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संचार सेवाओं में सुधार के बाद शुरू होगी टेली रेडियोलॉजी सेवा
ब्यूरो/अमर उजाला, धारचूला
Updated Tue, 14 Nov 2017 10:36 PM IST
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जौलजीबी मेले का उद्घाटन करते मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत
- फोटो : अमर उजाला
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मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि संचार सेवाओं में सुधार के बाद धारचूला के अस्पताल में टेली रेडियोलॉजी की सुविधा दी जाएगी। यहां के लोगों को बीमारी की रिपोर्ट मुंबई, दिल्ली, विदेश के अस्पताल से शीघ्र मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि इस समय प्रदेश के सिर्फ 12 अस्पतालों में टेली रेडियोलॉजी की सुविधा है। भविष्य में धारचूला भी इससे जुड़ जाएगा।
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जौलजीबी मेले के मंच से मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचेश्वर बांध का निर्माण तभी होगा, जब लोगों के पुनर्वास की पूरी व्यवस्था हो जाएगी। इसके अलावा प्रभावितों को नौकरी भी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार बांध प्रभावितों के हितों की पूरी रक्षा करेगी। बांध को उन्होंने विकास के लिए जरूरी बताते हुए कहा कि इसका फायदा सभी को मिलेगा।
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मुख्यमंत्री ने सीमांत के एकमात्र महाविद्यालय बलुवाकोट में अगले सत्र से स्नातकोत्तर की कक्षाएं चलाने की घोषणा करते हुए कहा कि इसके आदेश की प्रति जल्दी भेज दी जाएगी। कॉलेज में खेल मैदान का भी निर्माण किया जाएगा। धारचूला नगर में 24 करोड़ रुपये की लागत से सीवर लाइन बिछाने की घोषणा कर मुख्यमंत्री ने लोगों की पुरानी मांग को पूरा किया। सीएम ने बलुवाकोट से पय्यांपौड़ी तक सड़क के चौड़ीकरण और विस्तारीकरण के लिए चार करोड़ रुपये देने, सीमांत की कई सड़कों के सुधारीकरण के लिए धन देने, तांकुल में मिनी स्टेडियम बनाने, झूलापुल का निर्माण करने, ऐलागाड़ और दोबाट में नदी से सुरक्षा के लिए दीवार लगाने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह उतनी ही घोषणाएं करते हैं, जिन पर काम हो सके।
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जौलजीबी मेला संचालन के लिए पांच लाख दिए
जौलजीबी मेेले का विधिवत शुभारंभ हो गया है। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मंगलवार को सरस्वती और पंडित नेहरू के चित्र पर माल्यार्पण कर मेले के विधिवत शुभारंभ की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने स्टाल का रिबन काटकर उद्घाटन किया। पहली बार जौलजीबी पहुंचे मुख्यमंत्री को सुनने और देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे थे। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जौलजीबी मेला संचालन के लिए पांच लाख रुपये देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन की सरकार से लोगों को काफी अपेक्षाएं हैं, इसे पूरा किया जाएगा। सबसे पहले सीमांत की संचार सेवा में सुधार होगा, ताकि यहां के लोग डिजिटल इंडिया से जुड़ सकें। जिले के प्रभारी मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि सरकार किसानों के लिए खास योजनाएं बना रही है, ताकि लोगों का आर्थिक स्तर ऊंचा उठ सके। उन्होंने कहा कि कृषि को बढ़ावा देने के प्रयास होंगे। विधायक हरीश धामी ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए सड़क, संचार की सुविधा बढ़ाने पर जोर दिया। सामाजिक कार्यकर्ता लीला बनंग्याल ने भी मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इस मौके पर जिलाधिकारी सी रविशंकर, पुलिस अधीक्षक अजय जोशी, एडीएम मोहम्मद नासिर, एसडीएम आरके पांडे, डीडीहाट के विधायक विशन सिंह चुफाल, अस्कोट राजवंश के कुंवर भानुराज पाल, भाजपा नेता स्वामी वीरेंद्रानंद, महेंद्र बुदियाल, रुकम सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष वीरेंद्र वल्दिया, गणेश भंडारी समेत जिले के कई अफसर मौजूद थे।
सरकारी विभागों के 40 स्टाल लगे
जौलजीबी मेले में इस बार सरकारी विभागों के 40 स्टाल लगे हैं। इसके अलावा 250 अस्थायी दुकानें खुल गई हैं। मंगलवार को मेले का पहला दिन होने के कारण ज्यादा बिक्री नहीं हुई, लेकिन व्यापारियों को उम्मीद है कि बुधवार से मेले में खरीदारों की भीड़ बढ़ने के साथ ही बिक्री भी बढ़ेगी। पहले दिन उद्घाटन की औपचारिकता के बाद मेले की चहल-पहल कम हो गई। जौलजीबी में मुख्य मेला 17 नवंबर को संक्रांति के दिन होगा। उस दिन लोग संगम पर स्नान के बाद खरीदारी करेंगे। मेले में नेपाल के लोगों की आवाजाही शुरू हो गई है। अंतरराष्ट्रीय झूलापुल से मंगलवार को सैकड़ों लोग जौलजीबी पहुंचे। जौलजीबी के उस पार नेपाल में भी अस्थायी दुकानें खुल चुकी हैं।