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बुजुर्ग समाजसेवी ने सीएम, राष्ट्रपति को पत्र भेजा
Updated Thu, 22 Mar 2018 11:12 PM IST
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पिथौरागढ़। पंचेश्वर घाटी के बुजुर्ग सामाजिक कार्यकर्ता सोबी चंद ने मुख्यमंत्री और राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर पंचेश्वर घाटी के विकास की गुहार लगाई है। ज्ञापन में उन्होंने पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस) की सुविधाओं का मामला भी उठाया है।
सल्ला निवासी 76 वर्षीय समाजसेवी चंद ने मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को भेजे पत्र में कहा है कि चंपावत जिले की सीमा से लगा पंचेश्वर क्षेत्र असुविधाओं से जूझ रहा है। इलाके में बिजली की लाइन हमेशा खराब रहती है। स्थिति यह है कि 3 से 7 मार्च तक इलाके में बिजली नहीं थी। इसके अलावा प्रतिदिन बमुश्किल 4 से 6 घंटे बिजली मिलती है। उन्होंने पंचेश्वर घाटी की बिजली की लाइन को चंपावत जिले से जोड़ने की मांग की है।
साथ ही पंचेश्वर को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित कराने के साथ ही कई मांगें मुख्यमंत्री के सामने उठाई हैं। राष्ट्रपति को भेजे पत्र में चंद ने ईसीएचएस का मामला उठाया है। कहा है कि निजी अस्पतालों के लिए बुजुर्ग पूर्व सैनिकों को रेफर किया जाता है। आरोप लगाया कि निजी अस्पतालों में बुजुर्ग सैनिकों के साथ अभद्र व्यवहार होता है। परीक्षण के नाम पर लंबे-चौड़े बिल वसूले जाते हैं।
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सल्ला निवासी 76 वर्षीय समाजसेवी चंद ने मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को भेजे पत्र में कहा है कि चंपावत जिले की सीमा से लगा पंचेश्वर क्षेत्र असुविधाओं से जूझ रहा है। इलाके में बिजली की लाइन हमेशा खराब रहती है। स्थिति यह है कि 3 से 7 मार्च तक इलाके में बिजली नहीं थी। इसके अलावा प्रतिदिन बमुश्किल 4 से 6 घंटे बिजली मिलती है। उन्होंने पंचेश्वर घाटी की बिजली की लाइन को चंपावत जिले से जोड़ने की मांग की है।
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साथ ही पंचेश्वर को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित कराने के साथ ही कई मांगें मुख्यमंत्री के सामने उठाई हैं। राष्ट्रपति को भेजे पत्र में चंद ने ईसीएचएस का मामला उठाया है। कहा है कि निजी अस्पतालों के लिए बुजुर्ग पूर्व सैनिकों को रेफर किया जाता है। आरोप लगाया कि निजी अस्पतालों में बुजुर्ग सैनिकों के साथ अभद्र व्यवहार होता है। परीक्षण के नाम पर लंबे-चौड़े बिल वसूले जाते हैं।
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