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कैबिनेट मंत्री ने किया निर्माणाधीन जानकी पुल का निरीक्षण
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जानकी पुल का निरीक्षण करते कृषि मंत्री सुबोध उनियाल व अन्य।
- फोटो : RISHIKESH
ऋषिकेश। मुनिकीरेती के पूर्णानंद घाट में निर्माणाधीन जानकी पुल का कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने पुल की गुणवत्ता और यहां चल रहे काम का औचक निरीक्षण किया। साथ ही मौके पर उपस्थित अधिकारियों को शीघ्र ही पुल का निर्माण पूरा करने के निर्देश दिए।
शुक्रवार को कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने स्वयं जानकी पुल के ऊपर चलकर निरीक्षण किया। इस दौरान लोक निर्माण विभाग नरेंद्रनगर के अधिशासी अभियंता मौहम्मद आरिफ खान ने बताया कि पुल में दोनों ओर से दोपहिया वाहनों के आवागमन के लिए 1.2मीटर और पैदल के लिए 1.5 मीटर की दूरी रखी गई है। उन्होंने बताया कि पुल की मजबूती परखने के लिए उसके ऊपर चौपहिया वाहन चलाया जा चुका है। पुल के निर्माण पर कैबिनेट मंत्री ने संतोष जताया और मौके पर उपस्थित अधिकारियों को शीघ्र ही पुल का निर्माण पूरा करने के लिए निर्देशित किया। इस मौके पर उपजिलाधिकारी युक्ता मिश्र, पालिकाध्यक्ष रोशन रतूड़ी, मंडी अध्यक्ष विनोद कुकरेती, विक्रम यूनियन सचिव प्रवीन नौटियाल, जगवीर नेगी, सचिन रस्तोगी आदि उपस्थित थे।
बदले की भावना से बढ़ाया पुल का बजट
जानकी पुल की कीमत पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत में बदले की भावना होने के कारण बड़ी है। शुक्रवार को पुल का निरीक्षण करने पहुंचे कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने यह बात पत्रकारों से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने कहा कि 17 मार्च 2016 को प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री ने जानकी पुल का निर्माण कार्य रोकने का कार्य किया। जिसके बाद 2017 में वह सरकार मेें आए और पुल के निर्माण को स्वीकृति दी। मगर उस दौरान पुल का बजट काफी बढ़ चुका था।
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तपोवन तक बनेंगे घाट
मुनिकीरेती में चल रहे घाटों के निर्माण कार्य का भी कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घाटों के निर्माण पर संतोष जताया। कहा कि यहां आने वाले यात्री घाटों में बैठकर, टहलकर सुकून प्राप्त कर सकेंगे। बताया कि जल्द ही तपोवन तक गंगा किनारे घाट बनाने का प्रस्ताव कैबिनेट में रखा जाएगा। इससे ऋषिकेश तक तपोवन पर्यटक गंगा किनारे का सुखद अनुभव ले सकेंगे। उन्होंने बताया कि यहां व्यापार को बढ़ावा देने के लिए घाटों को पूर्ण रूप से अतिक्रमण मुक्त रखा जाएगा।
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शुक्रवार को कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने स्वयं जानकी पुल के ऊपर चलकर निरीक्षण किया। इस दौरान लोक निर्माण विभाग नरेंद्रनगर के अधिशासी अभियंता मौहम्मद आरिफ खान ने बताया कि पुल में दोनों ओर से दोपहिया वाहनों के आवागमन के लिए 1.2मीटर और पैदल के लिए 1.5 मीटर की दूरी रखी गई है। उन्होंने बताया कि पुल की मजबूती परखने के लिए उसके ऊपर चौपहिया वाहन चलाया जा चुका है। पुल के निर्माण पर कैबिनेट मंत्री ने संतोष जताया और मौके पर उपस्थित अधिकारियों को शीघ्र ही पुल का निर्माण पूरा करने के लिए निर्देशित किया। इस मौके पर उपजिलाधिकारी युक्ता मिश्र, पालिकाध्यक्ष रोशन रतूड़ी, मंडी अध्यक्ष विनोद कुकरेती, विक्रम यूनियन सचिव प्रवीन नौटियाल, जगवीर नेगी, सचिन रस्तोगी आदि उपस्थित थे।
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बदले की भावना से बढ़ाया पुल का बजट
जानकी पुल की कीमत पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत में बदले की भावना होने के कारण बड़ी है। शुक्रवार को पुल का निरीक्षण करने पहुंचे कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने यह बात पत्रकारों से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने कहा कि 17 मार्च 2016 को प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री ने जानकी पुल का निर्माण कार्य रोकने का कार्य किया। जिसके बाद 2017 में वह सरकार मेें आए और पुल के निर्माण को स्वीकृति दी। मगर उस दौरान पुल का बजट काफी बढ़ चुका था।
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तपोवन तक बनेंगे घाट
मुनिकीरेती में चल रहे घाटों के निर्माण कार्य का भी कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घाटों के निर्माण पर संतोष जताया। कहा कि यहां आने वाले यात्री घाटों में बैठकर, टहलकर सुकून प्राप्त कर सकेंगे। बताया कि जल्द ही तपोवन तक गंगा किनारे घाट बनाने का प्रस्ताव कैबिनेट में रखा जाएगा। इससे ऋषिकेश तक तपोवन पर्यटक गंगा किनारे का सुखद अनुभव ले सकेंगे। उन्होंने बताया कि यहां व्यापार को बढ़ावा देने के लिए घाटों को पूर्ण रूप से अतिक्रमण मुक्त रखा जाएगा।