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पोर्टरों का शोषण का आरोप लगाते हुए किया प्रदर्शन
Updated Wed, 13 Jun 2018 11:16 PM IST
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धारचूला (पिथौरागढ़)। कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान पौनी पोर्टर्स के मेहनताने में कमीशन काटकर शोषण करने का कथित आरोप लगाते हुए सीमांत के पोर्टर्स ने कुमाऊं मंडल विकास निगम के खिलाफ प्रदर्शन कर धरना दिया।
ब्लॉक सभागार में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में चल रही उत्तराखंड पोनी पोर्टर्स यूनियन की बैठक का विरोध करते हुए हुए पोर्टरों ने प्रदर्शन करने के साथ ही धरना दिया। इस दौरान भाजपा नेता महेंद्र बुदियाल ने कहा कि गत वर्ष पोर्टरों के करीब आठ लाख रुपये काटे गए और हिसाब मांगने पर निगम बहानेबाजी कर रहा है। कहा कि आरटीआई में भी कोई सूचना नहीं दी जा रही है। नैनीताल से फाइल मंगाने की बात की जा रही है, जबकि यात्रा का पूरा विवरण धारचूला में रहता है।
आंदोलन को लीला बनंग्याल, उर्मिला दाबरा, सुमन वर्मा ने समर्थन दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। डीएम सी रविशंकर ने लोगों को समझाते हुए कहा कि यात्रा से पहले इस प्रकार के विरोध से नकारात्मक संदेश जाता है। यह मामला पहले उठाना चाहिए था। आश्वासन दिया कि जीएम लेबल के अधिकारी को बुलाकर समाधान का प्रयास करेंगे।
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ब्लॉक सभागार में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में चल रही उत्तराखंड पोनी पोर्टर्स यूनियन की बैठक का विरोध करते हुए हुए पोर्टरों ने प्रदर्शन करने के साथ ही धरना दिया। इस दौरान भाजपा नेता महेंद्र बुदियाल ने कहा कि गत वर्ष पोर्टरों के करीब आठ लाख रुपये काटे गए और हिसाब मांगने पर निगम बहानेबाजी कर रहा है। कहा कि आरटीआई में भी कोई सूचना नहीं दी जा रही है। नैनीताल से फाइल मंगाने की बात की जा रही है, जबकि यात्रा का पूरा विवरण धारचूला में रहता है।
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आंदोलन को लीला बनंग्याल, उर्मिला दाबरा, सुमन वर्मा ने समर्थन दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। डीएम सी रविशंकर ने लोगों को समझाते हुए कहा कि यात्रा से पहले इस प्रकार के विरोध से नकारात्मक संदेश जाता है। यह मामला पहले उठाना चाहिए था। आश्वासन दिया कि जीएम लेबल के अधिकारी को बुलाकर समाधान का प्रयास करेंगे।
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