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Pithoragarh News: कोई बूंद-बूंद पानी के लिए रोता है, कोई सड़क धोता है
Sun, 23 Jun 2024 11:12 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Sun, 23 Jun 2024 11:12 PM IST
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गंगोलीहाट में बर्बाद किए पानी से भरे गड्ढे। संवाद
पानी की बर्बादी पर रोक नहीं, उपभोक्ता बोले, पानी का संयोजन लिया है, बिल भुगतान करते हैं
गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। गर्मी के इस सीजन में पानी की भारी किल्लत हो रही है। कई इलाकों में लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं मगर कुछ लोग पानी इस तरह बर्बाद कर रहे हैं कि वाहन धोने, घर-आंगन और दुकानों का फर्श यहां तक कि दुकान के आगे सड़क तक को धोने में लगे रहते हैं। उन्हें पानी बर्बाद करने पर कोई मलाल भी नहीं होता है। ऐसे लोगों से पानी की बर्बादी के बाबत कहा जाता है तो उनका कहना है कि हमने पानी का कनेक्शन लिया है और ररे बिल का भुगतान करते हैं।
नगर में पानी बर्बाद करने वाले ऐसे असामाजिक लोगों को रोज देखा जा सकता है। सुबह के समय जब नलों में पानी आता है ऐसे लोग अपनी जरूरत पूरी करने के बाद उसे बर्बाद करने पर जुट जाते हैं। पाइप हाथ में लेकर अपनी दुकान के आगे सड़क गीली करना, चौपहिया, दोपहिया वाहनों को प्रेशर से धोना इनका रोजमर्रा का काम हो गया है। यदि कोई इन्हें टोकने का प्रयास करता है तो यह सीधा-सपाट जवाब देते हैं पानी का संयोजन ले रखा है, बिल का भुगतान करते हैं। जल महकमा और प्रशासन ऐसे लोगों पर कार्यवाही करने में नाकाम रहा है। बारिश नहीं होने पर भी सड़क पर बने गड्ढे बर्बाद किए गए पानी से भरे रहते हैं। सड़क कई घंटे तक गीली नजर आती है। इस संबंध में जल संस्थान के अवर अभियंता रूपेश आर्या का कहना है कि यदि कोई पकड़ा गया तो उसका संयोजन काट दिया जाएगा। संवाद
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गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। गर्मी के इस सीजन में पानी की भारी किल्लत हो रही है। कई इलाकों में लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं मगर कुछ लोग पानी इस तरह बर्बाद कर रहे हैं कि वाहन धोने, घर-आंगन और दुकानों का फर्श यहां तक कि दुकान के आगे सड़क तक को धोने में लगे रहते हैं। उन्हें पानी बर्बाद करने पर कोई मलाल भी नहीं होता है। ऐसे लोगों से पानी की बर्बादी के बाबत कहा जाता है तो उनका कहना है कि हमने पानी का कनेक्शन लिया है और ररे बिल का भुगतान करते हैं।
नगर में पानी बर्बाद करने वाले ऐसे असामाजिक लोगों को रोज देखा जा सकता है। सुबह के समय जब नलों में पानी आता है ऐसे लोग अपनी जरूरत पूरी करने के बाद उसे बर्बाद करने पर जुट जाते हैं। पाइप हाथ में लेकर अपनी दुकान के आगे सड़क गीली करना, चौपहिया, दोपहिया वाहनों को प्रेशर से धोना इनका रोजमर्रा का काम हो गया है। यदि कोई इन्हें टोकने का प्रयास करता है तो यह सीधा-सपाट जवाब देते हैं पानी का संयोजन ले रखा है, बिल का भुगतान करते हैं। जल महकमा और प्रशासन ऐसे लोगों पर कार्यवाही करने में नाकाम रहा है। बारिश नहीं होने पर भी सड़क पर बने गड्ढे बर्बाद किए गए पानी से भरे रहते हैं। सड़क कई घंटे तक गीली नजर आती है। इस संबंध में जल संस्थान के अवर अभियंता रूपेश आर्या का कहना है कि यदि कोई पकड़ा गया तो उसका संयोजन काट दिया जाएगा। संवाद
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