फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Uttarakhand Transport Corporation buses are struggling to cope with the mountainous terrain, causing inconvenience to passengers

Pithoragarh News: पहाड़ों में जवाब दे रहीं उत्तराखंड परिवहन की रोडवेज बसें, यात्रियों को उठानी पड़ रही परेशानी

Thu, 23 Jul 2026 11:07 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़ Updated Thu, 23 Jul 2026 11:07 PM IST
विज्ञापन
Uttarakhand Transport Corporation buses are struggling to cope with the mountainous terrain, causing inconvenience to passengers
चंपावत। उत्तराखंड परिवहन निगम की जर्जर बसें यात्रियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही हैं। पहाड़ के घुमावदार और जोखिम भरे मार्गों पर उम्र पूरी कर चुकी रोडवेज बसें आए दिन बीच सफर में खराब हो रही हैं। ऐसे में यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बसों में कभी इंजन की फैन बेल्ट टूट जाती है तो कभी क्लच। इसके अलावा कभी प्रेशर पाइप फटने से वाहन रास्ते में ही खड़े हो जाते हैं। रखरखाव के अभाव में बसों की तकनीकी खराबियां लगातार बढ़ रही हैं। इसका खामियाजा यात्रियों को बीच रास्ते में घंटों इंतजार कर भुगतना पड़ रहा है।
विज्ञापन

पिथौरागढ़ और लोहाघाट रोडवेज डिपो से टनकपुर, हल्द्वानी, बरेली, दिल्ली, देहरादून, चंडीगढ़ समेत कई प्रमुख रूटों पर प्रतिदिन बसों का संचालन होता है। इन मार्गों पर हजारों यात्री रोडवेज सेवा पर निर्भर हैं लेकिन बसों के कलपुर्जे कब और कहां जवाब दे जाएं इसका कोई भरोसा नहीं है। पहले ऐसे ही कई बार बसें बीच रास्तों में खड़ी हो चुकी हैं।
विज्ञापन

कहीं इंजन की फैन बेल्ट टूटने, तो कहीं क्लच पाइप और गियर बॉक्स में खराबियों के चलते यात्रियों को घंटों सड़क पर फंसना पड़ा। पर्वतीय मार्गों पर इस तरह की खराबियां यात्रियों की सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा बन रही हैं। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने परिवहन निगम के रखरखाव और बसों की फिटनेस व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


केस एक :
एक महीने पहले 24 जून मरोड़ाखान के पास झूलाघाट से देहरादून जा रही पिथौरागढ़ डिपो की बस खराब हो गई थी। तब बस में 35 यात्री थे। बीच रास्ते में बस के खराब होने के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा था। दो घंटे के इंतजार के बाद यात्रियों के लिए दूसरी बस भेजकर उन्हें गंतव्य के लिए रवाना किया गया था।

केस दो :
बीते माह 21 जून को पिथौरागढ़ डिपो की बस टनकपुर को जा रही थी। तभी रास्ते में घाट पार करते ही बाराकोट क्षेत्र की चढ़ाई में बस धीरे-धीरे हांफती नजर आई। लोहाघाट से करीब 15 किमी पहले बस अचानक बंद हो गई। तब बस में सवार 22 से अधिक यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। चालक ने बस की जांच की। पता चला कि कूलेंट का पाइप फटने के कारण बस बंद हुई।


केस तीन :
एक जून को टनकपुर डिपो की (यूके 07 पीए 3233) बस लोहाघाट से बेड़ीनाग जाने के दौरान बाराकोट में खराब हो गई। इससे बस में सवार 20 से अधिक यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। उसी दिन पिथौरागढ़ डिपो की गुरुग्राम से आ रही दूसरी बस बनबसा क्षेत्र में खराब हो गई थी। बस में सवार पिथौरागढ़ जा रहे 30 यात्रियों को दूसरी बस से गंतव्य के लिए भेजा गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed