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सम्मान के साथ फसल की सुरक्षी भी मुहैया कराए सरकार
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11 लाखी राम रतूड़ी भूत पूर्व सैनिक एवं स्थानीय कृषक खदरी।
- फोटो : RISHIKESH
देश के अन्नदाताओं को आर्थिक संबल प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार उनको किसान सम्मान निधि दे रही है, लेकिन ऋषिकेश तहसील क्षेत्र में कृषि और उद्यान विभाग की ओर से फसल की सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम न उठाए जाने के चलते किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार नहीं आ रहा हैै। उपेक्षा के चलते हाथी, नीलगाय, बंदर, हिरन किसानों की फसल चट कर रहे हैं। फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए खेतों के किनारे लगाई गई सोलर फेंसिंग नदी के तेज बहाव में बह रही है तो कहीं मरम्मत न होने के चलते सोलर फेंसिंग और तारबाड़ लंबे समय से खराब पड़ी है।
वर्जन
- खेतों के खड़ी फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए वन विभाग की ओर से खाई खोदी गई है। लेकिन खाई हाथी और नीलगाय जैसे जानवरों को रोकने में नाकाम रही है। इसके बाद विभाग ने सोलर फेंसिंग लगाई। फेंसिंग कई बार क्षतिग्रस्त हो जाती है। समय पर मरम्मत नहीं हो पाती। हाथी खेतों में घुसकर फसल को चट कर जाते हैं। तारबाड लगाना ही नहीं उसका रखरखाव भी जरूरी है।
- बलविंदर सिंह, नवाबवाला छिद्दरवाला
आशा प्लाट और ओणेश्वर मंदिर क्षेत्र एक ओर से जंगल से लगा है और दूसरी ओर हाईवे से। लोगों की ओर से जो लावारिस मवेशी हाईवे पर छोड़े जाते हैं। हाथी, नीलगाय, बंदर और लावारिस जानवर तैयार फसल को नष्ट कर देते हैं।
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- सतनाम सिंह, छिद्दरवाला
सिंचाई विभाग की लापरवाही से सौंग नदी के पास वन विभाग की ओर से खोदी खाई पिछले साल छह अगस्त को मलबे से पट गई। सौंग नदी क्षेत्र हाथी, नीलगाय और अन्य जंगली जानवर खदरी खड़कमाफ के खेतों में खड़ी फसल को चट कर रहे हैं। सोलर फेंसिंग भी पूरी न लगने से जंगली जानवर और लावारिस मवेशी फसल को साफ कर जाते हैं। जब फसल सुरक्षित होगी तभी तो किसानों की आय बढ़ेगी।
- लाखीराम रतूड़ी, खदरी खड़कमाफ
खदरी खड़क माफ क्षेत्र में जंगली जानवरों और लावारिस मवेशियों के कारण किसानों परेशानी हो रही है। कई किसानों ने सैकड़ों रुपये खर्च कर अपने खेतों की तारबाड़ की है। जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं उनके खेतों को जानवर साफ कर रहे हैं। फसल की सुरक्षा के लिए भी संचालित योजनाओं की निगरानी और समीक्षा बहुत जरूरी है।
- मंजीत राठौर, खदरी खड़कमाफ
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वर्जन
- खेतों के खड़ी फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए वन विभाग की ओर से खाई खोदी गई है। लेकिन खाई हाथी और नीलगाय जैसे जानवरों को रोकने में नाकाम रही है। इसके बाद विभाग ने सोलर फेंसिंग लगाई। फेंसिंग कई बार क्षतिग्रस्त हो जाती है। समय पर मरम्मत नहीं हो पाती। हाथी खेतों में घुसकर फसल को चट कर जाते हैं। तारबाड लगाना ही नहीं उसका रखरखाव भी जरूरी है।
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- बलविंदर सिंह, नवाबवाला छिद्दरवाला
आशा प्लाट और ओणेश्वर मंदिर क्षेत्र एक ओर से जंगल से लगा है और दूसरी ओर हाईवे से। लोगों की ओर से जो लावारिस मवेशी हाईवे पर छोड़े जाते हैं। हाथी, नीलगाय, बंदर और लावारिस जानवर तैयार फसल को नष्ट कर देते हैं।
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- सतनाम सिंह, छिद्दरवाला
सिंचाई विभाग की लापरवाही से सौंग नदी के पास वन विभाग की ओर से खोदी खाई पिछले साल छह अगस्त को मलबे से पट गई। सौंग नदी क्षेत्र हाथी, नीलगाय और अन्य जंगली जानवर खदरी खड़कमाफ के खेतों में खड़ी फसल को चट कर रहे हैं। सोलर फेंसिंग भी पूरी न लगने से जंगली जानवर और लावारिस मवेशी फसल को साफ कर जाते हैं। जब फसल सुरक्षित होगी तभी तो किसानों की आय बढ़ेगी।
- लाखीराम रतूड़ी, खदरी खड़कमाफ
खदरी खड़क माफ क्षेत्र में जंगली जानवरों और लावारिस मवेशियों के कारण किसानों परेशानी हो रही है। कई किसानों ने सैकड़ों रुपये खर्च कर अपने खेतों की तारबाड़ की है। जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं उनके खेतों को जानवर साफ कर रहे हैं। फसल की सुरक्षा के लिए भी संचालित योजनाओं की निगरानी और समीक्षा बहुत जरूरी है।
- मंजीत राठौर, खदरी खड़कमाफ