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खाली बर्तनों के साथ फूंका जल संस्थान का पुतला
ब्यूरो/अमर उजाला, थल
Updated Tue, 05 Jul 2016 10:45 PM IST
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जल संस्थान का पुतला फूंकते ग्रामीण
- फोटो : अमर उजाला
पेयजल किल्लत से जूझ रहे सत्यालगांव के ग्रामीणों ने खाली बर्तन हाथ में लेकर जल संस्थान का पुतला फूंका। कहा कि पेयजल योजना पांच दिन से ध्वस्त पड़ी है, लेकिन अब तक इसमें सुधार की कोई कोशिश नहीं की गई है।
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सत्याल गांव के उप प्रधान के नेतृत्व में थल बाजार में एकत्र हुए ग्रामीणों ने जल संस्थान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कहा कि आपदा के कारण नैना देवी सत्याल गांव पेयजल योजना ध्वस्त हो चुकी है। बावजूद इसके विभाग कुंभकरणी नींद सोया है। पानी न होनेे से ग्रामीणों को पैदल चलकर पेयजल व्यवस्था के इंतजाम करने पड़ रहे है।
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प्रधान ने बताया कि अन्य पेयजल योजनाएं भी जगह-जगह टूट गई हैं। ग्रामीण बरसात का पानी पीने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि यदि विभाग शीघ्र क्षतिग्रस्त पेयजल लाइनों की मरम्मत का कार्य शुरू नहीं करता है तो विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन किया जाएगा। पुतला दहन में व्यापार मंडल के बलवंत सत्याल, महिपाल सत्याल, अलमिया, दिनेश गोस्वामी, गणेश मेहता, मोतिमा देवी, मोहनी देवी, कलावती देवी, मालती देवी, किरण देवी आदि थे।
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