{"_id":"5f85ee318ebc3e9ba3265831","slug":"municipal-clerk-suspended-on-irregularities-roorkee-news-drn3589837162","type":"story","status":"publish","title_hn":"अनियमितता पर नगर निगम का लिपिक निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अनियमितता पर नगर निगम का लिपिक निलंबित
विज्ञापन
रुड़की। वेतन बनाने में अनियमितता बरतने के मामले में नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने अधिष्ठान लिपिक को निलंबित कर दिया है। निलंबन के साथ ही लिपिक को नगर आयुक्त कार्यालय से अटैच कर दिया गया है। इस मामले में नगर आयुक्त ने लिपिक से दो दिन के अंदर के स्पष्टीकरण मांगा था, लेकिन लिपिक ने कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद मामले में कार्रवाई कर जांच समिति का गठन किया गया।
नगर आयुक्त नूपुर वर्मा को शिकायत मिली थी कि चिकित्सा अवकाश स्वीकृत कराए बिना नगर निगम के अधिष्ठान लिपिक राजीव भटनागर ने मई के वेतन बनाने में कई अनियमितता की थी। इस पर स्पष्टीकरण मांगा गया। स्पष्टीकरण में लिपिक ने जवाब दिया था कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं थी कि चिकित्सा अवकाश स्वीकृत कराने के बाद ही वेतन बनाया जाएगा। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि सितंबर में लिपिक ने जो वेतन के बिल प्रस्तुत किए, उनके अवलोकन पर भी पाया गया कि फिर से तथ्यों को छिपाकर त्रुटिपूर्ण बिल प्रस्तुत किए गए हैं। इस पर फिर से लिपिक को पांच अक्तूबर को नोटिस जारी किया गया। नोटिस भेजने के दो दिन के अंदर लिपिक से स्पष्टीकरण देने की बात कही थी, लेकिन लिपिक ने मामले में कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि वेतन बनाने में अनियमितता पर अधिष्ठान लिपिक को निलंबित कर दिया है। इस मामले में एक समिति का गठन भी किया गया है। समिति इस प्रकरण की जांच कर एक माह के अंदर अपनी रिपोर्ट देगी। नगर आयुक्त ने बताया कि पूर्व में कई बार लिपिक इस तरह की अनियमितता बरत चुके हैं। कई बार स्पष्टीकरण दिया गया, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
तीन कार्मिकों को सौंपा कनिष्ठ सहायकों का जिम्मा
रुड़की। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने अधिष्ठान लिपिक को निलंबित करने के साथ ही निगम में कार्य कर रहे तीन कार्मिकों को कनिष्ठ सहायकों की जिम्मेदारी देते हुए विभिन्न विभागों में नियुक्त कर दिया है। नगर आयुक्त ने बताया कि तीनों कार्मिकों के कार्य अनुभव एवं योग्यता को देखते हुए अस्थाई रूप से तैनाती दी गई है।
विज्ञापन
नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि नगर निगम में कार्यरत कार्मिक नितिन गुप्ता, अजरुद्दीन, असगर अली अपनी तैनाती के समय से ही गृहकर, जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र अधिष्ठान में कार्य करते रहे हैं। तीनों कार्य में दक्ष हैं और कनिष्ठ सहायक पद की योग्यता भी रखते हैं। कार्य की अधिकता और कनिष्ठ सहायकों और लेखा लिपिकों की कमी के चलते अस्थाई व्यवस्था के तहत अग्रिम आदेशों तक तीनों कार्मिकों को प्रभारी कनिष्ठ सहायकों के रूप में तैनात कर कनिष्ठ सहायकों को कार्य किए जाने को लेकर नियुक्त किया गया है। अस्थाई व्यवस्था के तहत इन कार्मिकों को कोई अतिरिक्त वेतन या भत्ता आदि नहीं दिया जाएगा।
विज्ञापन
नगर आयुक्त नूपुर वर्मा को शिकायत मिली थी कि चिकित्सा अवकाश स्वीकृत कराए बिना नगर निगम के अधिष्ठान लिपिक राजीव भटनागर ने मई के वेतन बनाने में कई अनियमितता की थी। इस पर स्पष्टीकरण मांगा गया। स्पष्टीकरण में लिपिक ने जवाब दिया था कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं थी कि चिकित्सा अवकाश स्वीकृत कराने के बाद ही वेतन बनाया जाएगा। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि सितंबर में लिपिक ने जो वेतन के बिल प्रस्तुत किए, उनके अवलोकन पर भी पाया गया कि फिर से तथ्यों को छिपाकर त्रुटिपूर्ण बिल प्रस्तुत किए गए हैं। इस पर फिर से लिपिक को पांच अक्तूबर को नोटिस जारी किया गया। नोटिस भेजने के दो दिन के अंदर लिपिक से स्पष्टीकरण देने की बात कही थी, लेकिन लिपिक ने मामले में कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि वेतन बनाने में अनियमितता पर अधिष्ठान लिपिक को निलंबित कर दिया है। इस मामले में एक समिति का गठन भी किया गया है। समिति इस प्रकरण की जांच कर एक माह के अंदर अपनी रिपोर्ट देगी। नगर आयुक्त ने बताया कि पूर्व में कई बार लिपिक इस तरह की अनियमितता बरत चुके हैं। कई बार स्पष्टीकरण दिया गया, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
विज्ञापन
तीन कार्मिकों को सौंपा कनिष्ठ सहायकों का जिम्मा
रुड़की। नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने अधिष्ठान लिपिक को निलंबित करने के साथ ही निगम में कार्य कर रहे तीन कार्मिकों को कनिष्ठ सहायकों की जिम्मेदारी देते हुए विभिन्न विभागों में नियुक्त कर दिया है। नगर आयुक्त ने बताया कि तीनों कार्मिकों के कार्य अनुभव एवं योग्यता को देखते हुए अस्थाई रूप से तैनाती दी गई है।
विज्ञापन
नगर आयुक्त नूपुर वर्मा ने बताया कि नगर निगम में कार्यरत कार्मिक नितिन गुप्ता, अजरुद्दीन, असगर अली अपनी तैनाती के समय से ही गृहकर, जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र अधिष्ठान में कार्य करते रहे हैं। तीनों कार्य में दक्ष हैं और कनिष्ठ सहायक पद की योग्यता भी रखते हैं। कार्य की अधिकता और कनिष्ठ सहायकों और लेखा लिपिकों की कमी के चलते अस्थाई व्यवस्था के तहत अग्रिम आदेशों तक तीनों कार्मिकों को प्रभारी कनिष्ठ सहायकों के रूप में तैनात कर कनिष्ठ सहायकों को कार्य किए जाने को लेकर नियुक्त किया गया है। अस्थाई व्यवस्था के तहत इन कार्मिकों को कोई अतिरिक्त वेतन या भत्ता आदि नहीं दिया जाएगा।