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पिथौरागढ़ के निजी अस्पताल पूरे दिन रहे बंद
Updated Tue, 02 Jan 2018 10:22 PM IST
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पिथौरागढ़। नेशनल मेडिकल काउंसिल के गठन के विरोध में मंगलवार को जिले के सभी निजी अस्पताल बंद रहे। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने राष्ट्रीय स्तर पर इसका विरोध किया है। निजी अस्पतालों के बंद होने से मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। अलबत्ता सरकारी अस्पतालों में कामकाज हुआ।
आईएमए की स्थानीय इकाई के नेशनल मेडिकल काउंसिल बिल के विरोध में मंगलवार को काला दिवस मनाया। कहा कि इस बिल के आने के बाद चिकित्सा सेवाओं की दुर्दशा हो जाएगी। जिले के कई मरीज निजी अस्पतालों में ही इलाज कराते हैं।
मंगलवार को निजी डॉक्टरों ने अपने अस्पताल बंद रखे और कोई काम नहीं किया। आईएमए के अध्यक्ष डॉ. त्रिभुवन प्रसाद और सचिव डॉ. जगदीश गड़कोटी ने कहा कि विरोध सफल रहा और केंद्र सरकार को इस मुद्दे पर फिर से विचार करना होगा। अकेले जिला मुख्यालय में छोटे-बड़े दस निजी अस्पताल हैं।
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आईएमए की स्थानीय इकाई के नेशनल मेडिकल काउंसिल बिल के विरोध में मंगलवार को काला दिवस मनाया। कहा कि इस बिल के आने के बाद चिकित्सा सेवाओं की दुर्दशा हो जाएगी। जिले के कई मरीज निजी अस्पतालों में ही इलाज कराते हैं।
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मंगलवार को निजी डॉक्टरों ने अपने अस्पताल बंद रखे और कोई काम नहीं किया। आईएमए के अध्यक्ष डॉ. त्रिभुवन प्रसाद और सचिव डॉ. जगदीश गड़कोटी ने कहा कि विरोध सफल रहा और केंद्र सरकार को इस मुद्दे पर फिर से विचार करना होगा। अकेले जिला मुख्यालय में छोटे-बड़े दस निजी अस्पताल हैं।
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