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निगम ने बिना टेंडर चहेते को दिया पार्किंग का ठेका
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ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। चारधाम यात्रा के लिए पार्किंग के नाम पर निगम की बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। निगम ने बिना टेंडर प्रक्रिया के एक व्यक्ति को वन विभाग की भूमि पर पार्किंग के लिए अस्थाई रूप से जगह दे दी है। दिलचस्प बात यह है कि वन विभाग और निगम के बीच पार्किंग के लिए सिर्फ मौखिक सहमति बनी है। निगम के आधा दर्जन पार्षदों ने नगर आयुक्त को ज्ञापन सौंप बिना टेंडर पार्किंग देने पर सवाल उठाए हैं। सोमवार को पार्षद देवेंद्र प्रजापति, मनीष शर्मा, राम अवतारी, लव कांबोज, शिव कुमार गौतम, चेतन चौहान नगर निगम पहुंचे।
पार्षदों ने नगर निगम पर अपने चहेतों को लाभ देने का आरोप लगाया। पार्षद देवेंद्र प्रजापति ने कहा कि पार्किंग के लिए ओपन टेंडर प्रक्रिया की जानी चाहिए थी। इसमें कई लोग बोली लगाते। जिस भी व्यक्ति की बोली सबसे ज्यादा होती उसी के नाम पार्किंग का ठेका आवंटित होना चाहिए था। निगम ने बिना टेंडर अपने चहेते को पार्किंग का जिम्मा सौंप दिया। पार्षद शिव कुमार गौतम ने कहा कि निगम ने वन विभाग की भूमि पर पार्किंग का ठेका दे दिया है। इसमें बकायदा 50 रुपये की रसीद चारधाम यात्रा नगर निगम ऋषिकेश लिखी हुई है।
उन्होंने कहा कि इस तरह का कोई प्रस्ताव पिछली बोर्ड बैठक में पारित नहीं हुआ था। उन्होंने कहा कि यदि इस तरह के प्रावधान नगर निगम के किसी पदाधिकारी अथवा चेयरपर्सन ने किया है, तो नियम विरुद्घ है। यह सीधे निगम के राजस्व को नुकसान पहुंचाने का प्रयास है। इसके खिलाफ जन आंदोलन किया जाएगा।
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कोट्स
निगम की पार्किंग जिस भूमि पर है, वन विभाग के अंतर्गत आती है। निगम और विभाग के बीच किसी तरह की कोई लिखित सहमति नहीं बनी है।
- आरपीएस नेगी, वन क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश रेंज
चारधाम यात्रा के लिए अस्थाई पार्किंग निगम की ओर से मौखिक तौर पर दी गई है। इस पार्किंग पर तीन माह के लिए पार्किंग वसूली होगी। इसका निगम के साथ कोई टेंडर व अनुबंध नहीं किया गया है।
- चतर सिंह चौहान, मुख्य नगर आयुक्त
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पार्षदों ने नगर निगम पर अपने चहेतों को लाभ देने का आरोप लगाया। पार्षद देवेंद्र प्रजापति ने कहा कि पार्किंग के लिए ओपन टेंडर प्रक्रिया की जानी चाहिए थी। इसमें कई लोग बोली लगाते। जिस भी व्यक्ति की बोली सबसे ज्यादा होती उसी के नाम पार्किंग का ठेका आवंटित होना चाहिए था। निगम ने बिना टेंडर अपने चहेते को पार्किंग का जिम्मा सौंप दिया। पार्षद शिव कुमार गौतम ने कहा कि निगम ने वन विभाग की भूमि पर पार्किंग का ठेका दे दिया है। इसमें बकायदा 50 रुपये की रसीद चारधाम यात्रा नगर निगम ऋषिकेश लिखी हुई है।
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उन्होंने कहा कि इस तरह का कोई प्रस्ताव पिछली बोर्ड बैठक में पारित नहीं हुआ था। उन्होंने कहा कि यदि इस तरह के प्रावधान नगर निगम के किसी पदाधिकारी अथवा चेयरपर्सन ने किया है, तो नियम विरुद्घ है। यह सीधे निगम के राजस्व को नुकसान पहुंचाने का प्रयास है। इसके खिलाफ जन आंदोलन किया जाएगा।
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निगम की पार्किंग जिस भूमि पर है, वन विभाग के अंतर्गत आती है। निगम और विभाग के बीच किसी तरह की कोई लिखित सहमति नहीं बनी है।
- आरपीएस नेगी, वन क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश रेंज
चारधाम यात्रा के लिए अस्थाई पार्किंग निगम की ओर से मौखिक तौर पर दी गई है। इस पार्किंग पर तीन माह के लिए पार्किंग वसूली होगी। इसका निगम के साथ कोई टेंडर व अनुबंध नहीं किया गया है।
- चतर सिंह चौहान, मुख्य नगर आयुक्त