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Rishikesh News: अवैध टुल्लू पंप से वाहनों की धुलाई, गंदगी चंद्रभागा नदी में समा रही
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Iवन विभाग की अनदेखी से एनजीटी के आदेशों की उड़ रही धज्जियां
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Iचंद्रभागा से गंगा में जा रही वाहनों की धुलाई की गंदगीI
वन विभाग ऋषिकेश रेंज के अधिकारियों की लापरवाही से चारधाम यात्रा ट्रांजिट कैंप के पीछे चंद्रभागा नदी का दोहन नहीं रुक रहा है। यहां वन भूमि पर दर्जनों अवैध टुल्लू पंप संचालित हो रहे हैं, जो दिनरात भूजल का दोहन कर रहे हैं। सुबह से लेकर देर शाम तक यहां वाहनों की धुलाई का काम चल रहा है। अवैध रूप से संचालित टुल्लू पंप संचालक वन विभाग को लाखों रुपये के राजस्व का चूना लगा रहे हैं। सब कुछ जानते हुए अधिकारी कार्रवाई नहीं कर पा रहे हैं।
वन भूमि होने के कारण चंद्रभागा नदी में किसी भी प्रकार के टुल्लू पंप का संचालन करने की अनुमति नहीं है। पंप का संचालन केवल निजी भूमि पर किया जा सकता है। लेकिन यहां वन विभाग की मिलीभगत के चलते कई वर्षों से भू जल का दोहन हो रहा है। एनजीटी के नियमानुसार गंगा और उसकी सहायक नदी के 100 मीटर की परिधि के अंदर किसी भी प्रकार के निर्माण कार्य पर रोक है। लेकिन यहां चंद्रभागा नदी के तट पर पंपों से धड़ल्ले से वाहनों की धुलाई की जा रही है। वाहनों से निकलने वाली गंदगी सीधे चंद्रभागा नदी में प्रवाहित की जा रही है। जो यहां से करीब 200 मीटर दूर आगे चलकर गंगा में मिल रही। यहां दिनरात इंजन लगाकर चंद्रभागा नदी से पानी पंप किया जा रहा है।
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Iवन विभाग की ओर से जल्द ही इस ओर उचित कार्रवाई की जाएगी। चंद्रभागा नदी में संचालित अवैध टुल्लू पंप हटाए जाएंगे। - देवेंद्र पुंडीर, रेंज अधिकारी ऋषिकेशI
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Iचंद्रभागा से गंगा में जा रही वाहनों की धुलाई की गंदगीI
वन विभाग ऋषिकेश रेंज के अधिकारियों की लापरवाही से चारधाम यात्रा ट्रांजिट कैंप के पीछे चंद्रभागा नदी का दोहन नहीं रुक रहा है। यहां वन भूमि पर दर्जनों अवैध टुल्लू पंप संचालित हो रहे हैं, जो दिनरात भूजल का दोहन कर रहे हैं। सुबह से लेकर देर शाम तक यहां वाहनों की धुलाई का काम चल रहा है। अवैध रूप से संचालित टुल्लू पंप संचालक वन विभाग को लाखों रुपये के राजस्व का चूना लगा रहे हैं। सब कुछ जानते हुए अधिकारी कार्रवाई नहीं कर पा रहे हैं।
वन भूमि होने के कारण चंद्रभागा नदी में किसी भी प्रकार के टुल्लू पंप का संचालन करने की अनुमति नहीं है। पंप का संचालन केवल निजी भूमि पर किया जा सकता है। लेकिन यहां वन विभाग की मिलीभगत के चलते कई वर्षों से भू जल का दोहन हो रहा है। एनजीटी के नियमानुसार गंगा और उसकी सहायक नदी के 100 मीटर की परिधि के अंदर किसी भी प्रकार के निर्माण कार्य पर रोक है। लेकिन यहां चंद्रभागा नदी के तट पर पंपों से धड़ल्ले से वाहनों की धुलाई की जा रही है। वाहनों से निकलने वाली गंदगी सीधे चंद्रभागा नदी में प्रवाहित की जा रही है। जो यहां से करीब 200 मीटर दूर आगे चलकर गंगा में मिल रही। यहां दिनरात इंजन लगाकर चंद्रभागा नदी से पानी पंप किया जा रहा है।
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Iवन विभाग की ओर से जल्द ही इस ओर उचित कार्रवाई की जाएगी। चंद्रभागा नदी में संचालित अवैध टुल्लू पंप हटाए जाएंगे। - देवेंद्र पुंडीर, रेंज अधिकारी ऋषिकेशI
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