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दुष्कर्म के आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई पुलिस

Thu, 24 Jun 2021 07:33 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Thu, 24 Jun 2021 07:33 PM IST
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Police could not arrest the accused of rape
थाना क्षेत्र थलीसैंण के एक गांव में नवजात को डाटपुल के नीचे छोड़ने संबंधी मामले में पुलिस जांच में सुस्ती दिखा रही है। पुलिस अभी तक पोक्सो के तहत दुष्कर्म के आरोपी युवक को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। जांच में प्रसूता नाबालिग निकली थी। नाबालिग प्रसूता को कन्या बाल संप्रेक्षण गृह कोटद्वार भेज दिया गया है। वहीं एसएसपी का कहना है कि दुष्कर्म के आरोपी युवक को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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थाना क्षेत्र थलीसैंण के एक गांव में डाटपुल के नीचे गत 14 जून को एक दिन की नवजात बच्ची मिली थी। ग्रामीणों की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने नवजात को उपचार के लिए सीएचसी थलीसैंण में भर्ती कराया था, जहां चिकित्सकों ने नवजात को बेस अस्पताल श्रीनगर रेफर कर दिया था। पुलिस जांच में प्रसूता एक नाबालिग निकली थी, जिस पर पुलिस ने उसके खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया था। इसके बाद नाबालिग प्रसूता के पिता ने क्षेत्र के ही एक युवक के खिलाफ बेटी से दुष्कर्म के आरोप में शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने पोक्सो एक्ट के तहत दुष्कर्म के आरोप में क्षेत्र के एक युवक के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया था। लेकिन चार दिन बाद भी आरोपी युवक गिरफ्तार नहीं हो पाया है। एसएसपी पी. रेणुका देवी ने बताया कि मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है। आरोपी युवक को जल्द की गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि नाबालिग प्रसूता को कन्या बाल संप्रेक्षण गृह कोटद्वार भेज दिया है।
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नवजात को शिशु निकेतन भेजने की तैयारी
जिला बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष इंदु वशिष्ठ ने बताया कि नवजात बच्ची पूरी स्वस्थ हो गई है, लेकिन पुलिस कार्रवाई पूरी नहीं होने के चलते नवजात को शिशु निकेतन भेजने में देरी हो रही है। बताया कि नवजात के माता-पिता की पुष्टि के लिए डीएनए टेस्ट होना है, लेकिन आरोपी युवक अभी पकड़ा नहीं गया है। अध्यक्ष वशिष्ठ ने बताया कि नवजात, माता-पिता के डीएनए टेस्ट के बाद ही नवजात को शिशु निकेतन भेजने की प्रक्रिया शुरू हो पाएगी।
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