नित स्थानों पर छोटे-छोटे पार्क और हट्स भी बनने थे।
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लोक निर्माण विभाग की ओर से सर्वेक्षण के आधार पर 1.25 करोड़ का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था मगर इसे आज तक स्वीकृति नहीं मिल पाई। नगर पालिका के सभासद सुरेंद्र रावत, अजय आनंद नेगी, राकेश मोहन बिष्ट आदि ने कहा कि मरीन ड्राइव बनता तो पर्यटन के साथ रोजगार भी बढ़ता। इधर लेनिवि के अधिशासी अभियंता इंद्रजीत बोस ने बताया कि मरीन ड्राइव के संबंध में कई बार पत्राचार भी किया गया मगर कोई जवाब नहीं आया।