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हैंडपंप से पानी ढोकर बुझा रहे प्यास
/ब्यूरो/ अमर उजाला, पौड़ी।
Updated Wed, 29 Mar 2017 10:11 PM IST
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हैंडपंप
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गर्मी शुरू होते ही मल्लीगांव के 80 परिवारों के सामने पेयजल संकट पैदा हो गया है। पांच दिनों से योजना पर पेयजल सप्लाई ठप होने से ग्रामीण आधा किमी दूर हैंडपंप से पानी ढो कर प्यास बुझाने को मजबूर हैं।
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पौड़ी के श्रीनगर-पौड़ी राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित ग्रामपंचायत डोभ श्रीकोट के मल्ली गांव में पांच दिनों से पेयजल सप्लाई बंद पड़ी है। ग्रामीणों का कहना है कि 13 वर्ष पूर्व गांव के लिए गडोली गदेरे से करीब तीन किमी एकल पेयजल योजना का निर्माण करवाया गया। शुरू में तो योजना पर ठीक पानी चला लेकिन धीरे-धीरे स्रोत पर पानी कम होने लगा।
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अब हर साल गर्मियों में पेयजल संकट से जूझना पड़ता है। रेखा देवी कहती हैं कि योजना का स्रोत मोटर मार्ग के पास गदेरे में होने से आए दिन लोगों की ओर से मलबा ट्रकों में भर कर गदेरे में डाला जाता है। इससे स्रोत पर मलबा गिरने से योजना पर आए दिन आपूर्ति बंद हो जाती है। ग्राम प्रधान विजेंद्र सिंह ने बताया कि वर्तमान में भारत गैस गोदाम के निर्माण कार्य के मलबे और सड़क किनारे ओएफसी के खुदान से योजना व इनटेक टैंक क्षतिग्रस्त हो गया है।
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उन्होंने कहा कि गांव के लिए पेयजल योजना निर्माण के लिए कई बार क्षेत्र पंचायत की बैठक में भी प्रस्ताव रखा गया लेकिन किंतु आज तक विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। पेयजल निगम के अधिशासी अभियंता संदीप कश्यप का कहना है कि एकल पेयजल योजनाओं की मरम्मत के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। बजट मिलने के बाद योजना पर कार्य करवाया जाएगा।