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Pithoragarh News: चीन सीमा पर पहले अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू
Wed, 01 Nov 2023 09:47 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Wed, 01 Nov 2023 09:47 PM IST
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पिथौरागढ़ के चीन सीमा में 10500फुट की ऊंचाई पर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण कार्
पिथौरागढ़। चीन सीमा पर पिथौरागढ़ जिले के पहले वाइब्रेंट गांव गुंजी में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। अस्पताल के बनने से व्यास वैली के सात गांवों के ग्रामीणों और सीमा पर सरहदों की रक्षा कर रहे आर्मी, आईटीबीपी, एसएसबी, पुलिस के साथ बीआरओ,अन्य सुरक्षा एजेंसियों के अलावा ओम पर्वत आदि कैलाश आने वाले पर्यटकों को इसका लाभ मिलेगा।
भारत सरकार ने वाइब्रेंट विलेज के तौर पर पिथौरागढ़ जिले के 10,500 फुट की ऊंचाई पर स्थित गुंजी गांव का चयन किया। यहां 3.89 करोड़ की लागत से पीएचसी और चिकित्सकों और अन्य स्टाफ के रहने के लिए ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण कार्य किया जाना है। कार्यदायी संस्था पहले चरण पीएचसी का भवन बना रही है। जल्द ही वह ट्रांजिट हॉस्टल का भी निर्माण शुरू करेगी।
वर्तमान में पीएचसी भवन का करीब 20 प्रतिशत कार्य कर लिया गया है। बदहाल सड़क होने के कारण यहां पर सामान, मजदूर आदि पहुंचाने में कार्यदायी संस्था को दिक्कत हो रही है। यहां पर अस्पताल बनने से व्यास वैली के सात गांव बूंदी, गर्ब्यांग, नपलच्यू, रोगकांग, गुंजी, नाभी, कुटी गांवों के लोगों का इसका लाभ मिलेगा। इन गांवों में स्वास्थ्य सुविधा नहीं होने के कारण ग्रामीणों को उच्च हिमालयी क्षेत्र की दुर्गम रास्तों पर 110 किमी से अधिक सफर करने के बाद धारचूला पहुंचना पड़ता है। अस्पताल बने से लोगों को राहत मिलेगी।
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पर्यटकों को मिलेगी सुविधा
पिथौरागढ़। आदि कैलाश, कालापानी मंदिर, व्यास गुफा, नाभीढांग ओम पर्वत के दर्शन के लिए प्रत्येक वर्ष यहां बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। ऑक्सीजन की कमी और अन्य दिक्कतों के कारण पर्यटकों को एयर लिफ्ट कर धारचूला या पिथौरागढ़ पहुंचाना पड़ता है। यहां अस्पताल बनने के बाद पर्यटकों को राहत मिलेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आदि कैलाश आने के बाद यहां पर पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू होना अच्छी खबर है। संवाद
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कोट
गुंजी में पीएचसी का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। कार्यदायी संस्था को तय समय में अस्पताल का निर्माण कार्य पूरा करने और गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए हैं। - डॉ. एचएस ह्यांकी, सीएमओ पिथौरागढ़।
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भारत सरकार ने वाइब्रेंट विलेज के तौर पर पिथौरागढ़ जिले के 10,500 फुट की ऊंचाई पर स्थित गुंजी गांव का चयन किया। यहां 3.89 करोड़ की लागत से पीएचसी और चिकित्सकों और अन्य स्टाफ के रहने के लिए ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण कार्य किया जाना है। कार्यदायी संस्था पहले चरण पीएचसी का भवन बना रही है। जल्द ही वह ट्रांजिट हॉस्टल का भी निर्माण शुरू करेगी।
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वर्तमान में पीएचसी भवन का करीब 20 प्रतिशत कार्य कर लिया गया है। बदहाल सड़क होने के कारण यहां पर सामान, मजदूर आदि पहुंचाने में कार्यदायी संस्था को दिक्कत हो रही है। यहां पर अस्पताल बनने से व्यास वैली के सात गांव बूंदी, गर्ब्यांग, नपलच्यू, रोगकांग, गुंजी, नाभी, कुटी गांवों के लोगों का इसका लाभ मिलेगा। इन गांवों में स्वास्थ्य सुविधा नहीं होने के कारण ग्रामीणों को उच्च हिमालयी क्षेत्र की दुर्गम रास्तों पर 110 किमी से अधिक सफर करने के बाद धारचूला पहुंचना पड़ता है। अस्पताल बने से लोगों को राहत मिलेगी।
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पर्यटकों को मिलेगी सुविधा
पिथौरागढ़। आदि कैलाश, कालापानी मंदिर, व्यास गुफा, नाभीढांग ओम पर्वत के दर्शन के लिए प्रत्येक वर्ष यहां बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। ऑक्सीजन की कमी और अन्य दिक्कतों के कारण पर्यटकों को एयर लिफ्ट कर धारचूला या पिथौरागढ़ पहुंचाना पड़ता है। यहां अस्पताल बनने के बाद पर्यटकों को राहत मिलेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आदि कैलाश आने के बाद यहां पर पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू होना अच्छी खबर है। संवाद
कोट
गुंजी में पीएचसी का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। कार्यदायी संस्था को तय समय में अस्पताल का निर्माण कार्य पूरा करने और गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए हैं। - डॉ. एचएस ह्यांकी, सीएमओ पिथौरागढ़।